अतुल राय दुष्कर्म केस : सुप्रीम कोर्ट के बाहर आग लगाने वाले इकलौते गवाह की मौत, देर रात वाराणसी आएगा शव
यूपी कॉलेज छात्रसंघ के पूर्व उपाध्यक्ष रह चुके सत्यम राय की मौत की सूचना पर यूपी कालेज के छात्रों में मातमी सन्नाटा पसरा रहा। परिजन एंबुलेंस से सत्यम का शव लेकर बनारस के लिए चल दिए हैं। रविवार सुबह मणिकर्णिका घाट पर अंतिम संस्कार किया जाएगा।
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घोषी सांसद अतुल राय पर दुष्कर्म का आरोप लगाने वाली पीड़िता के इकलौते गवाह गाजीपुर निवासी सत्यम प्रकाश राय की शनिवार तड़के नई दिल्ली स्थित राममनोहर लोहिया अस्पताल में इलाज के दौरान मौत हो गई। इस घटना के बाद से गाजीपुर स्थित पैतृक गांव में जहां सन्नाटा पसरा हुआ है तो वहीं शिवपुर स्थित प्रताप नगर कालोनी स्थित आवास पर परिजन भी गमगीन दिखे।
बेटे की मौत की सूचना मिलते ही पिता को गहरा धक्का लगा। घर के अंदर कमरे से अन्य सदस्यों की सिसकियां सुनाई दे रही थी। पिता के अनुसार पिछले तीन-चार साल जब से घोषी सांसद का प्रकरण शुरू हुआ तभी से बेटे ने घर छोड़ दिया था। यूपी कॉलेज छात्रसंघ के पूर्व उपाध्यक्ष रह चुके सत्यम राय की मौत की सूचना पर यूपी कालेज के छात्रों में भी मातमी सन्नाटा पसरा रहा।
उधर, परिजन एंबुलेंस से सत्यम का शव लेकर बनारस के लिए चल दिए हैं। रविवार सुबह मणिकर्णिका घाट पर अंतिम संस्कार किया जाएगा। गाजीपुर के भांवरकोल थाना के सियाड़ी गांव निवासी इंद्रबली राय पुलिस विभाग में कांस्टेबल के पद से सेवानिवृत्त है। शिवपुर स्थित प्रताप नगर कालोनी में मकान बनवाकर सपरिवार रहते हैं। चार संतान में अविवाहित सत्यम प्रकाश राय सबसे छोटा था।
वर्ष 2015 में यूपी कालेज छात्रसंघ उपाध्यक्ष चुने जाने पर सत्यम प्रकाश राय की रूचि राजनीति में बढ़ती गई। इसी बीच बलिया की रहने वाली युवती के संपर्क में आए सत्यम ने उसे भी छात्रसंघ चुनाव लड़वाया लेकिन युवती हार गई थी। इसके बाद सत्यम की महत्वाकांक्षा बढ़ी तो वह गाजीपुर के भांवरकोल द्वितीय से जिला पंचायत सदस्य का चुनाव लड़ा लेकिन पराजय मिलने के बाद भी वह लगा रहा।
इसी बीच बलिया की युवती के संपर्क में रहने के कारण सत्यम प्रकाश राय ने घोषी सांसद अतुल राय से मोर्चा ले लिया। बलिया की युवती ने एक मई 2019 को अतुल राय के खिलाफ दुष्कर्म सहित अन्य आरोपों में लंका थाने में मुकदमा दर्ज कराया था। इस मामले में पैरोकार व गवाह सत्यम प्रकाश राय ही था। पिता इंद्रबली राय के अनुसार उधर मुकदमा दर्ज हुआ और इधर सत्यम ने गांव और बनारस दोनों छोड़ दिया।
पिता ने बताया कि तीन साल पहले चेचेरे भाई के निधन पर सत्यम आखिरी बार गाजीपुर स्थित सियाड़ी गांव दो घंटे के लिए आया था। इसके बाद उसे मैनें नहीं देखा, न मोबाइल पर ही बात हुई। वह कहां रहता था और किसके संपर्क में था। कैसे उसका खर्च चलता था, यह सब जानकारी में नहीं है। सत्यम प्रकाश राय के चेचेरे भाई और सियाड़ी गांव के पूर्व प्रधान कमलेश राय ने नई दिल्ली से मोबाइल पर बताया कि अंतिम संस्कार मणिकर्णिका घाट पर किया जाएगा। एंबुलेंस से शव देर रात बनारस पहुंच जाएगा।
बीते 16 अगस्त को बलिया की रहने वाली दुष्कर्म पीड़िता और गवाह साथी सत्यम प्रकाश राय ने नई दिल्ली स्थित सुप्रीम कोर्ट परिसर के अंदर पेट्रोल छिड़क आत्मदाह की कोशिश की थी। 70 फीसदी झुलस चुके सत्यम राय ने शनिवार भोर में दम तोड़ दिया। वहीं 85 फीसदी झुलस चुकी पीड़िता भी वेटिंलेटर पर जिंदगी और मौत के बीच लड़ रही है। मां और भाई पीड़िता की देखरेख में मौजूद हैं।
एलआईयू पहुंची घर, पिता से पूछताछ कर जुटाई जानकारी
सत्यम प्रकाश राय की मौत की सूचना पर शिवपुर के प्रताप नगर कालोनी स्थित आवास पर शुभ चिंतकों का दोपहर में जुटान होने लगा। सोफे पर बेसुध पिता इंद्रबली राय गमगीन रहे। इसी बीच पहुंचे लोगों ने ढांढ़स बंधाया। एलआईयू भी घर पहुंची। पिता इंद्रबली से बातचीत करते हुए इनपुट जुटाई।
सांसद अतुल राय के समर्थकों में बेचैनी, कई हुए भूमिगत
इकलौते गवाह सत्यम राय ने नई दिल्ली में खौफनाक कदम उठाया तो फेसबुक पर न्याय व्यवस्था को काफी कोसा था। लाइव वीडियो में सत्यम ने सांसद और उनके समर्थकों पर धमकाने और हत्या कराए जाने का आरोप लगाया था। तत्कालीन पुलिस अधिकारियों पर भी आरोप मढ़े थे। पीड़िता का साथ देने वाले सत्यम की मौत के बाद से सांसद समर्थकों में बेचैनी है।
प्रयागराज के नैनी सेंट्रल जेल में बंद सांसद अतुल राय की शिवपुर इलाके के युवाओं की बड़ी टीम है। हालांकि घटना के बाद से सभी भूमिगत हो गए हैं। कमिश्नरेट पुलिस ने सभी को चिह्नित कराना शुरू कर दिया है। 22 जून 2019 को सांसद अतुल राय ने पुलिस को चकमा देकर अदालत में समर्पण कर दिया था। कुछ दिन तक चौकाघाट जिला कारागार में रहने के बाद सांसद को प्रयागराज के नैनी जेल में स्थानांरित कर दिया गया।