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कार का शीशा तोड़कर साढ़े छह लाख उड़ाए
Varanasi
Updated Mon, 31 Mar 2014 05:32 AM IST
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वाराणसी। डीरेका सेंट्रल मार्केट में रविवार की दोपहर कोचिंग संचालक की कार का शीशा तोड़कर उचक्कों ने साढ़े छह लाख रुपये पार कर दिए। दिनदहाड़े वारदात से बाजार के लोग स्तब्ध रह गए। मंडुवाडीह पुलिस ने उचक्कों की पहचान के लिए मार्केट स्थित एसबीआई शाखा की सीसीटीवी फुटेज को खंगाला लेकिन कोई खास सुराग हाथ नहीं लगा। भुक्तभोगी कोचिंग संचालक का कहना है कि उसने रुपये जमीन की रजिस्ट्री कराने के लिए निकाले थे।
इंदिरानगर कालोनी निवासी आशुतोष द्विवेदी अपने मकान में कोचिंग चलाते है। कोचिंग संचालक रविवार की दोपहर डीरेका स्थित स्टेट बैंक आफ इंडिया की शाखा से साढ़े छह लाख रुपये निकाले। रुपयों को उसने मिठाई के डिब्बे में रखने के बाद अपनी कार की अगली सीट पर रख दिया। बैंक से लगभग 60 कदम दूर सेंट्रल मार्केट के एक तरफ उसने अपनी कार खड़ी कर दी। इसके बाद बगल में साइबर कफे में जाकर कोचिंग के बाबत कुछ प्रिंट कंप्यूटर से निकालने लगा। लगभग दस मिनट बाद वह कार के समीप पहुंचा तो बाई तरफ का शीशा टूटकर बिखरा हुआ था। अंदर मिठाई के डिब्बे में रखे रुपये नदारद थे। घटना की सूचना मिलने के बाद पुलिस मौके पर पहुंची। कोचिंग संचालक ने बताया कि उसे सोमवार को एक जमीन की रजिस्ट्री करानी थी। इसी कारण उसने बैंक से साढ़े छह लाख रुपये निकाले थे। एसपी सिटी राहुल राज ने थाने पहुंचकर भुक्तभोगी से पूछताछ की। पुलिस ने इस मामले में अज्ञात लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया है।
दिनदहाड़े शीशा टूटने की आवाज भी नहीं सुनी
डीरेका के सेंट्रल मार्केट में कोचिंग संचालक ने जहां कार खड़ी की थी, वहां लोगों की आवाजाही लगी रहती है। फिर भी उचक्कों ने कार का शीशा तोड़कर मिठाई के डिब्बे में रखे रुपये निकाल लिए और किसी को इसकी भनक नहीं लगी। घटना की सूचना पाकर आई मंडुवाडीह पुलिस ने कई दुकानदारों और ग्राहकों से पूछताछ की, लेकिन उचक्कों को देखने या शीशा टूटने की आवाज सुनने से लोग इनकार कर रहे थे। इसी मार्केट में एक साल पहले भी उचक्कों ने साइकल सवार डीरेकाकर्मी को धक्का मारकर डेढ़ लाख रुपये उड़ा दिए। इसी तरह, सूर्य सरोवर के समीप लुटेरों ने 60 हजार रुपये लूट लिए थे। लोगों का मानना है कि बैंक के इर्द-गिर्द उचक्कों की सक्रियता लगातार बनी रहती है। रविवार को हुई घटना के बाद डीरेका सेंट्रल मार्केट में बैंक के सामने सुरक्षा बढ़ा दी गई है।
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इंदिरानगर कालोनी निवासी आशुतोष द्विवेदी अपने मकान में कोचिंग चलाते है। कोचिंग संचालक रविवार की दोपहर डीरेका स्थित स्टेट बैंक आफ इंडिया की शाखा से साढ़े छह लाख रुपये निकाले। रुपयों को उसने मिठाई के डिब्बे में रखने के बाद अपनी कार की अगली सीट पर रख दिया। बैंक से लगभग 60 कदम दूर सेंट्रल मार्केट के एक तरफ उसने अपनी कार खड़ी कर दी। इसके बाद बगल में साइबर कफे में जाकर कोचिंग के बाबत कुछ प्रिंट कंप्यूटर से निकालने लगा। लगभग दस मिनट बाद वह कार के समीप पहुंचा तो बाई तरफ का शीशा टूटकर बिखरा हुआ था। अंदर मिठाई के डिब्बे में रखे रुपये नदारद थे। घटना की सूचना मिलने के बाद पुलिस मौके पर पहुंची। कोचिंग संचालक ने बताया कि उसे सोमवार को एक जमीन की रजिस्ट्री करानी थी। इसी कारण उसने बैंक से साढ़े छह लाख रुपये निकाले थे। एसपी सिटी राहुल राज ने थाने पहुंचकर भुक्तभोगी से पूछताछ की। पुलिस ने इस मामले में अज्ञात लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया है।
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दिनदहाड़े शीशा टूटने की आवाज भी नहीं सुनी
डीरेका के सेंट्रल मार्केट में कोचिंग संचालक ने जहां कार खड़ी की थी, वहां लोगों की आवाजाही लगी रहती है। फिर भी उचक्कों ने कार का शीशा तोड़कर मिठाई के डिब्बे में रखे रुपये निकाल लिए और किसी को इसकी भनक नहीं लगी। घटना की सूचना पाकर आई मंडुवाडीह पुलिस ने कई दुकानदारों और ग्राहकों से पूछताछ की, लेकिन उचक्कों को देखने या शीशा टूटने की आवाज सुनने से लोग इनकार कर रहे थे। इसी मार्केट में एक साल पहले भी उचक्कों ने साइकल सवार डीरेकाकर्मी को धक्का मारकर डेढ़ लाख रुपये उड़ा दिए। इसी तरह, सूर्य सरोवर के समीप लुटेरों ने 60 हजार रुपये लूट लिए थे। लोगों का मानना है कि बैंक के इर्द-गिर्द उचक्कों की सक्रियता लगातार बनी रहती है। रविवार को हुई घटना के बाद डीरेका सेंट्रल मार्केट में बैंक के सामने सुरक्षा बढ़ा दी गई है।
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