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वाराणसी: आईआईटी की छात्रा से सामूहिक दुष्कर्म का मामला, अधिवक्ता के निधन पर टली सुनवाई , छह को होगी बहस
Mon, 05 Oct 2026 08:04 PM IST
Pragati Chand
अमर उजाला नेटवर्क, वाराणसी।
अमर उजाला नेटवर्क, वाराणसी।
Published by: Pragati Chand
Updated Mon, 05 Oct 2026 08:04 PM IST
सार
वाराणसी में आईआईटी बीएचयू की छात्रा से सामूहिक दुष्कर्म के मामले में सुनवाई टल गई। एक अधिवक्ता के निधन के चलते सुनवाई टली है। अब अदालत ने बहस के लिए 6 अक्तूबर की तिथि तय की है।
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सामूहिक दुष्कर्म के तीन आरोपी
- फोटो : अमर उजाला
विस्तार
आईआईटी बीएचयू की छात्रा के साथ सामूहिक दुष्कर्म के मामले में सोमवार को फास्टट्रैक कोर्ट (प्रथम) कुलदीप सिंह की अदालत में नियत सुनवाई टल गई। बार एसोसिएशन के एक अधिवक्ता के निधन के चलते शोक प्रस्ताव के कारण लंच के बाद न्यायिक कार्य स्थगित रहा, जिससे मामले में सुनवाई नहीं हो सकी। अदालत ने अंतिम बहस के लिए 6 अक्तूबर की तिथि नियत की है।
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इससे पूर्व अदालत ने आरोपित कुणाल पांडेय और सक्षम पटेल की ओर से सफाई साक्ष्य के रूप में अभिलेख दाखिल करने के लिए 10 दिन का अतिरिक्त समय मांगने संबंधी प्रार्थना पत्र को खारिज कर दिया था। अदालत ने बहस के लिए 5 अक्तूबर की तिथि तय की थी।
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सोमवार को सुनवाई के दौरान तीनों आरोपी अपने अधिवक्ताओं के साथ अदालत में उपस्थित रहे। अभियोजन पक्ष की ओर से सहायक जिला शासकीय अधिवक्ता (एडीजीसी) मनोज गुप्ता मौजूद रहे।
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प्रकरण के अनुसार, आरोपित कुणाल पांडेय और सक्षम पटेल के अधिवक्ताओं ने पूर्व में कोर्ट में आवेदन देकर तत्कालीन सुरक्षाकर्मी संतोष कुमार त्रिपाठी और सौरभ सिंह को सफाई साक्ष्य के गवाह के रूप में तलब करने की गुहार लगाई थी।
कोर्ट ने दोनों को तलब भी कर लिया था, लेकिन पिछली सुनवाई पर बचाव पक्ष ने नया प्रार्थना पत्र देकर दोनों गवाहों की गवाही न कराने की गुहार लगा दी। इस पर सख्त रुख अपनाते हुए अदालत ने बचाव पक्ष के सफाई साक्ष्य प्रस्तुत करने का अवसर समाप्त कर दिया था और सीधे बहस के लिए तिथि तय कर दी थी।