खबर का असर : डॉ. आलोक सिंह की खातिरदारी पड़ी भारी, इंस्पेक्टर कैंट हुए लाइन हाजिर
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वाराणसी के हाईप्रोफाइल केस डॉ. रीना हत्याकांड के आरोपी डॉ. आलोक सिंह की खातिरदारी करना कैंट इंस्पेक्टर को भारी पड़ गया। डॉ. आलोक को दी जाने वाली वीआईपी ट्रीटमेंट को अमर उजाला ने प्रमुखता से अपनी वेबसाइट पर दिखाया। जिसे संज्ञान में लेते हुए एसएसपी ने कैंट इंस्पेकटर को लाइन हाजिर कर दिया।
किसी भी आरोप में मुजरिम थाने पर जाते हैं तो पुलिस उन्हें हवालात में डाल देती है या फिर अपने सामने खड़ा करके पूछताछ करती है, लेकिन डॉ. आलोक के मामले में ऐसा नहीं हुआ। इंस्पेक्टर कैंट ने उन्हें अपने सामने कुर्सी पर बैठाया। इसके बाद इंस्पेक्टर कैंट ने डॉ. आलोक के लिए पानी की बोतल, नमकीन, बिस्किट और चाय मंगवाई।
कैंट इंस्पेक्टर ने ऐसा क्यों किया, इस संबंध में पूछे जाने पर उन्होंने कुछ नहीं कहा। बता दें कि डॉ. आलोक के जीजा एमपी सिंह आईएएस हैं और वह जिले के एक राज्य मंत्री के बेहद करीबी हैं।
अमर उजाला डॉट कॉम ने 'डॉ. रीना हत्याकांड में आरोपी पति डॉ. आलोक गिरफ्तार, थाने पर दिया गया वीआईपी ट्रीटमेंट' की खबर को प्रमुखता से दिखाया। जिसे संज्ञान में लेते हुए ठीक पांच घंटे के अंदर ही एसएसपी आनंद कुलकर्णी ने प्रभारी निरीक्षक कैंट राजीव कुमार सिंह को तत्काल प्रभाव से लाइन हाजिर कर दिया।
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ये है पूरा मामला
बीती दो जुलाई को डॉ. रीना सिंह की संदिग्ध हालात में मौत हो गई थी। डॉ. रीना के पिता रंगनाथ सिंह की तहरीर पर कैंट थाने में डॉ. आलोक और उनके मां-बाप के खिलाफ हत्या का मुकदमा दर्ज किया गया है।
कैंट पुलिस के प्रार्थना पत्र पर 23 जुलाई को अदालत ने डॉ. आलोक और उनके मां-बाप को फरार घोषित किया था। इसके बाद पुलिस कुर्की की तैयारियां कर रही थी कि तभी नाटकीय घटनाक्रम में डॉ. आलोक गिरफ्तार हो गए।