मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह में गोलमाल का हो रहा पर्दाफाश, तीन बच्चों की मां ने की थी दोबारा शादी
उत्तर प्रदेश के बलिया जिले में हुए मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह में बड़े गोलमाल निकल के सामने आ रहे हैं। इससे पहले कई ऐसे जोड़ों ने शादी की थी, जो पहले से शादीशुदा थे। अब एक और गड़बड़ी का पर्दाफाश हुआ है, जिसमें तीन बच्चों की मां ने शादी की थी।
बलिया जिले के बैरिया क्षेत्र के खपड़िया बाबा आश्रम परिसर में 26 जून को मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह में हुई गड़बड़ी सामने आई है। इस आयोजन में तीन बच्चों की मां की भी शादी करा दी गई थी। इसी महिला के देवर की शादी भी कागजों में करा दी गई, जबकि वह कुंवारा है।
26 जून को खपड़िया बाबा आश्रम परिसर में समाज कल्याण विभाग की ओर से 191 जोड़े की शादी कराई गई थी। इसमें दयाछपरा और चाई छपरा गांव के शादीशुदा जोड़ों की भी शादी कराने का मामला सामने आया था।
इसके बाद एक और मामला उजागर हुआ है। मुरली छपरा ब्लॉक के रामनगर दलनछपरा गांव के कपिल की बेटी सलिला की शादी नौ साल पहले बैरिया ब्लॉक के शिवाल मठिया निवासी भरत चौधरी के पुत्र योगेंद्र चौधरी से हुई थी।
योगेंद्र और सलिला के आठ, चार और दो साल के तीन पुत्र हैं। सलिला की शादी भी सामूहिक विवाह समारोह में करा दी गई। इतना ही नहीं, सलिला के एक देवर की भी शादी सामूहिक विवाह समारोह में दिखाई गई है, जबकि उसकी शादी अभी नहीं हुई है।
इसके अलावा सामूहिक विवाह में बैरिया नगर पंचायत के मिश्र के मठिया, मुरलीछपरा ब्लॉक के सिताब दियारा, सावन छपरा, सुघरौली, शिवपुर कपूर दियर, चांददीयर, रेवती ब्लॉक के मूनछपरा, भाखर, भइसहां, जमधरवा के जोड़ों की शादियों में भी खेल किया गया है।
जिला समाज कल्याण अधिकारी तिलकधारी ने बताया कि सामूहिक विवाह के लिए पंजीकरण के बाद पात्रता की जांच और सत्यापन संबंधित ब्लॉकों से कराया गया था। ब्लॉकों की ओर से पात्रता की संस्तुति के बाद ही शादियां कराई गईं। अगर इस बाबत शिकायत मिलती है तो जांच कराई जाएगी।