{"_id":"656b7353f7f9b2c25803f926","slug":"spraying-of-fertilizer-and-pesticide-started-in-potato-crop-by-drone-unnao-news-c-12-1-knp1074-495939-2023-12-02","type":"story","status":"publish","title_hn":"Unnao News: आलू की फसल में ड्रोन से खाद व कीटनाशक का छिड़काव शुरू","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Unnao News: आलू की फसल में ड्रोन से खाद व कीटनाशक का छिड़काव शुरू
Sat, 02 Dec 2023 11:41 PM IST
कानपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, उन्नाव
संवाद न्यूज एजेंसी, उन्नाव
Updated Sat, 02 Dec 2023 11:41 PM IST
विज्ञापन
उन्नाव। इफ्को ने पायलट प्रोजेक्ट के रूप में जिले में फसलों पर ड्रोन से नैनो यूरिया और कीटनाशकों का छिड़काव शुरू कराया है। अधिकारियों का दावा है कि इससे किसानों को अतिरिक्त श्रम, समय और पैसे की बचत होगी।
किसानों की आय बढ़ाने के लिए सरकार खेती को आधुनिक तकनीक से कराने पर जोर दे रही है। विकसित भारत संकल्प यात्रा के दौरान इफ्को ने उन्नाव जिले को आठ ड्रोन दिए हैं। इसके माध्यम से किसानों की फसलों में नैनो यूरिया और डीएपी का मुफ्त में छिड़काव कराया जाएगा। इसकी शुरुआत शनिवार को अलग-अलग स्थानों पर हुई। कृषि उप निदेशक डॉ. मुकुल तिवारी और इफ्को के क्षेत्रीय अधिकारी अनुज शुक्ला ने सिकंदरपुर सरोसी ब्लाक के दोस्तीनगर में प्रगतिशील किसान वीरेंद्र सिंह सहित अन्य किसानों के खेत में आलू की फसल में नैनो यूरिया का छिड़काव किया गया। इसके साथ ही हसनगंज ब्लाक की ग्राम पंचायत आवागोझा में किसानों की आलू सहित अन्य फसलों पर ड्रोन के माध्यम से फसलों पर कीटनाशक छिड़काव कराया गया है।
सभी ग्राम पंचायतों में होगा छिड़काव
इफ्को के अनुज शुक्ला ने बताया कि अभी ड्रोन विकसित भारत संकल्प यात्रा के साथ चल रहे हैं। यात्रा 23 नवंबर से शुरू हो गई है जो 26 जनवरी 2024 तक चलेगी। इन दो महीने में सभी ग्राम पंचायतों में प्रत्येक दिन दो से तीन किसानों के खेत में ड्रोन के माध्यम से नि.शुल्क छिड़काव कराया जाएगा। अब तक 42 किसानों के खेत में छिड़काव कराया जा चुका है। दावा किया कि ड्रोन से उर्वरक एवं दवाओं के छिड़काव में जहां लागत कम आएगी, वहीं समय के साथ पानी की बचत होगी। इफको द्वारा दिए गए ड्रोन की टंकी दस लीटर की है। यह ड्रोन 10 से 15 मिनट में एक एकड़ में छिड़काव कर देगा। जबकि मशीनों से एक एकड़ के छिड़काव में आठ से 10 घंटे लगते हैं। वहीं एक एकड़ में एक बोतल नैनो डीएपी व यूरिया का प्रयोग होता है। यूरिया 225 रुपये और डीएपी 600 रुपये की है। इन उत्पादों में केमिकल नहीं होता है। इसे पर्यावरण प्रदूषण नहीं होता है। मृदा भी स्वस्थ रहती है तथा कृषि कार्य के लिए पानी की 90% तक की बचत की जा सकती है।
विज्ञापन
विज्ञापन
किसानों की आय बढ़ाने के लिए सरकार खेती को आधुनिक तकनीक से कराने पर जोर दे रही है। विकसित भारत संकल्प यात्रा के दौरान इफ्को ने उन्नाव जिले को आठ ड्रोन दिए हैं। इसके माध्यम से किसानों की फसलों में नैनो यूरिया और डीएपी का मुफ्त में छिड़काव कराया जाएगा। इसकी शुरुआत शनिवार को अलग-अलग स्थानों पर हुई। कृषि उप निदेशक डॉ. मुकुल तिवारी और इफ्को के क्षेत्रीय अधिकारी अनुज शुक्ला ने सिकंदरपुर सरोसी ब्लाक के दोस्तीनगर में प्रगतिशील किसान वीरेंद्र सिंह सहित अन्य किसानों के खेत में आलू की फसल में नैनो यूरिया का छिड़काव किया गया। इसके साथ ही हसनगंज ब्लाक की ग्राम पंचायत आवागोझा में किसानों की आलू सहित अन्य फसलों पर ड्रोन के माध्यम से फसलों पर कीटनाशक छिड़काव कराया गया है।
विज्ञापन
सभी ग्राम पंचायतों में होगा छिड़काव
इफ्को के अनुज शुक्ला ने बताया कि अभी ड्रोन विकसित भारत संकल्प यात्रा के साथ चल रहे हैं। यात्रा 23 नवंबर से शुरू हो गई है जो 26 जनवरी 2024 तक चलेगी। इन दो महीने में सभी ग्राम पंचायतों में प्रत्येक दिन दो से तीन किसानों के खेत में ड्रोन के माध्यम से नि.शुल्क छिड़काव कराया जाएगा। अब तक 42 किसानों के खेत में छिड़काव कराया जा चुका है। दावा किया कि ड्रोन से उर्वरक एवं दवाओं के छिड़काव में जहां लागत कम आएगी, वहीं समय के साथ पानी की बचत होगी। इफको द्वारा दिए गए ड्रोन की टंकी दस लीटर की है। यह ड्रोन 10 से 15 मिनट में एक एकड़ में छिड़काव कर देगा। जबकि मशीनों से एक एकड़ के छिड़काव में आठ से 10 घंटे लगते हैं। वहीं एक एकड़ में एक बोतल नैनो डीएपी व यूरिया का प्रयोग होता है। यूरिया 225 रुपये और डीएपी 600 रुपये की है। इन उत्पादों में केमिकल नहीं होता है। इसे पर्यावरण प्रदूषण नहीं होता है। मृदा भी स्वस्थ रहती है तथा कृषि कार्य के लिए पानी की 90% तक की बचत की जा सकती है।
विज्ञापन