कारोबार में घाटे पर स्पोर्टस उद्यमी ने फंदे से लटक कर दी जान
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बलिया जिले के रेवती नगर के उत्तर टोला के एक स्पोर्टस उद्यमी प्रेमशंकर पांडेय ने रविवार को अपने कमरे में फंदे से लटक कर जान दे दी। सूचना पर पहुंची पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। व्यवसाय में घाटे को लेकर प्रेमशंकर परेशान चल रहे थे। बताते चलें कि प्रेमशंकर फरीदाबाद में स्पोर्ट्स आईटम बनाने की फैक्ट्री संचालित करते थे। ग्रामीणों के अनुसार बढ़ती प्रतिस्पर्धा के दौर में प्रेम शंकर अपनी कंपनी को चला नहीं पाए और घाटा के कारण उसे बंद करना पड़ा।
इस दौरान उनपर कर्ज भी काफी हो गया था, जिससे परेशान होकर लगभग एक या सवा माह पहले ही गांव लौटे थे। गांव लौटने के बाद भी गांव के लोगों से मिलने-जुलने की बजाय अक्सर घर में ही बंद रहते थे। प्रेमशंकर पांडेय (67) रविवार की सुबह खाना खाने के बाद रोजाना की तरह अपना कमरा बंदकर सो गए। शाम को उनके चचेरे भाई मायाशंकर पांडेय बलिया से आने के बाद चाय पीने के लिए जब उन्हें आवाज लगाई तो कोई उत्तर नहीं मिला। दरवाजा खटखटाने और बार-बार आवाज लगाने के बाद भी किसी प्रकार का उत्तर नहीं मिला तो उन्हें संदेह हुआ।
उन्होंने लोगों की उपस्थिति में दरवाजा तोड़ा तो अंदर का दृश्य देख हक्का बक्का रह गए। प्रेमशंकर का शव छत में लगे हुक से नायलान की रस्सी के सहारे लटका हुआ था। सूचना पर पहुंची पुलिस ने शव को उतार कर उसे पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। मृतक का एक पुत्र है जो इस समय अमेरिका में है। पत्नी 14 फरवरी को पुत्रवधू के पास मुंबई गई है। गांव वालों के अनुसार उनके एक चचेरे भाई जो बलिया में कहीं रहते हैं उनको सुसाइड की जानकारी दी गई तो आए और शव को पोस्टमार्टम के लिए लेकर चले गए। वहीं से घाट पर ले जाकर अंतिम संस्कार भी कर दिया।
गांव के लोगों के अनुसार प्रेम शंकर पांडेय के पिता बलराम पांडेय रेवती नगर पंचायत के सभासद रहे और उनके पास ठीकठाक संपत्ति भी थी। जब वे नहीं रहे तो लगभग 25 से 30 साल पहले प्रेम शंकर अपने परिवार को लेकर फरीदाबाद चले गए और वहीं के होकर रह गए। इसके बाद उन्होंने गांव का रुख किया ही नहीं।