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Electricity Workers Strike: 72 घंटे की हड़ताल पर गए बिजली कर्मी, वाराणसी समेत यूपी में गहरा सकता है बिजली संकट

Thu, 16 Mar 2023 10:19 PM IST
उत्पल कांत न्यूज डेस्क, अमर उजाला, वाराणसी
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, वाराणसी Published by: उत्पल कांत Updated Thu, 16 Mar 2023 10:19 PM IST
सार

निजीकरण और सेवा शर्तों में कटौती के विरोध में विद्युत कर्मचारी संयुक्त संघर्ष समिति के सदस्यों का कार्य बहिष्कार दूसरे दिन भी जारी रहा। प्रबंधन से वार्ता विफल रहने के बाद बनारस के भी बिजलीकर्मी गुरुवार रात 10 बजे के बाद 72 घंटे की हड़ताल पर चले जाएंगे। 

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Electricity Workers Strike for 72 hours from tonight power crisis may deepen in varanasi UP
बिजली निगम कर्मियों ने किया कार्य बहिष्कार - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

निजीकरण और सेवा शर्तों में कटौती के विरोध में बिजली कर्मचारियों का आंदोलन बृहस्पतिवार को भी जारी रहा। अधिशासी अभियंता, एसडीओ व अवर अभियंता सहित अन्य कर्मचारियों ने कामकाज ठप करके प्रदर्शन किया। इसका असर बिजली आपूर्ति पर पड़ा है। कई उपकेंद्रों से आपूर्ति घंटों ठप रही। दूसरी तरफ, निगम प्रबंधन से वार्ता विफल होने के बाद पूर्वांचल विद्युत वितरण निगम लिमिटेड के कर्मचारी सांकेतिक हड़ताल पर चले गए हैं।

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बिजली कर्मियों के आंदोलन के चलते लेढ़ूपुर उपकेंद्र करीब तीन घंटे तक बंद रहा। विद्युत कर्मचारी संयुक्त संघर्ष समिति का दावा है कि पिसौर उपकेंद्र छह घंटे, पांडेयपुर नई बस्ती उपकेंद्र आठ घंटे व काशी विद्यापीठ उपकेंद्र छह घंटे ठप रहा है। स्थानीय स्तर पर फॉल्ट खूब हुए हैं।
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इस कारण सलारपुर,आकाशवाणी, शक्तिपीठ, पांडेयपुर, मंडुवाडीह उपकेंद्रों से जुड़े उपभोक्ताओं को परेशानी का सामना करना पड़ा। सामान्य दिनों में जो फॉल्ट तीस मिनट में ठीक हो जाता था, उसे ठीक कराने में दो से तीन घंटे लग गए। कई उपकेंद्रों के फॉल्ट ठीक ही नहीं हो सके।

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कार्य बहिष्कार सफल, अब सांकेतिक हड़ताल की बारी

संघर्ष समिति के मीडिया प्रभारी अंकुर पांडेय ने आंदोलन को सफल बताया और कहा कि कार्य बहिष्कार पूरी तरह से प्रभावी रहा है। बिजली कर्मी एकजुट हैं। इस बार आश्वासन पर बात नहीं बनेगी। कार्य बहिष्कार से बिजली आपूर्ति बाधित रही। निगम प्रबंधन ने आपूर्ति बहाल रखने का जो दावा किया था, उसमें सफलता नहीं मिली है। बहरहाल, बृहस्पतिवार की रात दस बजे के बाद से कर्मचारी 72 घंटे की हड़ताल पर चले गए हैं। इस अवधि में कोई कामकाज नहीं किया जाएगा।

गिरफ्तारी हुई तो जेल भरो आंदोलन

मीडिया प्रभारी ने कहा कि बिजली कर्मियों का आंदोलन शांतिपूर्ण तरीके से चल रहा है। किसी भी कर्मी को गिरफ्तार किया गया तो हड़ताल के साथ जेल भरो आंदोलन शुरू किया जाएगा। नेशनल कोऑर्डिनेशन कमेटी ऑफ इलेक्ट्रिसिटी इम्प्लॉइज एंड इंजीनियर्स के आह्वान पर प्रदेश के बिजली कर्मी विरोध-प्रदर्शन कर रहे हैं। इससे पहले भिखारीपुर स्थित कार्यालय के बाहर सभा की गई। इसमें बिजली कर्मियों ने निगम प्रबंधन पर मुकरने का आरोप लगा। नीरज पांडेय, राजेंद्र सिंह, सुनील कुमार, अमित त्रिपाठी, संजय भारती ने कहा कि कर्मचारी हितों की अनदेखी की जा रही है। इसे अब बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।



