फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Varanasi News ›   The water level of the Ganges increased again in Varanasi Boats stopped operating

वाराणसी में फिर उफान पर गंगा: नावों के संचालन पर रोक, जलस्तर 66.58 मीटर तक पहुंचा, डरे-सहमे लोग

Thu, 13 Oct 2022 02:33 PM IST
किरन रौतेला न्यूज डेस्क, अमर उजाला, वाराणसी
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, वाराणसी Published by: किरन रौतेला Updated Thu, 13 Oct 2022 02:33 PM IST
सार

बनारस में एक बार फिर गंगा उफान पर आ गई हैं। गुरुवार दोपहर गंगा का जलस्तर 66.58 मीटर तक पहुंच गया। गंगा में फिर से नाव का संचालन बंद हो गया है। घाटों पर भी पुलिस ने अलर्ट जारी कर दिया है। 

विज्ञापन
The water level of the Ganges increased again in Varanasi Boats stopped operating
गंगा के जलस्तर में फिर बढ़ोतरी - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

वाराणसी में एक बार फिर गंगा के जलस्तर में बढ़ोतरी दर्ज हुई है। गंगा में फिर से नाव का संचालन बंद हो गया है। घाटों पर भी पुलिस ने अलर्ट जारी कर दिया है। लोगों को घाट के पास जाने से रोका जा रहा है। 
विज्ञापन

पश्चिमी उत्तर प्रदेश में हो रही बरसात का असर अब बनारस में नजर आने लगा है। यमुना में बढ़ाव के कारण गंगा के जलस्तर में भी तेजी से बढ़ाव होने लगा है। हालत यह है कि बुधवार की शाम को एक बार फिर से बनारस के घाटों का आपसी संपर्क टूट गया था। गंगा के बढ़ते जलस्तर ने तटवासियों की चिंता फिर से बढ़ा दी है। 
विज्ञापन

सहायक पुलिस आयुक्त दशाश्वमेध के मुताबिक मांझी समाज की सहमति से गंगा में नौका संचालन पर रोक लगाई गई है। बताया कि गंगा के जलस्तर में लगातार हो रही बढ़ोत्तरी के चलते एहतियातन कदम उठाया गया है। देव दीपावली से पहले जिला प्रशासन के इस निर्णय से नाविक समाज में निराशा है।
विज्ञापन
विज्ञापन

केदारघाट निवासी मुकेष साहनी ने बताया कि गंगा के जलस्तर का हवाला देकर बार बार नाव को चलाने से रोक दिया जा रहा है। बताया कि नाव परिचालन से नाविक समाज का पेट पलता है। प्रशासन के निणय से परेशानी हो रही है। 

The water level of the Ganges increased again in Varanasi Boats stopped operating
वाराणसी में फिर से बढ़ने लगा गंगा का जलस्तर - फोटो : अमर उजाला
केंद्रीय जल आयोग के अनुसार जारी बाढ़ बुलेटिन के अनुसार मंगलवार की रात से गंगा के जलस्तर में बढ़ाव शुरू हुआ और बुधवार को सुबह आठ बजे जलस्तर 65.42 मीटर पहुंच गया। जो गुरुवार दोपहर तक 66.58 मीटर पहुंच गया।
गंगा में अचानक हुई बढ़ोत्तरी के कारण हरिश्चंद्र घाट पर बाबा मसाननाथ का मंदिर फिर से डूब गया है। बगल में स्थित चरण पादुका स्थल भी गंगा में समाहित हो चुका है लेकिन छत का हिस्सा बाकी है। हरिश्चंद्र घाट, लाली घाट, केदारघाट, दशाश्वमेध घाट, त्रिपुरा भैरवी, सिंधिया घाट से गणेश घाट जाने का रास्ता जलमग्न होने से आपसी संपर्क भी टूट गया है। स्थानीय लोगों का कहना है कि घाटों की कई सीढ़ियां फिर से डूब गई हैं वहीं, उस पार रेत भी पूरी तरह से जलमग्न हो गई है। 

देव दीपावली की तैयारियों को झटका
गंगा के जलस्तर में बढ़ाव के कारण पानी मटमैला हो गया है और पानी के साथ गंदगी भी बहकर आई है। पानी बढ़ने से देव दीपावली की तैयारियों को झटका लगा है। सात नवंबर को देव-दीपावली का आयोजन होना है और बाढ़ के बाद से अभी तक मिट्टी और गाद पूरी तरह से हटाए नहीं गए हैं। देव दीपावली से पहले घाटों और मंदिरों की साफ-सफाई की जानी है लेकिन बढ़ाव के कारण देव-दीपावली की तैयारी अभी तक शुरू नहीं हो पाई है।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed