Varanasi: ज्ञानवापी के पुरातात्विक सर्वेक्षण संबंधी याचिका पर सुनवाई टली, 15 फरवरी को होगी सुनवाई
जिला जज डॉ. अजय कृष्ण विश्वेश की अदालत में शुक्रवार को ज्ञानवापी के पुरातात्विक सर्वेक्षण के आदेश के क्षेत्राधिकार को लेकर दाखिल निगरानी याचिका पर सुनवाई अधिवक्ता संजय सिंह के निधन की वजह से टल गई।
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
जिला जज डॉ. अजय कृष्ण विश्वेश की अदालत में शुक्रवार को ज्ञानवापी के पुरातात्विक सर्वेक्षण के आदेश के क्षेत्राधिकार को लेकर दाखिल निगरानी याचिका पर सुनवाई अधिवक्ता संजय सिंह के निधन की वजह से टल गई। इस मामले में अगली सुनवाई के लिए 15 फरवरी की तिथि नियत की गई है। प्रकरण में कोर्ट में शैलेंद्र कुमार पाठक और जैनेंद्र कुमार पाठक को पक्षकार बनाए जाने की अर्जी पर सुनवाई लंबित है।
प्रकरण के अनुसार निगरानी कर्ता अंजुमन इंतेजामिया मसाजिद कमेटी की ओर से जुलाई 2021 में निगरानी याचिका दाखिल की गई थी। कहा गया था कि ज्ञानवापी मस्जिद वक्फ बोर्ड की संपत्ति है। उससे संबंधित मसले की सुनवाई का अधिकार लखनऊ स्थित वक्फ बोर्ड को है।
सिविल न्यायालय को सुनवाई का अधिकार नहीं है। इसके बावजूद अवर न्यायालय ने उनकी याचिका खारिज करते हुए ज्ञानवापी के पुरातात्विक सर्वेक्षण के प्रार्थना पत्र पर सुनवाई जारी रखी। साथ ही, सुनवाई के क्षेत्राधिकार को दाखिल प्रतिवादी के प्रार्थना पत्र को खारिज कर दिया था। इसके बाद अंजुमन इंतेजामिया मसाजिद कमेटी ने अवर न्यायालय के आदेश के खिलाफ सत्र न्यायालय में निगरानी याचिका दाखिल की थी।
इस मामले में पिछली तिथि पर शैलेंद्र्र कुमार पाठक और जैनेंद्र्र कुमार पाठक ने पक्षकार बनाए जाने के लिए अधिवक्ता देशरत्न श्रीवास्तव के जरिये प्रार्थना पत्र दिया था। उसी प्रार्थना पत्र सुनवाई लंबित है। इस प्रार्थना पत्र पर आपत्ति दाखिल कर वाद मित्र ने खारिज करने की गुहार लगाई है।