पुलिस ने खोला सवा करोड़ की लूट में चौंकाने वाला सच
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एक्सिस बैंक की कैश वैन से 1.34 करोड़ की लूट की वारदात होने से बच सकती थी। यह दावा पुलिस ने प्रेस कांफ्रेंस में किया। आईजी ने बताया कि पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि वह कई दिनों से कैश वैन पर नजर रखे हुए थे। उन्होंने कै श वैन को लूटने का पूरा प्लान बनाया था, लेकिन रोजाना कैश वैन जिस समय से सेक्टर-34 से निकलती थी।
सोमवार सुबह वह उस समय बैंक से नहीं निकली। ऐसे में लुटेरों को लगा था कि आज शायद कैश वैन नहीं जाएगी। इसलिए वे वहां से जाने ही वाले थे। इसी बीच कैश वैन गेट के बाहर आ गई। इसके बाद आरोपियों ने चंडीगढ़ से ही कैश वैन का पीछा करना शुरू कर दिया। जैसे ही कैश वैन सेक्टर-80 से सुखगढ़ वाली न्यू रोड पर घुसी, उन्होंने पूरी प्लानिंग से गाड़ी का पीछा किया और मौका पाते ही गाड़ी पर अटैक कर दिया। इसके बाद व कैश वैन को लूटकर फरार हो गए थे।
गाड़ी को जलाने की कोशिश भी की
इसके साथ ही वह सबूतों को मिटाते चले गए थे। गांव सेखनमाजरा में पहुंचकर उन्होंने गाड़ी को जलाने की कोशिश भी की थी। इसके बाद वे तीन बैग में कैश लेकर भागे थे।
ट्राइसिटी की पुलिस में कोऑर्डिनेशन सिस्टम फेल
लूट की वारदात ने ट्राइसिटी की पुलिस में कोआर्डिनेशन होने की भी पोल खोल दी है। सेक्टर-79 में लुटेरों ने गन प्वाइंट पर प्रॉपर्टी डीलर से फॉरच्यूनर लूटी थी। फॉरच्यूनर पर गोली लगने से कई जगह निशान पड़े हुए थे।
इसके बाद कार लगातार पंचकूला और चंडीगढ़ में घूमती रही। कार पर चंडीगढ़ का सरकारी नंबर लगा हुआ था। इसके बाद भी तीन जगह की पुलिस लुटेरों को काबू नहीं कर पाई।