फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Varanasi News ›   विभाग के दावों पर भारी निजी स्कूलों की मनमानी

विभाग के दावों पर भारी निजी स्कूलों की मनमानी

Fri, 29 Mar 2019 01:39 AM IST
Varanasi Bureau वाराणसी ब्यूरो
Updated Fri, 29 Mar 2019 01:39 AM IST
विज्ञापन
विभाग के दावों पर भारी निजी स्कूलों की मनमानी
वाराणसी। शिक्षा विभाग और प्रशासन के दावों के बाद भी निजी स्कूलों की मनमानी जारी है। प्राइवेट स्कूल संचालक तरह-तरह के शुल्क लगाकर अभिभावकों की जेब खाली कर रहे हैं। प्रवेश, बिल्डिंग, खेल, पानी, हवा, चिकित्सा, ट्यूशन फीस के नाम पर नामांकन के समय मनमानी वसूली हो रही है। इतना ही नहीं शहर के कुछ विद्यालयों द्वारा शासनादेश को दरकिनार कर री एडमिशन के नाम पर पैसा लिया जा रहा है। अधिकतर स्कूलाें में तो शिक्षा का अधिकार अधिनियम का भी पालन नहीं हो रहा है। इसके तहत प्रवेश लेने के लिए भी छात्रों और अभिभावकों को चक्कर काटना पड़ रहा है। इन विद्यालयों में आरटीई के मानक के अनुसार न तो संसाधन हैं और न ही शिक्षक। छात्रों के भविष्य को देखते हुए अभिभावक भी सामने नहीं आते हैं और जिम्मेदार अधिकारी शिकायतों के बाद भी कार्रवाई के नाम पर खानापूरी करते हैं।
विज्ञापन

वार्षिक परीक्षा समाप्त होने से पहले ही विद्यालयों में प्रवेश की प्रक्रिया शुरू कर दी जाती है। इसके पीछे यह कारण होता है कि छात्र अगली कक्षा में दूसरे विद्यालयों में न दाखिला ले लें। नियमत: हर साल नया पंजीकरण न कराने की बात अधिकारी कहते हैं लेकिन वह भी कागजों पर। हकीकत तो यह है कि अब तक शहर के 70 फीसदी विद्यालयों में प्रवेश की प्रक्रिया पूरी हो चुकी है। एक अप्रैल से नई कक्षाएं भी शुरू हो जाएंगी लेकिन शिक्षा विभाग की ओर से स्कूल प्रबंधन की कोई मीटिंग भी नहीं की गई है। पिछले दिनों जिलाधिकारी की अध्यक्षता में हुई बैठक में फीस निर्धारण कमेटी का गठन किया गया लेकिन उसकी सक्रियता भी नजर नहीं आ रही है।
विज्ञापन

हर साल की तरह इस बार भी अभिवावकों को निजी स्कूलों की मनमानी सहनी पड़ रही है। सबसे अधिक शिकायतें फ ीस बढ़ाने को लेकर आई हैं। इसमें 30 से 40 प्रतिशत तक फ ीस बढ़ाने की शिकायत अभिभावकों ने की है। इसके साथ ही एनुअल चार्ज, एनुअल डे व कॉशन मनी लिए जाने की भी शिकायतें अभिभावकों ने की है।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
सबसे विश्वसनीय Hindi News वेबसाइट अमर उजाला पर पढ़ें हर राज्य और शहर से जुड़ी क्राइम समाचार की
ब्रेकिंग अपडेट।
 
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें अमर उजाला हिंदी न्यूज़ APP अपने मोबाइल पर।
Amar Ujala Android Hindi News APP Amar Ujala iOS Hindi News APP
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed