तेज हवा, गरज-चमक और बारिश के दौरान कुशीनगर के हाटा कस्बे में बिजली गिरने से जहां मां-बेटे की मौत हो गई वहीं बस्ती में झोपड़ी की दीवार गिरने से दो किसानों की मौत हो गई। इसी क्रम में गोरखपुर के गोला क्षेत्र में पेड़ गिरने से एक शख्स की जान चली गई।
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आंधी से गिरा पेड़।
- फोटो : अमर उजाला।
कुशीनगर में शुक्रवार की सुबह पांच बजे तेज हवा के साथ बारिश शुरू हुई। इसी दौरान बिजली गिरने से हाटा नगर के करमहा नगर वार्ड में तिरपाल के नीचे बैठी कन्हैया की पत्नी ज्योति (45) और उनके पुत्र कृष्णा (12) की मौत हो गई।
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बस्ती में गिरा पेड़।
- फोटो : अमर उजाला।
उधर, बस्ती के विशुनपुर गांव में किसान बुधराम (60) और रामसूरत मौर्य (40) खेत में गए थे। इसी दौरान आंधी के साथ बारिश होने लगी। दोनों बचने के लिए एक मड़ई के पास छिप गए, लेकिन आंधी में झोपड़ी उड़ गई और अचानक दीवार ढहने से दोनों दब गए। अस्पताल ले जाने के दौरान रास्ते में ही दोनों की मौत हो गई। इसी क्रम में गोरखपुर के गोला क्षेत्र में आंधी-बारिश के दौरान पेड़ गिर जाने से एक शख्स की जान चली गई।
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बारिश के बाद जलजमाव।
- फोटो : अमर उजाला।
मौसम अगले तीन चार दिन और रहेगा खराब
शुक्रवार सुबह की शुरुआत आंधी-पानी के साथ हुई। आकाश में काले-काले बादल छाए और फिर झमाझम बारिश शुरू हो गई। वहीं तकरीबन 60 किलोमीटर की रफ्तार से तेज हवाएं चलीं। आंधी की वजह से कई इलाकों में होर्डिंग-बैनर उखड़ गए। करीब आधे घंटे की तेज बारिश से शहर के विभिन्न इलाकों में जलभराव हो गया। बिजली विभाग ने एहतियातन बिजली काट दी। मौसम विशेषज्ञों के अनुसार अगले तीन चार दिनों तक मौसम का मिजाज ऐसा ही रहेगा।
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बारिश में सड़कों पर कुछ इस तरह दिखे लोग।
- फोटो : अमर उजाला।
इस बार खूब सक्रिय हुआ पश्चिमी विक्षोभ
इस बार पश्चिमी विक्षोभ पिछले वर्षों की तुलना में ज्यादा सक्रिय हुआ है। अफगानिस्तान के ऊपर पश्चिमी विक्षोभ के सक्रियता के प्रभाव से राजस्थान के ऊपर चक्रवाती हवाएं बन रही हैं। दोनों सिस्टम मध्यप्रदेश होते हुए पश्चिमी उत्तर प्रदेश समेत हिमालय के तराई क्षेत्रों के ऊपर तक छा रहे हैं। मौसम विशेषज्ञ कैलाश पांडेय ने बताया कि सिस्टम काफी ज्यादा मजबूत रह रहा है। इस वजह से बारिश की मात्रा भी ज्यादा है।