Shivling In Gyanvapi: अखिलेश यादव, ओवैसी और अकबरुद्दीन पर मुकदमा दर्ज होगा या नहीं, आज अदालत में होगी सुनवाई
धार्मिक भावनाएं भड़काने समेत कई अन्य आरोपों में अखिलेश यादव, असदुद्दीन ओवैसी और उनके भाई समेत आठ नामजद और दो हजार अज्ञात के खिलाफ मुकदमा दर्ज करने की मांग की गई है। मामले की सुनवाई अपर मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट पंचम की अदालत में आज होगी।
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धार्मिक भावनाओं को आहत करने के आरोप में एआईएमआईएम चीफ असदुद्दीन ओवैसी और सपा प्रमुख अखिलेश यादव सहित अन्य पर मुकदमा दर्ज करने की मांग पर बृहस्पतिवार को सुनवाई होगी। अपर मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट पंचम ने फौजदारी के अधिवक्ता हरिशंकर पांडेय के आवेदन पर सुनवाई के बाद तय होगा कि मामला सुनने योग्य है या नहीं।
ज्ञानवापी परिसर में शिवलिंग मिलने के दावे के बाद अपर मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट पंचम की अदालत में सीआरपीसी की धारा 156-3 के तहत आवेदन देकर कहा गया है कि वजूखाने में जाकर हाथ पैर धोना और शिवलिंग वाली जगह पर गंदा पानी जाना आस्था पर कुठाराघात है।
यह भी कहा गया है कि शिवलिंग को फव्वारा कहकर विद्वेष फैलाने का प्रयास किया गया। सपा मुखिया अखिलेश यादव ने पीपल के पेड़ के नीचे पत्थर रखने संबंधी बयान देकर लोगों की धार्मिक भावनाओं को आहत किया। असदुद्दीन ओवैसी व उनके भाई ने हिंदुओं के धार्मिक मामलों पर और स्वयंभू लार्ड विश्वेश्वर के खिलाफ लगातार अपमानजनक बातें कीं। इस मामले में पुलिस आयुक्त को तहरीर देकर मुकदमा दर्ज करने की मांग की गई। मुकदमा दर्ज नहीं होने पर अदालत में वाद दायर किया गया है।
आरोप लगाया गया कि पूरे मामले पर साजिश में अंजुमन इंतजामिया मसाजिद कमेटी, शहर काजी, शहर के उलेमा आदि शामिल हैं। न्यायालय में दायर वाद में ओवैसी और अखिलेश यादव सहित सात नामजद और 200 अज्ञात के खिलाफ धार्मिक भावनाओं को आहत करने के आरोप में मुकदमा दर्ज कर विवेचना की मांग की गई है।