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वार्म फ्रंट के चलते मौसम बेरुखा
Updated Tue, 12 Dec 2017 02:13 AM IST
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वाराणसी। मौसम की बेरुखी और दिसंबर के महीने में कई दिनाें से लगातार वार्म फ्रंट बने रहने से मौसम विज्ञानी भी हैरान हैं। बीएचयू के मौसम विज्ञानी प्रो एसएन पांडेय का कहना है कि अब तक जितनी ठंड पड़नी चाहिए उतनी नहीं पड़ रही है। इसकी वजह पूर्वांचल में वार्म फ्रंट का बने रहना है। साथ ही पूर्वी और पश्चिमी भाग में कम दबाव का क्षेत्र भी असर डाल रहा है। इससे तीन-चार दिन बाद ठंड और गलन बढ़ेगी।
उन्होंने बताया कि पूर्वांचल का इलाका मैदानी भाग में आता है। जब पूर्वी और पश्चिमी भाग में कम दबाव का क्षेत्र बनता है तो पूर्वांचल में ऐसे मौसम को ‘काल एरिया’ कहते हैं। यही वजह है कि अधिकतम और न्यूनतम तापमान में बढ़ोत्तरी हो रही है। मौसम विभाग के अनुसार सोमवार को अधिकतम 27 और न्यूनतम तापमान 12.7 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। प्रो पांडेय ने कहा कि अभी फिलहाल तीन से चार दिन तक ऐसे ही मौसम रहने की संभावना है। पश्चिमी विक्षोभ जम्मू-कश्मीर में बन रहा है। उसके पूर्वांचल तक आने में तीन दिन का समय लग सकता है। इसके बाद ठंड और गलन बढ़ेगी।
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उन्होंने बताया कि पूर्वांचल का इलाका मैदानी भाग में आता है। जब पूर्वी और पश्चिमी भाग में कम दबाव का क्षेत्र बनता है तो पूर्वांचल में ऐसे मौसम को ‘काल एरिया’ कहते हैं। यही वजह है कि अधिकतम और न्यूनतम तापमान में बढ़ोत्तरी हो रही है। मौसम विभाग के अनुसार सोमवार को अधिकतम 27 और न्यूनतम तापमान 12.7 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। प्रो पांडेय ने कहा कि अभी फिलहाल तीन से चार दिन तक ऐसे ही मौसम रहने की संभावना है। पश्चिमी विक्षोभ जम्मू-कश्मीर में बन रहा है। उसके पूर्वांचल तक आने में तीन दिन का समय लग सकता है। इसके बाद ठंड और गलन बढ़ेगी।
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