{"_id":"68d50f607d350c2e3c034341","slug":"bhu-startup-will-open-drone-manufacturing-unit-in-bengaluru-2025-09-25","type":"story","status":"publish","title_hn":"BHU: बीएचयू का स्टार्टअप बंगलूरू में खोलेगा ड्रोन निर्माण यूनिट, इंडस्ट्री के लिए मुफ्त में मिलेगी जमीन","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
BHU: बीएचयू का स्टार्टअप बंगलूरू में खोलेगा ड्रोन निर्माण यूनिट, इंडस्ट्री के लिए मुफ्त में मिलेगी जमीन
Thu, 25 Sep 2025 03:16 PM IST
प्रगति चंद
अमर उजाला नेटवर्क, वाराणसी।
अमर उजाला नेटवर्क, वाराणसी।
Published by: प्रगति चंद
Updated Thu, 25 Sep 2025 03:16 PM IST
सार
ड्रोन स्टार्टअप कंपनी बंगलूरू में अपना यूनिट खोलने जा रही है। इसके लिए दक्षिण भारत की ओर से मुफ्त में जमीन और पूंजीगत खर्चे भी दिए जाएंगे। इसके अलावा भी मदद होगी।
विज्ञापन
सांकेतिक तस्वीर
- फोटो : संवाद
विस्तार
ड्रोन की पढ़ाई के साथ ही बीएचयू ड्रोन निर्माण भी कराएगा। स्टार्टअप कंपनियों को दक्षिण भारत में ड्रोन मैन्यूफैक्चरिंग का ऑफर मिलने लगा है। अटल इंक्यूबेशन में काम कर रही ड्रोन स्टार्टअप कंपनी पैवेक अक्तूबर में ही बंगलूरू में अपना यूनिट खोलने जा रही है। यहां कमर्शियल स्तर पर उत्पादन होगा।
विज्ञापन
बीएचयू अटल इंक्यूबेशन सेंटर के (एआईसी) के प्रमुख प्रो. पीवी राजीय ने बताया कि दक्षिण भारत की ओर से ड्रोन इंडस्ट्री के लिए मुफ्त में जमीन और पूंजीगत खर्चे भी दिए जाएंगे। इसके अलावा भी मदद होगी। फिलहाल छोटे साइज के सर्विलांस ड्रोन बनाने के लिए भी बनारस के आसपास जगह तलाशी जा रही है।
विज्ञापन
बीएचयू के एआईसी की ओर से इसका प्रस्ताव भी सरकार को भेजा जाएगा। यहां पर बने ड्रोन से महाकुंभ की भीड़ का मैनेजमेंट और सुरक्षा निगरानी की तरह से इस्तेमाल किया गया। उन्होंने कहा कि डीजीसीए से लेकर डीजीक्यूए समेत कई संस्थाओं की ओर से अनुमति दी जाएगी, उसके बाद ही कहीं पर युनिट तैयार की जा सकती है।
विज्ञापन
इसे भी पढ़ें; UP: पूर्वांचल के युवाओं के लिए खुशखबरी, टेक्नोलॉजी पार्क में सुई और जहाज बनाने का दिया जाएगा प्रशिक्षण
बीएचयू में हो चुके हैं कई परीक्षण
प्रो. राजीव के मुताबिक दिल्ली से आए अधिकारियों ने इंक्यूबेशन सेंटर का दौरा कर यहां बनाई गई ड्रोन की कार्यप्रणाली भी जांची। इसमें सैन्य सेवाओं से भी जुड़े लोग थे। बीएचयू के हेलिपैड वाले क्षेत्र की ओर से यहां बने कई तरह के ड्रोन का परीक्षण भी कराया गया जो कि कई मानकों पर फिट बैठते दिखाई दे रहे हैं। ये सभी ड्रोन सर्विलांस, कृषि में बीज छिटाई के कामों से लेकर स्मार्ट सिटी और भीड प्रबंधन करने में भी इस्तेमाल किए जा रहे हैं।