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कोविड मरीजों के परिजनों के इम्यून सिस्टम पर रिसर्च की तैयारी corona
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वाराणसी। कोरोना संक्रमित मरीजों के परिजनों के इम्यून सिस्टम को लेकर रिसर्च की तैयारी चल रही है। इसके लिए बीएचयू आयुर्वेद संकाय, आईएमएस के डॉक्टरों और आईआईटी विशेषज्ञ की टीम ने कार्यवाही शुरू कर दी है। पहले चरण में ऐसे 200 मरीजों की सूची बन रही हैं।
वैद्य सुशील दुबे ने बताया कि पिछले दिनों एथिकल कमेटी से स्वीकृति और जिलाधिकारी से मिलने के बाद अब इस दिशा में काम भी शुरू हो गया है। शुरुआती परिणाम के बाद आने वाले दिनों में 1000 लोगों पर रिसर्च होगी। टीम में आयुर्वेद से डॉ. पीएस व्याडगी, प्रो.वाईबी त्रिपाठी, प्रो.केएन द्विवेदी, न्यूरोलॉजी से डा.आरएन चौरसिया, ईएनटी से डॉ.विश्वभर सिंह, आईआईटी बीएचयू से डॉ.सुनील मिश्र आदि शामिल हैं।
परिजनों को भरना होगा प्रोफार्मा, शोध में मिलेगी मदद
वैद्य सुशील दुबे के मुताबिक स्वास्थ्य विभाग से मरीजों की सूची लेकर परिजनों के बीच शुंठी चूर्ण दिया जाएगा। इसमें नियमनुसार सेवन के साथ ही सूंघने के बारे में भी बताया जाएगा। इसके लिए परिजनों से लिखित सहमति के साथ ही उनसे एक प्रोफार्मा भी भरवाया जाएगा, जिससे कि लाभ के बारे में सही जानकारी मिल जाएगी। 15 दिन सेवन करने के बाद जो भी परिणाम आएगा उसके आधार पर आगे की रणनीति तैयार की जाएगी। प्रोजेक्ट के लिए डीएम की ओर से रेडक्रॉस सोसायटी से एक लाख रुपये की धनराशि भी दी गई हैं।
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वैद्य सुशील दुबे ने बताया कि पिछले दिनों एथिकल कमेटी से स्वीकृति और जिलाधिकारी से मिलने के बाद अब इस दिशा में काम भी शुरू हो गया है। शुरुआती परिणाम के बाद आने वाले दिनों में 1000 लोगों पर रिसर्च होगी। टीम में आयुर्वेद से डॉ. पीएस व्याडगी, प्रो.वाईबी त्रिपाठी, प्रो.केएन द्विवेदी, न्यूरोलॉजी से डा.आरएन चौरसिया, ईएनटी से डॉ.विश्वभर सिंह, आईआईटी बीएचयू से डॉ.सुनील मिश्र आदि शामिल हैं।
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परिजनों को भरना होगा प्रोफार्मा, शोध में मिलेगी मदद
वैद्य सुशील दुबे के मुताबिक स्वास्थ्य विभाग से मरीजों की सूची लेकर परिजनों के बीच शुंठी चूर्ण दिया जाएगा। इसमें नियमनुसार सेवन के साथ ही सूंघने के बारे में भी बताया जाएगा। इसके लिए परिजनों से लिखित सहमति के साथ ही उनसे एक प्रोफार्मा भी भरवाया जाएगा, जिससे कि लाभ के बारे में सही जानकारी मिल जाएगी। 15 दिन सेवन करने के बाद जो भी परिणाम आएगा उसके आधार पर आगे की रणनीति तैयार की जाएगी। प्रोजेक्ट के लिए डीएम की ओर से रेडक्रॉस सोसायटी से एक लाख रुपये की धनराशि भी दी गई हैं।
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