संविदा कर्मियों के नियोक्ता और ठेकेदारों के नोटिस
प्रबंधन ने संविदा कर्मचारियों के नियोक्ता और ठेकेदारों को नोटिस जारी कर कार्य से विरत रहने वाले कर्मियों को हटाने और उनकी जगह नई तैनाती करने के निर्देश दिए हैं। निदेशक कार्मिक और प्रशासन शेष कुमार बघेल के मुताबिक निर्बाध बिजली आपूर्ति के लिए आवश्यक कदम उठाए जा रहे हैं। कोई उपकेंद्रों को नुकसान न पहुंचा सके इसके लिए इसके लिए प्रशासन की ओर से पुलिस की तैनाती की गई है।
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अनपरा तापीय परियोजना कर्मचारी भी हड़ताल पर रहेंगे

Electricity Workers Strike for 72 hours from tonight power crisis may deepen in varanasi UP
बिजली निगम कर्मियों ने किया कार्य बहिष्कार - फोटो : अमर उजाला
अनपरा तापीय परियोजना के कर्मचारियों ने रनिंग मशीनों के संचालन से हाथ खींचने के फैसला किया है। अंकुर पांडेय ने बताया कि अनपरा परियोजना के कर्मचारी बृहस्पतिवार रात 10 बजे के बाद हड़ताल पर चले जाएंगे। मांग पत्र जारी कर परियोजना की मशीनों का संचालन करने के लिए अधिकारी कर्मचारियों की नियुक्ति करने की मांग की है।

उपकेंद्रों पर तैनात रहेंगे अधिकारी

कार्य बहिष्कार के बाद हड़ताल को देखते हुए पूर्वांचल डिस्कॉम ने पूर्व कर्मचारियों के अलावा जिला प्रशासन के सहयोग से अधिकारियों की तैनाती उपकेंद्रों पर की है। विशेष कार्याधिकारी आरके बंसल के मुताबिक वैकल्पिक मानव संसाधन, वाहन की व्यवस्था, मजिस्ट्रेट की तैनाती उपकेंद्रों पर की गई है। विद्युत आपूर्ति से संबंधित शिकायतों का निपटारा करने के लिए हेल्पलाइन 1912 और निगम के टोल फ्री नंबर 18001805025 पर शिकायत की जा सकती है।

ऊर्जा मंत्री ने की हड़ताल खत्म करने की अपील

ऊर्जा मंत्री एके शर्मा ने कहा कि मार्च माह अहम है। इसलिए हड़ताल खत्म करने की अपील है। बातचीत के लिए तैयार हैं। कुछ हठधर्मी बात सुनने को तैयार नहीं है। वे आंदोलन बढ़ाने की बात कर रहे हैं। कई संगठनों ने हमारी बात को समझा और जनहित में अलग रहने का फैसला लिया है। इसमें यूपी पावर एसोसिएशन, लेखा कर्मचारी संघ,  तकनीकी संघ सहित तमाम संगठनों ने हड़ताल से अलग रहने का फैसला लिया है। वहीं ऑफिसर्स एसोसिएशन ने दो घंटे अतिरिक्त कार्य का आश्वासन दिया है। ये सब राष्ट्रप्रेमी हैं। 

जनता को तकलीफ हुई तो होगी कार्रवाई

ऊर्जा मंत्री ने कहा कि  संघर्ष समिति को बता दिया है की जनता को तकलीफ हुई तो एस्मा के तहत करवाई होगी। जो काम पर आना चाहते हैं उनको कोई रोकता है तो सख्त करवाई की जाएगी। चाहे वह नेता हो या कोई और। जो रोकेगा या नुकसान पहुंचाएगा उसे सख्त कार्रवाई की जाएगी। इस संबंध में सभी जिलाधिकारी और पुलिस अधीक्षक को निर्देश दिया गया है।

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