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सहायक व प्रधान शिक्षक को बीएसए ने किया निलंबित
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उन्नाव। स्कूल में बिना सूचना के गैरहाजिर मिलने के बाद राजनीतिक दबाव बनाने पर एक सहायक शिक्षक और बीईओ बीआरसी ग्रुप पर अश्लील वीडियो भेजने पर एक प्रधान शिक्षक को बीएसए ने निलंबित कर दिया है।
सफीपुर ब्लॉक के खरगौरा कंपोजिट स्कूल में तैनात सहायक शिक्षक सुधीर सिंह कुशवाहा बीएसए के निरीक्षण के दौरान 7 अक्तूबर को बिना सूचना के गैरहाजिर मिले थे। उपस्थित तिथि का वेतन बीएसए ने रोका था। सहायक शिक्षक ने बीएसए के व्हाट्सएप नंबर पर राजनैतिक दबाव बनाते हुए कुछ माननीयों के नाम भेजे और उनसे अपनी रिश्तेदारी बताई। इस पर बीएसए ने उन्हें निलंबित कर दिया है। बीईओ असोहा को जांच अधिकारी बनाया गया है। जांच अधिकारी निलंबित शिक्षक को 15 दिन के अंदर आरोप पत्र देंगे। निलंबित सहायक शिक्षक के आरोप पत्र का उत्तर प्राप्त कर जांच अधिकारी आख्या लगाकर बीएसए को देंगे। तब तक निलंबित शिक्षक को बीईओ कार्यालय हिलौली संबद्ध कर दिया गया है।
वहीं पुरवा में संचालित बीईओ बीआरसी व्हाट्एसएप ग्रुप पर पासाखेड़ा उच्च प्राथमिक स्कूल में तैनात प्रधान शिक्षक संतोषीनंदन शुक्ला ने अश्लील वीडियो वायरल कर दिया। ग्रुप में करीब 250 लोग जुड़े हुए हैं। ग्रुप में जुडे़ लोगों ने इसकी शिकायत बीएसए से की। जांच मेें मामला सही मिलने पर आचरण नियमावली के तहत उन्हें निलंबित कर दिया गया है। मामले की जांच के लिए बीईओ बांगरमऊ को नामित किया गया है। जांच होने तक प्रधान शिक्षक मियागंज बीईओ कार्यालय संबद्ध किए गए हैं।
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बीएसए जय सिंह ने बताया कि दो शिक्षकों का निलंबन किया गया है। जांच अधिकारियों की आख्या के बाद ही आगे की कार्रवाई की जाएगी।
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वेतन वृद्धि बहाल होने के बाद भी शिक्षक को नहीं मिला लाभ
उन्नाव। सुमेरपुर ब्लॉक के बजौरा उच्च प्राथमिक स्कूल के प्रधान शिक्षक ने वेतन वृद्धि बहाल होने के बाद भी लेखा कार्यालय से लाभ न दिए जाने की शिकायत बीएसए से की है।
प्रधान शिक्षक स्वदेश कुमार का कहना है कि बीएसए स्तर से 16 नवंबर 2019 को वेतन निर्धारण के साथ ही तीन वेतन वृद्धि बहाल कर दी गई थी। उसके बाद भी बीईओ सुमेरपुर व लेखा विभाग की मिलीभगत से आज तक वेतन वृद्धियां मेरे मूल वेतन से नहीं जोड़ी गईं। यह वृद्धि साल 2007 से मूल वेतन से जोड़ दी गई होतीं तो मूल वेतन 64100 के स्थान पर 74,300 रुपये होता। शिक्षक ने बीएसए से वेतन वृद्धि मूल वेतन से जोड़ने की मांग की है। बीएसए जय सिंह ने बताया कि जानकारी हुई है। इसे दिखवाया जा रहा है।
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सफीपुर ब्लॉक के खरगौरा कंपोजिट स्कूल में तैनात सहायक शिक्षक सुधीर सिंह कुशवाहा बीएसए के निरीक्षण के दौरान 7 अक्तूबर को बिना सूचना के गैरहाजिर मिले थे। उपस्थित तिथि का वेतन बीएसए ने रोका था। सहायक शिक्षक ने बीएसए के व्हाट्सएप नंबर पर राजनैतिक दबाव बनाते हुए कुछ माननीयों के नाम भेजे और उनसे अपनी रिश्तेदारी बताई। इस पर बीएसए ने उन्हें निलंबित कर दिया है। बीईओ असोहा को जांच अधिकारी बनाया गया है। जांच अधिकारी निलंबित शिक्षक को 15 दिन के अंदर आरोप पत्र देंगे। निलंबित सहायक शिक्षक के आरोप पत्र का उत्तर प्राप्त कर जांच अधिकारी आख्या लगाकर बीएसए को देंगे। तब तक निलंबित शिक्षक को बीईओ कार्यालय हिलौली संबद्ध कर दिया गया है।
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वहीं पुरवा में संचालित बीईओ बीआरसी व्हाट्एसएप ग्रुप पर पासाखेड़ा उच्च प्राथमिक स्कूल में तैनात प्रधान शिक्षक संतोषीनंदन शुक्ला ने अश्लील वीडियो वायरल कर दिया। ग्रुप में करीब 250 लोग जुड़े हुए हैं। ग्रुप में जुडे़ लोगों ने इसकी शिकायत बीएसए से की। जांच मेें मामला सही मिलने पर आचरण नियमावली के तहत उन्हें निलंबित कर दिया गया है। मामले की जांच के लिए बीईओ बांगरमऊ को नामित किया गया है। जांच होने तक प्रधान शिक्षक मियागंज बीईओ कार्यालय संबद्ध किए गए हैं।
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बीएसए जय सिंह ने बताया कि दो शिक्षकों का निलंबन किया गया है। जांच अधिकारियों की आख्या के बाद ही आगे की कार्रवाई की जाएगी।
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वेतन वृद्धि बहाल होने के बाद भी शिक्षक को नहीं मिला लाभ
उन्नाव। सुमेरपुर ब्लॉक के बजौरा उच्च प्राथमिक स्कूल के प्रधान शिक्षक ने वेतन वृद्धि बहाल होने के बाद भी लेखा कार्यालय से लाभ न दिए जाने की शिकायत बीएसए से की है।
प्रधान शिक्षक स्वदेश कुमार का कहना है कि बीएसए स्तर से 16 नवंबर 2019 को वेतन निर्धारण के साथ ही तीन वेतन वृद्धि बहाल कर दी गई थी। उसके बाद भी बीईओ सुमेरपुर व लेखा विभाग की मिलीभगत से आज तक वेतन वृद्धियां मेरे मूल वेतन से नहीं जोड़ी गईं। यह वृद्धि साल 2007 से मूल वेतन से जोड़ दी गई होतीं तो मूल वेतन 64100 के स्थान पर 74,300 रुपये होता। शिक्षक ने बीएसए से वेतन वृद्धि मूल वेतन से जोड़ने की मांग की है। बीएसए जय सिंह ने बताया कि जानकारी हुई है। इसे दिखवाया जा रहा है।