फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Varanasi News ›   weather impact Over 8,000 patients arrived for treatment with 10 percent suffering from seasonal ailments

मौसम में बदलाव का असर: एक दिन में आठ हजार से ज्यादा मरीज पहुंचे अस्पताल, डॉक्टरों ने सावधानी बरतने की दी सलाह

Mon, 05 Oct 2026 10:31 PM IST
Pragati Chand अमर उजाला नेटवर्क, वाराणसी।
अमर उजाला नेटवर्क, वाराणसी। Published by: Pragati Chand Updated Mon, 05 Oct 2026 10:31 PM IST
सार

वाराणसी में मौसम का बदलाव लोगों को बीमार बना रहा है। जिले के बड़े अस्पतालों में एक दिन में ही आठ हजार से ज्यादा मरीज इलाज के लिए पहुंचे। इनमें हर चौथा मरीज सर्दी, जुकाम से ग्रसित है। 

विज्ञापन
weather impact Over 8,000 patients arrived for treatment with 10 percent suffering from seasonal ailments
अस्पताल में इलाज कराने पहुंचे लोग - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

मौसम में बदलाव के बाद अब सुबह और रात में गुलाबी ठंड जैसा अहसास होने लगा है। दोपहर में तेज धूप भी लोगों की सेहत पर बुरा असर डाल रही है। सोमवार को बीएचयू सहित तीन बड़े सरकारी अस्पतालों में 8 हजार से ज्यादा मरीज पहुंचे। इसमें 10 फीसदी मरीज मौसमी बीमारियों वाले रहे। शुक्रवार को गांधी जयंती की छुट्टी से ओपीडी बंद रही। शनिवार को खुली तो भी जिउतिया व्रत की वजह से मरीज कम आए। रविवार के अवकाश के बाद सोमवार को अस्पताल खुला तो पर्चा काउंटर से लेकर जांच काउंटर तक भीड़ लगी रही।

विज्ञापन


अस्पताल से लेकर स्वास्थ्य केंद्र तक इन दिनों मौसमी बीमारियों वाले मरीज ज्यादा पहुंच रहे हैं। किसी को जुकाम हुआ है तो कोई सर्दी, गले में खराश से परेशान हैं। डॉक्टरों के अनुसार बड़ों के साथ ही बच्चों में भी यह समस्या बढ़ी है। फिजिशियन, बाल रोग की ओपीडी में आने वाला हर चौथा मरीज मौसमी बीमारियों से ग्रसित है। डॉक्टर भी बदलते मौसम में लोगों को सावधानी बरतने की सलाह दे रहे हैं। 
विज्ञापन


सोमवार को दीनदयाल उपाध्याय जिला अस्पताल, मंडलीय अस्पताल कबीरचौरा, शास्त्री अस्पताल रामनगर में भी पर्चा काउंटर पर मरीजों की भीड़ रही। यहां महिला, पुरुष अलग-अलग लाइन में लगकर पर्चा बनवाए, फिर ओपीडी में डॉक्टर को दिखाने पहुंचे। जिला, मंडलीय अस्पताल में अन्य विभागों की तुलना में बाल रोग, फिजिशियन की ओपीडी में भीड़ अधिक रही। जिन लोगों को जुकाम है, उनको डॉक्टर चेस्ट एक्सरे करवाने की सलाह दे रहे हैं।

विज्ञापन
विज्ञापन

ओपीडी में 20 से 30 बच्चों को समस्या
मंडलीय अस्पताल में बाल रोग विशेषज्ञ डॉ. सीपी गुप्ता का कहना है कि आम तौर पर 100 की संख्या ओपीडी में रहती है। पिछले तीन-चार दिन से 20 से 30 बच्चे मौसमी बीमारियों से ग्रसित वाले आ रहे हैं। सर्दी, जुकाम के साथ ही बच्चों में पेट संबंधी समस्या मिल रही है। अभिभावकों को जांच, इलाज के साथ ही सतर्कता बरतने की सलाह दी जा रही है।

युवाओं के साथ ज्यादा उम्र वाले भी 
जिला अस्पताल के फिजिशियन डॉ.मनीष यादव का कहना है कि मौसम का बदलाव बहुत सावधानी बरतने वाला होता है। सुबह-रात में ठंड जैसा अहसास और दिन में गर्मी। इसमें लापरवाही भारी पड़ सकती है। ओपीडी में सर्दी, जुकाम, बुखार वाले मरीजों की संख्या बढ़ी है। इसमें युवा से लेकर 40 साल से ज्यादा उम्र वाले लोग भी हैं।
 

सभी सरकारी अस्पतालों में फीवर हेल्प डेस्क है। इसके माध्यम से मौसमी बीमारियों से ग्रसित मरीजों की अलग सूची बनाई जा रही है। जब भी मौसम बदलता है तो सर्दी, जुकाम, गले में खराश के साथ ही बुखार वाले मरीजों की संख्या बढ़ती है। अस्पतालों में इलाज के साथ ही लोगों को मौसमी बीमारियों से बचाव के बारे में भी जागरूक किया जा रहा है। -डॉ. एनपी सिंह, सीएमओ

यह बरतें सावधानी

  • फ्रिज का पानी पीने और एसी में सोने से बचना चाहिए।
  • हल्का गुनगुना पानी पिएं, इससे जलजनित बीमारियों से बचा जा सकता है।
  • बहुत देर से ढका खाना खाने से बचें, जितना हो सके, ताजा खाना, फल का सेवन करें।
  • इम्यूनिटी बढ़ाने के लिए हरी सब्जियां, अदरक-तुलसी की चाय लेनी चाहिए।
  • सुबह टहलने वालों को ज्यादा सतर्कता बरतनी चाहिए।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed