हमारा वार्ड: आजादी से पहले की सीवर और पेयजल लाइन के भरोसे 20 हजार लोग, दूषित जलापूर्ति बनी समस्या
तुलसीपुर के लोग सीवर और दूषित पेयजल की समस्याओं से जूझ रहे हैं। उन्हें हर दिन दिक्कतें होते हैं। शिकायतों के बावजूद ठोस समाधान नहीं हो पाया।
विस्तार
तुलसीपुर वार्ड में आजादी के पहले की सीवर और पेयजल पाइपलाइन पड़ी हुई है। अंडरग्राउंड केबल डालने के चक्कर में यहां की अधिकतर सीवर और पेयजल लाइनें टूट चुकी हैं। इस वजह से इस वार्ड में सीवर ओवरफ्लो और दूषित जलापूर्ति की समस्या पिछले कई साल से बनी हुई है। इससे तकरीबन 20 हजार की आबादी जूझ रही है।
इसी वार्ड में कैंट से भाजपा विधायक सौरभ श्रीवास्तव का घर है। उनके घर के आसपास भी समस्याओं की कमी नहीं है। इसके बावजूद यहां की जनता को समस्याओं से दो चार होना पड़ रहा है। इस वार्ड में कई बड़े निजी अस्पताल हैं। यहां बालिका इंटर काॅलेज निवेदिता शिक्षा सदन है। वार्ड में आरएसएस के कई बड़े पदाधिकारी आकर रुकते हैं। उनके कई कार्यक्रम होते हैं। इसके अलावा पाणिनी कन्या महाविद्यालय भी है।
इस वार्ड का मशहूर मोतीझील भी उपेक्षा का शिकार है। यहां लोगों ने धीरे धीरे कब्जा कर लिया है। यहां मोतीझील महल भी है। इसके गेट के ठीक बाहर कूड़े का अंबार लगा रहता है जो जाम का कारण बनता है। कई जगहों पर स्ट्रीट लाइटें खराब हैं। यहां सफाई भी नियमित नहीं होती। रविवार के दिन सफाई केवल मुख्य मार्गों पर ही होती है।
वार्ड के लोग बोले...
- इस इलाके में सीवर समस्या है। इसके अलावा दूषित जलापूर्ति से लोग परेशान हैं। कई बार शिकायत की गई लेकिन कोई सुनवाई नहीं हुई। - प्रवीण वर्मा
- यहां की सबसे बड़ी समस्या मोतीझील है। यहां लोग कूड़ा डालकर चले जाते हैं। नगर निगम को इसे बेहतर कुंड का स्वरूप देना चाहिए। - डॉ राजकुमार खरवार
- कई इलाकों में दूषित जलापूर्ति हो रही है। तुलसीपुर पानी की टंकी बंद हो गई है। यहां घरों में काफी गंदा पानी आ रहा है। - जियालाल बिंद
- इस वार्ड में सीवर और पेयजल की समस्या है। सीवर और पेयजल की जब तक पाइपलाइन नहीं डाली जाएगी, समस्या का समाधान नहीं होगा। - दीपक
| वार्ड का नाम | तुलसीपुर |
| वार्ड संख्या | 29 |
| आबादी | 45,000 |
| मतदाता | 15500 |
शहर के 18 पुराने जर्जर वार्डों को चुना गया है। जहां सीवर और पेयजल की लाइन बदलकर नए सिरे से डाली जाएगी। इसके तहत तुलसीपुर वार्ड को लिया गया है। इससे क्षेत्र में सीवर और दूषित जलापूर्ति की समस्याओं का समूल समाधान हो जाएगा। - अनूप कुमार सिंह, महाप्रबंधक जलकल
बोले अधिकारी
तुलसीपुर वार्ड को जर्जर वार्ड में शामिल किया गया है। यहां सीवर और पेयजल की समस्या है। इस वार्ड में करीब 40 करोड़ रुपये से नई सीवर और पेयजल लाइन डाली जाएगी। इससे दूषित जलापूर्ति की समस्या दूर होगी। क्षेत्र में सड़क, इंटरलाॅकिंग व स्ट्रीट लाइटों का कार्य कराया गया है। आने वाले बजट में सात लाख रुपये से स्ट्रीट लाइटें लगवाई जाएंगी। - कौशल्या देवी बिंद, पार्षद, तुलसीपुर वार्ड