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नाटक में दिखी चाणक्य की प्रतिज्ञा, सभी बजाते रह गए तालियां
ब्यूरो/अमर उजाला, चंडीगढ़
Updated Wed, 19 Apr 2017 11:39 PM IST
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Tagore theater Program
सात्विक आर्ट सोसायटी की ओर से सेक्टर-18 स्थित टैगोर थिएटर में चाणक्य नाटक का मंचन किया गया। नाटक में दिखाया गया कि चाणक्य को जब राजा नंद बेइज्जत करते हैं तो वह अपनी शिखा खोल लेते हैं और उसका सर्वनाश करने के बाद ही वह शिखा बांधने की कसम खाते हैं।
इसके बाद वह चंद्रगुप्त मौर्य को उसके खिलाफ तैयार करते हैं और नंद को हराकर अपना बदला लेते हैं। नाटक में चाणक्य नीति को बहुत ही जीवंतता से दिखाया गया। तक्षशिला में चाणक्य के जीवन से नाटक का शुभारंभ हुआ। नाटक में कलाकारों ने दर्शाया कि चाणक्य ने चंद्रगुप्त को भारत वर्ष का राजा बनाने की घोषणा करते हैं। जो मगध के राजा के साथ लड़ने का भी चाणक्य का एक योजना थी।
इसमें चंद्रगुप्त मौर्य जीत हासिल करता है। इसके बाद चाणक्य अपनी शिखा बांधते हैं। नाटक में शुभम, दुर्गेश अटवाल, ज्योति बंसल, सैय्यद अलीम, सरवर अली, राजा सुब्रह्मण्यम, सुमन कुमार, अमन गिल और डॉ. राजन गुप्ता अभिनय किया।
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इसके बाद वह चंद्रगुप्त मौर्य को उसके खिलाफ तैयार करते हैं और नंद को हराकर अपना बदला लेते हैं। नाटक में चाणक्य नीति को बहुत ही जीवंतता से दिखाया गया। तक्षशिला में चाणक्य के जीवन से नाटक का शुभारंभ हुआ। नाटक में कलाकारों ने दर्शाया कि चाणक्य ने चंद्रगुप्त को भारत वर्ष का राजा बनाने की घोषणा करते हैं। जो मगध के राजा के साथ लड़ने का भी चाणक्य का एक योजना थी।
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इसमें चंद्रगुप्त मौर्य जीत हासिल करता है। इसके बाद चाणक्य अपनी शिखा बांधते हैं। नाटक में शुभम, दुर्गेश अटवाल, ज्योति बंसल, सैय्यद अलीम, सरवर अली, राजा सुब्रह्मण्यम, सुमन कुमार, अमन गिल और डॉ. राजन गुप्ता अभिनय किया।
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