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Vegetable Price in Varanasi: बरसाती सीजन में हरी सब्जियों के दामों में लगी आग, लोगों का बिगड़ा बजट
Wed, 03 Aug 2022 11:53 AM IST
उत्पल कांत
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, वाराणसी
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, वाराणसी
Published by: उत्पल कांत
Updated Wed, 03 Aug 2022 11:53 AM IST
सार
बरसाती सीजन में वाराणसी में पहले के मुकाबले सब्जियों से दाम दोगुने से भी ज्यादा हो गए हैं, जिस वजह से लोगों की रसोई का बजट बिगड़ रहा है।
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ठेले पर सब्जी की खरीदारी करते लोग
- फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
आटा, तेल, दाल समेत अन्य रोजमर्रा की वस्तुओं के बढ़े दामों बढ़े दामों से आम आदमी जूझ ही रहा था कि बरसाती मौसम में बढ़े सब्जियों के दामों ने लोगों की परेशानियों को और बढ़ा दिया है। महंगाई के कारण रसोई का बजट गड़बड़ा रहा है। बारिश के कारण बीते एक सप्ताह के दौरान ही तमाम हरी सब्जियों की कीमतों में खासा उछाल आया है।
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वाराणसी की सब्जी मंडियों में पिछले सप्ताह 45 से 60 रुपये किलो में बिक रहे परवल के दाम 70 से 80 रुपये प्रति किलो हो गए हैं। यही स्थिति बोड़ा की भी है। एक सप्ताह में ही बोड़ा के दाम फुटकर बाजार में तकरीबन दो गुना बढ़े हैं। सब्जी मंडियों में बोड़ा 70-80 रुपये किलो, शिमला मिर्च 100-120 रुपये, धनिया 250-300 रुपये, नेनुआ 40-60 रुपये और परवल 70-80 रुपये किलो के भाव में बिक रहे हैं।
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वहीं, आलू और प्याज 20-से 25 के बीच , टमाटर 40 रुपये, हरी मिर्च 60 रुपये और खीरा 40 रुपये मिल रहे हैं। मंडुवाडीह सब्जी बाजार के विक्रेता राजू ने बताया कि बरसात के मौसम में सब्जियों की फसलें जल्दी खराब हो हाती हैं। फसल खराब होने के कारण सब्जियों की आवक कम होती होती है। जिससे दामों में बढ़ोत्तरी हो जाती है।
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जेब होगी अभी ओर ढीली
सब्जियों के खुदरा विक्रेता राजेश ने कहा कि बारिश के शुरू होते ही ओर दाम और अधिक बढ़ेंगे। उनका कहना है कि बारिश के मौसम में सब्जियों को मंडी से बाजार तक पहुंचाने का खर्चा अन्य दिनों के मुकाबले ज्यादा पड़ता है। वहीं नुकसान भी अधिक होता है।
फलों से दूरी बनाते नजर आ रहे लोग
इधर, फलों की दुकान लगाने वाले राजेश ने बताया कि बाहर से आवक कम होने के कारण फलों के दाम भी आसामन छूने लगे हैं। सेब जहां 80 से 140 रुपये प्रतिकिलो बिक रहा है, तो वहीं फलों का राजा आम भी 120 से 160 रुपये प्रति किलो पहुंच गया है।
फलों से दूरी बनाते नजर आ रहे लोग
इधर, फलों की दुकान लगाने वाले राजेश ने बताया कि बाहर से आवक कम होने के कारण फलों के दाम भी आसामन छूने लगे हैं। सेब जहां 80 से 140 रुपये प्रतिकिलो बिक रहा है, तो वहीं फलों का राजा आम भी 120 से 160 रुपये प्रति किलो पहुंच गया है।
लंबे समय से केला 40 से 60 और अनार का दाम भी 120 से 140 के बीच है। महंगाई के कारण लोग फलों से दूरी बनाते नजर आ रहे हैं। दिन-प्रतिदिन बढ़ रही महंगाई से लोगों में रोष बना हुआ है। लोगों का कहना है कि सरकार को महंगाई पर काबू पाने के लिए जल्द ही इस तरफ ध्यान देना चाहिए।