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Unnao News: कानपुर-लखनऊ एक्सप्रेसवे पर बारिश से मिट्टी कटी
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अचलगंज/असोहा। तेज बारिश से कानपुर-लखनऊ एक्सप्रेसवे की साइड पटरी की चार स्थानों पर मिट्टी कट गई। निर्माण एजेंसी पीएनसी ने पोकलैंड मशीन से खोदाई कर खराब मिट्टी निकालने के बाद कंक्रीट भरवाई। कुछ स्थानों पर सड़क का पानी देर से निकलने की समस्या पर साइड पटरी और नाली की मरम्मत की गई। दावा है कि सुधार का काम लगभग पूरा हो गया है। छिटपुट कमियों को भी ठीक किया जा रहा है।
कानपुर-लखनऊ एक्सप्रेसवे रोज कहीं-न-कहीं मिट्टी कटने, सड़क की पटरी धंसने की समस्या सामने आ रही है। शनिवार को कानपुर से लखनऊ जाने वाली लेन पर किलोमीटर संख्या 69.9 कोरारी गांव के सामने बारिश का पानी नाली के बजाय दूसरे स्थान से निकलने से करीब पांच स्थानों पर दो मीटर दायरे में मिट्टी बह गई। जानकारी होने पर निर्माण एजेंसी पीएनसी ने पोकलैंड मशीनों से गीली रेतीली मिट्टी को हटवाकर कंक्रीट भरवाई।
वहीं बारिश के दौरान लखनऊ से कानपुर लेन पर किलोमीटर संख्या 66.5 पर करीब 20 मीटर दायरे में नालियां (व्हील ट्रैक) नजर आईं। हालांकि एनएचएआई का कहना है कि बारिश रुकने के बाद यहां पर ओवरले कराई जाएगी। लखनऊ से कानपुर लेन पर किमी संख्या 50.6 जगेथा गांव के पास सड़क किनारे की मिट्टी कट गई है।
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भारी वाहन चलें तो पता चले हकीकत
एक्सप्रेसवे पर कई स्थानों पर सड़क दबने की समस्या होने पर एनएचएआई ने छह अगस्त को भारी वाहनों के लखनऊ की ओर जाने पर रोक लगा थी। पिछले 24 दिनों से यह रोक जारी है। जानकारों का मानना है कि जब भारी वाहनों पर लगी रोक हटेगी तभी पुख्ता मरम्मत के दावों की हकीकत का पता चल पाएगा।
वर्जन...
एक्सप्रेसवे में जहां भी छोटी-से-छोटी कमी दिख रही है, उसकी तत्काल मरम्मत कराई जा रही है। बारिश की वजह से ग्रीनफील्ड के हिस्से में रेनकट समस्या हो रही है। काफी सुधार कराया जा चुका है, जो बचे हैं उन्हें भी पूरी तरह ठीक कराया जा रहा है।-नवरतन-पीडी एनएचएआई।
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कानपुर-लखनऊ एक्सप्रेसवे रोज कहीं-न-कहीं मिट्टी कटने, सड़क की पटरी धंसने की समस्या सामने आ रही है। शनिवार को कानपुर से लखनऊ जाने वाली लेन पर किलोमीटर संख्या 69.9 कोरारी गांव के सामने बारिश का पानी नाली के बजाय दूसरे स्थान से निकलने से करीब पांच स्थानों पर दो मीटर दायरे में मिट्टी बह गई। जानकारी होने पर निर्माण एजेंसी पीएनसी ने पोकलैंड मशीनों से गीली रेतीली मिट्टी को हटवाकर कंक्रीट भरवाई।
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वहीं बारिश के दौरान लखनऊ से कानपुर लेन पर किलोमीटर संख्या 66.5 पर करीब 20 मीटर दायरे में नालियां (व्हील ट्रैक) नजर आईं। हालांकि एनएचएआई का कहना है कि बारिश रुकने के बाद यहां पर ओवरले कराई जाएगी। लखनऊ से कानपुर लेन पर किमी संख्या 50.6 जगेथा गांव के पास सड़क किनारे की मिट्टी कट गई है।
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भारी वाहन चलें तो पता चले हकीकत
एक्सप्रेसवे पर कई स्थानों पर सड़क दबने की समस्या होने पर एनएचएआई ने छह अगस्त को भारी वाहनों के लखनऊ की ओर जाने पर रोक लगा थी। पिछले 24 दिनों से यह रोक जारी है। जानकारों का मानना है कि जब भारी वाहनों पर लगी रोक हटेगी तभी पुख्ता मरम्मत के दावों की हकीकत का पता चल पाएगा।
वर्जन...
एक्सप्रेसवे में जहां भी छोटी-से-छोटी कमी दिख रही है, उसकी तत्काल मरम्मत कराई जा रही है। बारिश की वजह से ग्रीनफील्ड के हिस्से में रेनकट समस्या हो रही है। काफी सुधार कराया जा चुका है, जो बचे हैं उन्हें भी पूरी तरह ठीक कराया जा रहा है।-नवरतन-पीडी एनएचएआई।