{"_id":"5ee38bc98ebc3e42e9176625","slug":"helpless-helping-others-in-corona-epidemic-their-honesty-inspired-even-more","type":"story","status":"publish","title_hn":"कोरोना महामारी में बेसहारा शीला बनीं दूसरों का सहारा, इनकी नेकदिली से और भी हो रहे प्रेरित","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
कोरोना महामारी में बेसहारा शीला बनीं दूसरों का सहारा, इनकी नेकदिली से और भी हो रहे प्रेरित
Fri, 12 Jun 2020 10:19 PM IST
विचित्र सिंह
अमर उजाला नेटवर्क, वाराणसी
अमर उजाला नेटवर्क, वाराणसी
Published by: विचित्र सिंह
Updated Fri, 12 Jun 2020 10:19 PM IST
विज्ञापन
जरूरतमंदों के लिए खाना बनातीं डॉ. शीला।
- फोटो : अमर उजाला।
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
देश में फैले वैश्विक महामारी कोरोना वायरस के दौर में हर कोई सहयोग दे रहा है। इसी क्रम में एक 66 वर्षीय महिला जरूरतमंदो की मदद करने में लगी है। ऑस्ट्रेलियन एयरलाइंस में काम करने वाली डॉ. शीला सुंदरपुर स्थित ब्रिज इनक्लेव कॉलोनी में रहती हैं। 23 फरवरी को उनके पति की हार्ट अटैक से मृत्यु हो गई। इसके बाद घर में अकेली हो गई। फिर उन्होंने जरुरतमंदो की मदद करने की पहल की।
विज्ञापन
इसकी शुरूआत उन्होंने अपने घर की मेड व आसपास के गरीब परिवारों को राशन देने के साथ की। अब उन्होंने जरूरतमंदों को खुद बनाकर देने का बीड़ा उठाया है। डॉ. शीला पिछले दो-तीन0 दिनों से 50 परिवारों का रोजाना खाना बना रहीं हैं।
विज्ञापन
उनका कहना है कि कोरोना से बचाव के लिए बुजुर्गों को सबसे ज्यादा सतर्क रहने को कहा जा रहा है। लेकिन मैंने इस मुश्किल दौर में आराम करने के बजाय दूसरों की मदद करने का संकल्प लिया है। अगर हम सब एकजुट होकर इस महामारी के खिलाफ जंग लड़ेंगे तो हम कोरोना को हरा सकते हैं।
विज्ञापन