सोनभद्र की घटना पर सीएम योगी बोले- हत्याकांड के पीछे राजनीतिक साजिश, आरोपियों पर लगाया जाएगा रासुका
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सीएम योगी आदित्यनाथ रविवार को सोनभद्र हत्याकंड के पीड़ित परिजनों से मिलने पहुंचे। यहां उन्होंने पीड़ितों से मुलाकात कर उनकी हर संभव मदद करने का आश्वासन दिया। साथ ही उन्होंने पूरे हत्याकांड के आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई करने की भी बात कही।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने आज एक प्रेसवार्ता में कहा कि 1955 के बाद 1989 में पब्लिक ट्रस्ट की भूमि उस ट्रस्ट से जुड़े हुए लोगों के नाम पर हो गई थी जिन लोगों के नाम ये जमीन थी। 2017 में ट्रस्ट के लोगों ने उस जमीन को कुछ लोगों को बेच दिया। यह प्रक्रिया अलग-अलग निरंतर कालखंड में चलती रही।
'कांग्रेस का पाप है ये'
इसके कई मामले कोर्ट और सिविल कोर्ट में हैं। न्यायालयों के मामले में सरकार ज्यादा हस्तक्षेप नहीं करती है। इस मामले में पुलिस, तहसील, थाने, जहां भी जो भी कमी सामने आई है वहां पर कार्रवाई की गई है। जांच में ये बात सामने आई है कि ये पाप कांग्रेस के नेताओं का पाप है। मुख्यमंत्री ने कहा कि मामले की तह तक जाने के बाद यह भी बात सामने आई है कि इस मामले में जिन लोगों ने अपराध किया है उनका समाजवादी पार्टी से कनेक्शन है। सपा के साथ उनकी आर्थिक साझेदारी चल रही है।
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उन्होंने कहा कि जिन लोगों ने घटना को अंजाम दिया है उनके खिलाफ सरकार ने सख्त कार्रवाई की है। सबसे बड़ी बात यह है कि सरकार ने तुरंत कार्रवाई करते हुए ना केवल प्रधान और उनके सभी लोगों को गिरफ्तार किया है। इसके साथ ही सिंगल बैरल की एक बंदूक, डबल बैरल की तीन बंदूकें, एक रायफल और ट्रैक्टर जब्त करने के साथ 29 लोग गिरफ्तार किए गए हैं।
मुख्यमंत्री ने कहा कि हम इस घटना की तह में जा रहे हैं। इसके लिए हमने दो कमेटियां बनाई हैं। यह ब्योरा जुटाने के लिए कि साल 1955, 1989 और 2017 प्रकरण में कहां-कहां पर जमीन की बात हुई है, इसके लिए अपर मुख्य सचिव राजस्वता की अध्यक्षता में एक कमेटी गठित की गई है।
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इसके साथ ही यहां पुलिसिया स्तर पर कहां पर खामी रही, इस मामले में पुलिस को पहले से ही सूचना मिलने पर भी यहां पर इतनी बड़ी घटना घटित हुई, उसके लिए अपर महानिदेशक पुलिस वाराणसी जोन को इस बात की जानकरी दी गई है। उन्हें इसकी जांच करने का आदेश दिया गया है।
इस मामले में सिपाही, दारोगा, इंसपेक्टर, डिप्टी एसपी और तहसील के एसडीएम स्तर तक की जो कमी सामने आई थी, उनके खिलाफ कार्रवाई की गई है। अभी इसकी तह में भी बहुत सारे नाम हैं जो राजनीतिक बैकग्राउंड से आते हैं। उन्होंने लगातार आजादी के बाद यानी कि 1954-55 से लेकर के इस प्रकार की घटनाओं की एक नींव डाली थी, उसकी तह में जाने की आवश्यकता है। मुझे लगता है कि यह केवल यहीं पर नहीं बल्कि पूरे सोनभद्र जिले में ऐसे बहुत सारे प्रकरण हमारे संज्ञान में आए हैं, जिस पर हमारी सरकार काम कर रही है।
सरकार उन सभी चेहरों को बेनकाब करेगी, जिन्होंने वनवासियों की जनजातीय समुदायों की जमीन पर जबरन कब्जा करके उन्हें उनकी भूमि से वंचित करने का काम किया था। हमारी सरकार ने भारत-नेपाल के तराई बॉर्डर से जुड़े हुए 34 गांव में ऐसी समस्या का समाधान पिछले 2 सालों में किया है।
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सोनभद्र, मिर्जापुर सहित पूरे विंध्य क्षेत्र में यह कार्रवाई हमारी शुरू होने वाली थी कि यह दुर्भाग्यपूर्ण घटना घटित हो गई। सीएम योगी ने कहा कि मैं इस बात के लिए आश्वस्त करता हूं कि सरकार इसकी तह में जाएगी और उन सभी चेहरों को बेनकाब करेगी जो आज घड़ियाली आंसू बहा रहे हैं, जबकि इसकी पूरी पृष्ठभूमि उन लोगों ने रची थी। आने वाले दिनों में ऐसी दुर्भाग्यपूर्ण घटनाओं को रोका जा सके, सरकार इस पर भी काम कर रही है।
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