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पाइप लाइन डालने के दौरान मिट्टी में दबे दो मजदूर
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वाराणसी। हादसों के बाद भी नगर निगम और जलकल विभाग के अधिकारी चेतने को तैयार नहीं है। गुरुवार को रमाकांत नगर कालोनी में पाइपलाइन डालने के दौरान दो मजदूर मिट्टी धंसने से दब गए। ठेकेदार ने मामले को दबाने के लिए मजदूरों को पास के निजी अस्पताल में इलाज के लिए भर्ती करा दिया। मजदूरों की हालत गंभीर बनी हुई है।
सिगरा क्षेत्र स्थित रमाकांत नगर कालोनी में बीती रात सारनाथ थाना क्षेत्र के दीनापुर निवासी अरविंद कुमार (45) अपने साथी के साथ पाइपलाइन बिछाने का काम कर रहे थे। पाइप लाइन बिछाने और चैंबर को दुरुस्त करने के लिए की गई खोदाई अचानक ऊपर से मिट्टी घिसक गई। जिसकी चपेट में आने से दोनों मजदूर घायल हो गये। वहां मौजूद ठेकेदार व उसके आदमियों ने रमाकांत नगर कालोनी के प्राइवेट अस्पताल में दोनों को इलाज के लिए दाखिल कराया जहां अरविंद की हालत गंभीर है। मामले की जानकारी किसी को न हो इसके लिए जल निगम के अफसरों ने पूरी तरह से चुप्पी साधे रखा। उधर ठेकेदारों ने भी कुछ बताने से मना कर दिया। पुलिस का रोल भी संदिग्ध नजर आया। बताया जाता है कि मजदूरों को बिना किसी सुरक्षा उपकरण के ठेकेदारों ने करीब बीस फ ीट गड्ढे में उतारा था। इससे पूर्व फ रवरी में पांडेयपुर में सीवर सफाई के लिए गहरे चैंबर में उतरे दो मजदूरों की मौत हो गई थी। इससे पूर्व भी दिसंबर में दो मजदूर चौकाघाट में सीवर सफ ाई के दौरान ही काल कवलित हो गये थे।
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सिगरा क्षेत्र स्थित रमाकांत नगर कालोनी में बीती रात सारनाथ थाना क्षेत्र के दीनापुर निवासी अरविंद कुमार (45) अपने साथी के साथ पाइपलाइन बिछाने का काम कर रहे थे। पाइप लाइन बिछाने और चैंबर को दुरुस्त करने के लिए की गई खोदाई अचानक ऊपर से मिट्टी घिसक गई। जिसकी चपेट में आने से दोनों मजदूर घायल हो गये। वहां मौजूद ठेकेदार व उसके आदमियों ने रमाकांत नगर कालोनी के प्राइवेट अस्पताल में दोनों को इलाज के लिए दाखिल कराया जहां अरविंद की हालत गंभीर है। मामले की जानकारी किसी को न हो इसके लिए जल निगम के अफसरों ने पूरी तरह से चुप्पी साधे रखा। उधर ठेकेदारों ने भी कुछ बताने से मना कर दिया। पुलिस का रोल भी संदिग्ध नजर आया। बताया जाता है कि मजदूरों को बिना किसी सुरक्षा उपकरण के ठेकेदारों ने करीब बीस फ ीट गड्ढे में उतारा था। इससे पूर्व फ रवरी में पांडेयपुर में सीवर सफाई के लिए गहरे चैंबर में उतरे दो मजदूरों की मौत हो गई थी। इससे पूर्व भी दिसंबर में दो मजदूर चौकाघाट में सीवर सफ ाई के दौरान ही काल कवलित हो गये थे।
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