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मिर्जापुर में सास के हत्यारे दामाद को आजीवन कारावास
ब्यूरो,अमर उजाला,वाराणसी/मिर्जापुर
Updated Thu, 12 Jan 2017 06:36 PM IST
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तीन वर्ष पूर्व युवक ने सास ससुर को मारा था चाकू
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मिर्जापुर में अपर सत्र न्यायाधीश ईसी एक्ट पीएन श्रीवास्तव ने बुधवार को सास की चाकु मार कर हत्या करने वाले गुनाहगार दामाद बालकेश्वर उर्फ पट्टर को आजीवन कारावास एवं 22 हजार रुपए अर्थदंड की सजा सुनाई है।
यह सनसनीखेज वारदात 2013 में 30 अप्रेल को हुई थी।
लालगंज थाना क्षेत्र के लेदुकी गांव निवासी हीरालाल के पुत्री राजकुमारी का विवाह अभियुक्त बालकेश्वर निवासी बेलाही थाना हलिया के साथ एक वर्ष पूर्व हुआ था।
शादी के बाद से राजकुमारी अपने ससुराल में रह रही थी। एक वर्ष बीत जाने के बाद भी विदाई नहीं करने पर 30 अप्रैल 2013 वादी मुकदमा और उसकी पत्नी महराजी अपने दामाद के घर पहुंचे और बेटी की विदाई करने के लिए कहा।
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विदाई की बात करते ही बालकेश्वर आग-बबूला हो गया और पत्नी राजकुमारी को गाली देते हुए सास महराजी तथा ससुर को चाकू से मार कर घायल कर दिया था।
गंभीर रूप से घायल होने के चलते सास महराजी की मौत हो गई थी। वादी की तहरीर पर पुलिस ने आरोपी के खिलाफ धारा 302, 307,324 व 504 भारतीय दंड संहिता के तहत मामला पंजीकृ़त कर विवेचना करते हुए आरोप पत्र न्यायालय में दिया।
अभियोजन की ओर से सहायक शासकीय अधिवक्ता फौजदारी केके पांडेय ने कुल छह गवाह प्रस्तुत कराये।
जिसकी सुनवाई न्यायालय ने बुधवार की। सभी आरोपों में दोष सिद्ध होने पर कोर्ट ने दामाद बालकेशवर उर्फ पट्टर को आजीवन कारावास की सजा सुनाई।
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यह सनसनीखेज वारदात 2013 में 30 अप्रेल को हुई थी।
लालगंज थाना क्षेत्र के लेदुकी गांव निवासी हीरालाल के पुत्री राजकुमारी का विवाह अभियुक्त बालकेश्वर निवासी बेलाही थाना हलिया के साथ एक वर्ष पूर्व हुआ था।
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शादी के बाद से राजकुमारी अपने ससुराल में रह रही थी। एक वर्ष बीत जाने के बाद भी विदाई नहीं करने पर 30 अप्रैल 2013 वादी मुकदमा और उसकी पत्नी महराजी अपने दामाद के घर पहुंचे और बेटी की विदाई करने के लिए कहा।
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विदाई की बात करते ही बालकेश्वर आग-बबूला हो गया और पत्नी राजकुमारी को गाली देते हुए सास महराजी तथा ससुर को चाकू से मार कर घायल कर दिया था।
गंभीर रूप से घायल होने के चलते सास महराजी की मौत हो गई थी। वादी की तहरीर पर पुलिस ने आरोपी के खिलाफ धारा 302, 307,324 व 504 भारतीय दंड संहिता के तहत मामला पंजीकृ़त कर विवेचना करते हुए आरोप पत्र न्यायालय में दिया।
अभियोजन की ओर से सहायक शासकीय अधिवक्ता फौजदारी केके पांडेय ने कुल छह गवाह प्रस्तुत कराये।
जिसकी सुनवाई न्यायालय ने बुधवार की। सभी आरोपों में दोष सिद्ध होने पर कोर्ट ने दामाद बालकेशवर उर्फ पट्टर को आजीवन कारावास की सजा सुनाई।