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Chandigarh News: पंजाब में 14 हजार अवैध कॉलोनियों के प्लॉट नियमित करने के लिए 15 से पंजीकरण
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-बैंक के माध्यम से दिया गया बयाना भी प्रॉपर्टी की खरीद-फरोख्त में शामिल होगा
-प्लॉटों के पंजीकरण से लाखों लोगों को मिलेगा अपनी संपत्ति का मालिकाना हक
अमर उजाला ब्यूरो
चंडीगढ़। पंजाब में 14 हजार अवैध कॉलोनियों के प्लॉट नियमित करने के लिए पंजीकरण की प्रक्रिया 15 सितंबर से शुरू होगी। इसे लेकर पंजाब सरकार ने निकाय विभाग, तहसीलों और संबंधित अधिकारियों को दिशा-निर्देश जारी किए हैं।
साथ ही सीएम भगवंत मान ने नई बनीं अवैध कॉलोनियों पर सख्ती के आदेश भी दिए हैं। पंजाब विधानसभा के मानसून सत्र में पेश किए गए- द पंजाब अपार्टमेंट एंड प्रॉपर्टी रेगुलेशन अमेंडमेंट एक्ट-2024 को मंजूरी दी गई थी। अब 500 गज तक के प्लॉटों की पंजीकरण की प्रक्रिया में एनओसी की शर्त को पूरी तरह खत्म कर दिया है। इन 14 हजार अवैध कॉलोनियों में प्लॉटों के पंजीकरण से लाखों लोगों को अपनी संपत्ति का मालिकाना हक मिलने का रास्ता साफ होगा।
बड़ी बात यह कि सीएम ने यह स्पष्ट कर दिया है कि बैंक के माध्यम से प्रॉपर्टी के खरीद के लिए दिए गए बयाने को भी पंजीकरण प्रक्रिया में शामिल किया जाएगा। यानी अगर किसी व्यक्ति ने बैंक के माध्यम से 31 जुलाई, 2024 तक प्रॉपर्टी खरीद के लिए बयाना दिया है, लेकिन तब इसकी कानूनी प्रक्रिया पूरी नहीं हो पाई थी। अब उस बैंक ट्रांजेक्शन के जरिये भी प्रॉपर्टी के पंजीकरण की प्रक्रिया कराई जा सकेगी। इसके अलावा सेल डीड या अन्य किसी पक्के कागज पर प्रॉपर्टी की खरीद-फरोख्त हुई है, उसके आधार पर भी रजिस्ट्री कराई जा सकेगी। पंजाब सरकार ने अवैध कॉलोनियों के प्लॉटों के रजिस्ट्री कराने के लिए दो नवंबर तक का समय निर्धारित किया है।
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एमसी लिमिट के अंदर प्लॉटों की रजिस्ट्रेशन पर अड़चन
एमसी लिमिट के अंदर बनीं अवैध कॉलोनियों में प्लॉटों के रजिस्ट्रेशन प्रक्रिया को लेकर लोगों के मन में काफी सवाल उठ रहे हैं। मोहाली, खरड़ और प्रदेश के अन्य कई हिस्सों में एमसी लिमिट के अंदर कटी अवैध कॉलोनियों में प्लॉटों की रजिस्ट्री के लिए दिशा-निर्देश स्पष्ट नहीं होने के कारण अधिकारी भी दुविधा में हैं। खरड़ निकाय विभााग के अफसरों का कहना है कि अब तक सरकार की ओर से इसको लेकर स्पष्ट अधिसूचना जारी नहीं हुई है, ऐसे में एसओपी का इंतजार किया जा रहा है।
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-प्लॉटों के पंजीकरण से लाखों लोगों को मिलेगा अपनी संपत्ति का मालिकाना हक
अमर उजाला ब्यूरो
चंडीगढ़। पंजाब में 14 हजार अवैध कॉलोनियों के प्लॉट नियमित करने के लिए पंजीकरण की प्रक्रिया 15 सितंबर से शुरू होगी। इसे लेकर पंजाब सरकार ने निकाय विभाग, तहसीलों और संबंधित अधिकारियों को दिशा-निर्देश जारी किए हैं।
साथ ही सीएम भगवंत मान ने नई बनीं अवैध कॉलोनियों पर सख्ती के आदेश भी दिए हैं। पंजाब विधानसभा के मानसून सत्र में पेश किए गए- द पंजाब अपार्टमेंट एंड प्रॉपर्टी रेगुलेशन अमेंडमेंट एक्ट-2024 को मंजूरी दी गई थी। अब 500 गज तक के प्लॉटों की पंजीकरण की प्रक्रिया में एनओसी की शर्त को पूरी तरह खत्म कर दिया है। इन 14 हजार अवैध कॉलोनियों में प्लॉटों के पंजीकरण से लाखों लोगों को अपनी संपत्ति का मालिकाना हक मिलने का रास्ता साफ होगा।
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बड़ी बात यह कि सीएम ने यह स्पष्ट कर दिया है कि बैंक के माध्यम से प्रॉपर्टी के खरीद के लिए दिए गए बयाने को भी पंजीकरण प्रक्रिया में शामिल किया जाएगा। यानी अगर किसी व्यक्ति ने बैंक के माध्यम से 31 जुलाई, 2024 तक प्रॉपर्टी खरीद के लिए बयाना दिया है, लेकिन तब इसकी कानूनी प्रक्रिया पूरी नहीं हो पाई थी। अब उस बैंक ट्रांजेक्शन के जरिये भी प्रॉपर्टी के पंजीकरण की प्रक्रिया कराई जा सकेगी। इसके अलावा सेल डीड या अन्य किसी पक्के कागज पर प्रॉपर्टी की खरीद-फरोख्त हुई है, उसके आधार पर भी रजिस्ट्री कराई जा सकेगी। पंजाब सरकार ने अवैध कॉलोनियों के प्लॉटों के रजिस्ट्री कराने के लिए दो नवंबर तक का समय निर्धारित किया है।
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एमसी लिमिट के अंदर प्लॉटों की रजिस्ट्रेशन पर अड़चन
एमसी लिमिट के अंदर बनीं अवैध कॉलोनियों में प्लॉटों के रजिस्ट्रेशन प्रक्रिया को लेकर लोगों के मन में काफी सवाल उठ रहे हैं। मोहाली, खरड़ और प्रदेश के अन्य कई हिस्सों में एमसी लिमिट के अंदर कटी अवैध कॉलोनियों में प्लॉटों की रजिस्ट्री के लिए दिशा-निर्देश स्पष्ट नहीं होने के कारण अधिकारी भी दुविधा में हैं। खरड़ निकाय विभााग के अफसरों का कहना है कि अब तक सरकार की ओर से इसको लेकर स्पष्ट अधिसूचना जारी नहीं हुई है, ऐसे में एसओपी का इंतजार किया जा रहा है।