फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Varanasi News ›   video leak of gyanvapi survey is a big conspiracy plaintiff said today will surrender the envelopes in court

Gyanvapi Survey Video Leaked: ज्ञानवापी सर्वे का वीडियो लीक होना बड़ी साजिश, वादी पक्ष बोला- आज करेंगे लिफाफों को कोर्ट में सरेंडर

Tue, 31 May 2022 12:11 AM IST
Vikas Kumar न्यूज डेस्क, अमर उजाला, वाराणसी
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, वाराणसी Published by: Vikas Kumar Updated Tue, 31 May 2022 12:11 AM IST
सार

हिंदू पक्ष के वकील हरिशंकर जैन और सुधीर त्रिपाठी ने बताया कि उन लोगों को जो लिफाफा मिला है, उसे अभी तक खोला नहीं गया है। ऐसे में यह बड़ा सवाल है कि वीडियो कैसे लीक हो गया।

विज्ञापन
video leak of gyanvapi survey is a big conspiracy plaintiff said today will surrender the envelopes in court
Gyanvapi Case - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

ज्ञानवापी मामले में सर्वेक्षण की रिपोर्ट और वीडियो की सीडी पक्षकारों को सौंपने के कुछ देर बाद ही रिपोर्ट लीक हो गई। सर्वे के वीडियो भी वायरल हो गए। इस मामले के सामने आने के बाद हिंदू पक्ष ने इससे पल्ला झाड़ लिया है और दावा किया कि सर्वे के वीडियो को किसी ने वायरल कर दिया है। इससे बहुत बड़ी साजिश की बू आ रही है। उन्होंने अपने चारों लिफाफे भी दिखाते हुए कहा कि लिफाफे अभी तक सील बंद हैं और वह इसे मंगलवार को कोर्ट में सरेंडर कर देंगे।

विज्ञापन


हिंदू पक्ष के वकील हरिशंकर जैन और सुधीर त्रिपाठी ने बताया कि उन लोगों को जो लिफाफा मिला है, उसे अभी तक खोला नहीं गया है। ऐसे में यह बड़ा सवाल है कि वीडियो कैसे लीक हो गया। कहा कि अब हम लोग अपने सभी लिफाफे मंगलवार को कोर्ट में सरेंडर कर देंगे। अब हम कोर्ट से इस बारे में शिकायत करेंगे। अदालत में शपथपत्र देने के बाद हिंदू पक्ष की तरफ से वादी पक्ष की पांच में से चार महिलाओं को सील बंद लिफाफे में रिपोर्ट की सीडी मिली थी। बताया जा रहा है कि शपथ पत्र नहीं देने के कारण दूसरे पक्ष को अभी रिपोर्ट या सीडी नहीं मिली है। 
विज्ञापन


मुस्लिम पक्ष के वकील अभय नाथ यादव ने कहा कि कोर्ट के मना करने के बाद भी वीडियो कैसे वायरल हो गया। यह आश्चर्य और जांच का विषय है और दुस्साहस की बात है कि कोर्ट के मना करने के बाद भी वीडियो को वायरल किया जा रहा है। जिसके-जिसके कस्टडी में यह वीडियो रखा गया है, वह सभी जांच के दायरे में हैं। जनमानस को भ्रमित करने के लिए वीडियो को वायरल किया जा रहा है और जनमानस में अशांति फैलाने की साजिश है। वीडियो लीक करना और सार्वजनिक करना अदालत के आदेश की भी अवहेलना है। इस पर अदालत में अपनी बात रखी जाएगी और शिकायत की जाएगी।

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed