फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Varanasi News ›   1000th day of Kashi Ghat Walk dedicated to Pandit Rajan Mishra discussion on music houses of varanasi

वाराणसी: पंडित राजन मिश्र को समर्पित रहा काशी घाट वॉक का 1000वां दिन, संगीत घरानों पर हुई चर्चा

Tue, 27 Jul 2021 12:10 AM IST
उत्पल कांत न्यूज डेस्क, अमर उजाला, वाराणसी
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, वाराणसी Published by: उत्पल कांत Updated Tue, 27 Jul 2021 12:10 AM IST
सार

भोजपुरी अध्ययन केंद्र  के समन्वयक प्रो. श्रीप्रकाश शुक्ला ने कहा कि स्पर्श वंचित कोरोना समय में काशी घाट वॉक हमारे लिए आश्वस्त का विषय है, जिसमें हम हर तरह के मानसिक दबाव से मुक्त हो सकते हैं। यह हमारे लिए केवल स्वास्थ्य का मसला नहीं है, बल्कि हमारी चेतना का निर्माण भी इस माध्यम से होता है। 

विज्ञापन
1000th day of Kashi Ghat Walk dedicated to Pandit Rajan Mishra  discussion on music houses of varanasi
काशी घाट वॉक विश्वविद्यालय का 1000 वां दिन - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

काशी घाट वॉक विश्वविद्यालय का 1000 वां दिन वाराणसी की समृद्ध पारंपरिक संगीत परंपरा को समर्पित रहा। तुलसीघाट से शुरू होकर राजघाट तक हुए घाट वॉक के दौरान सभी ने अपने-अपने पसंदीदा शास्त्रीय संगीत के संगीतज्ञों को याद किया और युवा पीढ़ी को बताया कि हॉलीवुड और बॉलीवुड में जो आप संगीत सुनते है उसका मूल शास्त्रीय संगीत ही है। काशी के संगीत साधकों ने विदेशों में देश का झंडा बुलंद किया है।

विज्ञापन


भोजपुरी अध्ययन केंद्र  के समन्वयक प्रो. श्रीप्रकाश शुक्ला ने कहा कि स्पर्श वंचित कोरोना समय में काशी घाट वॉक हमारे लिए आश्वस्त का विषय है, जिसमें हम हर तरह के मानसिक दबाव से मुक्त हो सकते हैं। यह हम लोगों के लिए केवल स्वास्थ्य का मसला नहीं है, बल्कि हमारी चेतना का निर्माण भी इस माध्यम से होता है। पंडित राजन मिश्र ने जिस तरह परिवार की थाती को आगे बढ़ाया वह हमारे लिए गौरव का विषय है। जिस तरह अप्पा जी ठुमरी के लिए हमेशा याद रखी जाती हैं और वैसे ही राजन मिश्र हमेशा याद किए जाएंगे।  
विज्ञापन


काशी घाट वॉक के संस्थापक न्यूरोलॉजिस्ट प्रो. विजयनाथ मिश्र ने कहा कि संगीत का हमारे स्वास्थ्य से गहरा संबंध है। सपा नेता किशन दीक्षित ने कहा कि हम घाट के लोग हैं हमारी आत्मा काशी के घाटों पर ही बसती है। इस दौरान मनीष खत्री, अष्टभुजा मिश्रा, श्रुति मिश्रा, महादेव विनय, गोविंद सिंह, सदन यादव, राजू माझी, शिव विश्वकर्मा, कविता गोंड, राहुल सिंह, विवेक विश्वकर्मा शामिल रहे।

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed