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Unnao News: जिला अस्पताल में बुखार और सांस के तीन मरीजों की मौत
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उन्नाव। बुखार और सांस के तीन मरीजों की इलाज के दौरान मौत हो गई। वहीं, डायरिया, पेट दर्द और बुखार से पीड़ित 21 और मरीजों को भर्ती किया गया है।
परियर क्षेत्र के कल्याणपुर सिद्धनाथ की पत्नी शांति देवी (65) की कई दिन से तबीयत खराब थी। बुधवार देर शाम तबीयत अधिक बिगड़ने पर परिजन उन्हें लेकर जिला अस्पताल पहुंचे। यहां डॉक्टरों ने उन्हें इमरजेंसी वार्ड में भर्ती किया। जहां इलाज के दौरान गुरुवार भोर पहर उनकी मौत हो गई। वहीं, सदर क्षेत्र के सरौसी गांव के जमुना प्रसाद की पत्नी उमा देवी (60) को कई दिन से बुखार आ रहा था। बुधवार देर शाम तबीयत बिगड़ने पर परिजनों ने इमरजेंसी वार्ड में भर्ती कराया। जहां इलाज के दौरान उनकी भी मौत हो गई।
इसके अलावा नवाबगंज क्षेत्र के चमरौली गांव निवासी रामसुंदर की पत्नी नन्ही (74) को सांस लेने में तकलीफ होने पर गुरुवार को परिजन जिला अस्पताल लेकर पहुंचे। यहां डॉक्टरों ने उन्हें इमरजेंसी वार्ड में भर्ती किया। जहां इलाज के दौरान भी मौत हो गई। वहीं, डायरिया, बुखार, पेटदर्द के 21 गंभीर मरीज इमरजेंसी वार्ड पहुंचे। डॉक्टरों ने सभी को की जांच कर भर्ती किया। जहां सभी का इलाज चल रहा है। मरीजों की संख्या बढ़ने पर वार्ड में बेड कम पड़ गए। इससे एक बेड पर दो-दो मरीजों को भर्ती कर इलाज किया गया।
गर्मी से बचाव के लिए डॉक्टर की सलाह
जिला अस्पताल के फिजीशियन डॉक्टर कौशलेंद्र प्रकाश ने बताया कि गर्मी से बचाव के लिए जितना हो सके घर से बाहर न निकलें। कोई जरूरी काम होने पर अगर बाहर निकलना पड़े तो सिर को ठीक तरह से ढक लें, इसके अलावा रोजाना औसतन सात से आठ लीटर पानी जरूर पिएं। ताजी हरी पत्तेदार सब्जियों का सेवन करें। नारियल पानी व फलों का सेवन अधिक करें। पानी में ओरआरएस डालकर पिएं। अधिक परेशानी होने पर डॉक्टर की सलाह लें।
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परियर क्षेत्र के कल्याणपुर सिद्धनाथ की पत्नी शांति देवी (65) की कई दिन से तबीयत खराब थी। बुधवार देर शाम तबीयत अधिक बिगड़ने पर परिजन उन्हें लेकर जिला अस्पताल पहुंचे। यहां डॉक्टरों ने उन्हें इमरजेंसी वार्ड में भर्ती किया। जहां इलाज के दौरान गुरुवार भोर पहर उनकी मौत हो गई। वहीं, सदर क्षेत्र के सरौसी गांव के जमुना प्रसाद की पत्नी उमा देवी (60) को कई दिन से बुखार आ रहा था। बुधवार देर शाम तबीयत बिगड़ने पर परिजनों ने इमरजेंसी वार्ड में भर्ती कराया। जहां इलाज के दौरान उनकी भी मौत हो गई।
इसके अलावा नवाबगंज क्षेत्र के चमरौली गांव निवासी रामसुंदर की पत्नी नन्ही (74) को सांस लेने में तकलीफ होने पर गुरुवार को परिजन जिला अस्पताल लेकर पहुंचे। यहां डॉक्टरों ने उन्हें इमरजेंसी वार्ड में भर्ती किया। जहां इलाज के दौरान भी मौत हो गई। वहीं, डायरिया, बुखार, पेटदर्द के 21 गंभीर मरीज इमरजेंसी वार्ड पहुंचे। डॉक्टरों ने सभी को की जांच कर भर्ती किया। जहां सभी का इलाज चल रहा है। मरीजों की संख्या बढ़ने पर वार्ड में बेड कम पड़ गए। इससे एक बेड पर दो-दो मरीजों को भर्ती कर इलाज किया गया।
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गर्मी से बचाव के लिए डॉक्टर की सलाह
जिला अस्पताल के फिजीशियन डॉक्टर कौशलेंद्र प्रकाश ने बताया कि गर्मी से बचाव के लिए जितना हो सके घर से बाहर न निकलें। कोई जरूरी काम होने पर अगर बाहर निकलना पड़े तो सिर को ठीक तरह से ढक लें, इसके अलावा रोजाना औसतन सात से आठ लीटर पानी जरूर पिएं। ताजी हरी पत्तेदार सब्जियों का सेवन करें। नारियल पानी व फलों का सेवन अधिक करें। पानी में ओरआरएस डालकर पिएं। अधिक परेशानी होने पर डॉक्टर की सलाह लें।
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