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शीतलदास का बड़ा अखाड़ा के रोशन बाबा के खिलाफ केस दर्ज
Updated Wed, 12 Jul 2017 02:07 AM IST
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वाराणसी। भेलूपुर थाना अंतर्गत अस्सी स्थित शीतलदास का बड़ा अखाड़ा के समीप लंका-अस्सी मार्ग जाम कर मंगलवार को कुछ लोग नारेबाजी करने लगे। भेलूपुर थाने की पुलिस मौके पर पहुंची और लोगों को समझाया। जाम कर रहे लोगों की तहरीर पर अखाड़ा से जुड़े बिहार निवासी रामशरण दास उर्फ रोशन बाबा के खिलाफ मकान की पटिया गिराने की साजिश रचने, कमरे से सामान बाहर फेंकने और बेवजह परेशान करने के आरोप में भेलूपुर थाने में मुकदमा दर्ज किया गया है।
अस्सी स्थित पुष्कर तालाब के समीप शीतलदास का बड़ा अखाड़ा है। अखाड़े में काम करने वाले छह परिवार एक अरसे से यहां रह रहे थे। मगर, अब चार परिवारों ने कमरे खाली कर दिए हैं जबकि संतोष खरवार और उसके भाई संजय खरवार का परिवार अखाड़ा परिसर के अंदर बने कमरों में ही रहता है। मंगलवार की सुबह परिवार के साथ लंका-अस्सी मार्ग जाम कर नारेबाजी कर रहे संजय और संतोष का आरोप था कि उनके कमरे की पटिया साजिश कर गिरा दी गई जिसकी वजह से दोनों भाईयों की बेटियों सोनाली, निधि व इशान को चोट आईं और उन्हें अस्पताल में भर्ती कराना पड़ा। उधर, रोशन बाबा ने आरोप लगाया कि संतोष और उसका भाई जहां रह रहे हैं, नगर निगम से फर्जी कागजात तैयार करा कर उसे आबादी की जमीन दिखाया है। अखाड़े में इन लोगों का कोई अधिकार नहीं है।
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अस्सी स्थित पुष्कर तालाब के समीप शीतलदास का बड़ा अखाड़ा है। अखाड़े में काम करने वाले छह परिवार एक अरसे से यहां रह रहे थे। मगर, अब चार परिवारों ने कमरे खाली कर दिए हैं जबकि संतोष खरवार और उसके भाई संजय खरवार का परिवार अखाड़ा परिसर के अंदर बने कमरों में ही रहता है। मंगलवार की सुबह परिवार के साथ लंका-अस्सी मार्ग जाम कर नारेबाजी कर रहे संजय और संतोष का आरोप था कि उनके कमरे की पटिया साजिश कर गिरा दी गई जिसकी वजह से दोनों भाईयों की बेटियों सोनाली, निधि व इशान को चोट आईं और उन्हें अस्पताल में भर्ती कराना पड़ा। उधर, रोशन बाबा ने आरोप लगाया कि संतोष और उसका भाई जहां रह रहे हैं, नगर निगम से फर्जी कागजात तैयार करा कर उसे आबादी की जमीन दिखाया है। अखाड़े में इन लोगों का कोई अधिकार नहीं है।
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