राहुल गांधी हैं गरीब, वंचित और दलित विरोधी: पीएम मोदी के सामने कांग्रेस पर बरसे सीएम योगी, दिखा पुराना अंदाज
सीएम योगी शुक्रवार को संस्कृत विश्वविद्यालय परिसर में विकास परियोजनाओं के लोकार्पण, शिलान्यास समारोह के साथ जनसभा को संबोधित कर रहे थे। विपक्ष पर वार करने का उनका पुराना अंदाज दिखा। कांग्रेस और राहुल गांधी पर जमकर बरसे।
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ शुक्रवार को वाराणसी के संपूर्णानंद संस्कृत विश्वविद्यालय मैदान में आयोजित जनसभा में कांग्रेस और राहुल गांधी पर जमकर बरसे। कहा कि देश ने कल देखा है कि किस तरह से कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष और सांसद राहुल गांधी ने संसदीय मर्यादा को ताक पर रखते हुए दलित, गरीब, पिछड़े और वंचितों के खिलाफ बयान दिया।
जब न्यायालय की ओर से इसे लेकर खरी खोटी सुनाई गई तो कांग्रेस नेता न्यायालय की अवमानना करने पर उतारू हो गए। कांग्रेस देश की संवैधानिक संस्थाओं को कटघरे में खड़ा करके अपना उल्लू सीधा कर रही है। मुख्यमंत्री ने कहा कि जिस ईवीएम के जरिये कांग्रेस व उसके सहयोगियों को 2004 और 2009 में सरकार बनाने का सौभाग्य मिला, वही अब ईवीएम पर सवाल उठा रहे हैं। कटघरे में खड़ा कर रहे हैं। इन्हें भारत का विकास अच्छा नहीं लग रहा है। कांग्रेस ने देश की सांविधानिक संस्थाओं को हमेशा कटघरे में खड़ा किया है।
दुनिया भारत को देख रहीं, कांग्रेस को ये पसंद नहीं
सीएम योगी शुक्रवार को संस्कृत विश्वविद्यालय परिसर में विकास परियोजनाओं के लोकार्पण, शिलान्यास समारोह के साथ जनसभा को संबोधित कर रहे थे। विपक्ष पर वार करने का उनका पुराना अंदाज दिखा।
ये भी पढ़ें: राहुल गांधी की संसद सदस्यता खत्म, अजय राय बोले- भाजपा सरकार का असली चेहरा बेनकाब
मुख्यमंत्री ने कहा कि कांग्रेस ने विकास को खेमों में बांटने का प्रयास किया और अपने कार्यकाल में भष्टाचार के नए कीर्तिमान स्थापित किए। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नौ वर्षों के कार्यकाल में देश विकास की राह पर आगे बढ़ा है। भारत के विकास मॉडल की दुनिया के कई देश सराहना कर चुके हैं। दुनिया आशा भरी नजरों से भारत की तरफ देख रही है, लेकिन कांग्रेस को यह पसंद नहीं है।
दुनिया को भारत की नई ताकत का अहसास
मुख्यमंत्री ने कहा कि आजादी के अमृत महोत्सव वर्ष में भारत दुनिया के सबसे ताकतवर 20 देशों के समूह जी-20 की अध्यक्षता कर रहा है, जो दुनिया में भारत की नई ताकत का अहसास कराता है। चाहे भौतिक विकास के नए प्रतिमान स्थापित करना हो या आध्यात्मिक विकास को पुनर्स्थापित करना, देश ही नहीं दुनिया भारत की नई ताकत को देख रही है। पीएम के नेतृत्व में भारत दुनिया के सामने नई मिसाल बना है। भारत की प्रगति पर जहां एक तरफ दुनिया गौरव की अनुभूति कर रही है। इस मॉडल को स्वीकार करने के लिए लालायित है, वहीं कुछ लोग ऐसे भी हैं, जिनकी कई पीढ़ियों को यूपी ने नेतृत्व करने का मौका दिया, लेकिन कुछ नहीं कर सके।
विकास की नई ऊंचाइयों को छू रहा देश
मुख्यमंत्री ने कहा कि नव्य, भव्य व दिव्य काशी को नया स्वरूप प्रदान करने के लिए प्रधानमंत्री काशी आए हैं। काशी के प्रति उनका अत्यधिक लगाव है। काशी उनके रग रग में बसी है। प्रधानमंत्री का जब भी काशी में आगमन होता है तो वे कुछ ना कुछ नई सौगात लेकर आते हैं। इस बार 1780 करोड़ की परियोजनाओं का लोकार्पण और शिलान्यास हुआ है। पीएम की प्रेरणा और मार्गदर्शन में काशी ही नहीं, यूपी और पूरे देश ने विकास की जिन नई ऊंचाइयों को प्राप्त किया है, उसे पूरी दुनिया देख रही है।
ये भी पढ़ें: प्रधानमंत्री ने सुनाया महात्मा गांधी से जुड़ा किस्सा, बताया- कैसे पूरा किया उनका सपना
पीएम देश की संसद में काशी का प्रतिनिधित्व करते हैं, यह गौरव की बात है। ये प्राचीन काल से भारत की आध्यात्मिक सांस्कतिक नगरी रही है। पिछले नौ वर्षों में काशी को वैश्विक मान्यता मिली है। आध्यात्मिक और सांस्कृतिक विरासत के साथ भौतिक विकास की ख्याति को दुनिया ने स्वीकार किया है। पिछले नौ वर्षों में अकेले काशी में 35 हजार करेाड़ की विकास परियोजनाओं की सौगात मिल चुकी है। कुछ और विकास परियोजनाओं का शिलान्याय व लोकार्पण प्रधानमंत्री के अगले दौरे के दौरान करेंगे।