{"_id":"1ecf0e7b5ddaebedd9fb2b7b27ec526d","slug":"mkdumshah-shafi-urs-descended-akidtmnd-hindi-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"मखदूमशाह शफी के उर्स में उमड़े अकीदतमंद","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
मखदूमशाह शफी के उर्स में उमड़े अकीदतमंद
अमर उजाला ब्यूरो, उन्नाव
Updated Fri, 06 Nov 2015 12:55 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
मखदुम शाहसफी का 514 वां सालाना उर्स बुधवार रात मजलिस के साथ हुआ। वही मजार के शमाखाने में आयोजित महफिल कुल शरीफ व फातिहा में मुरीदों का हुजूम उमड़ा। वहीं मुरीदों का मजार पर चादर चढाने और दुआएं मांगने का सिलसिला जारी है।
विज्ञापन
सफीपुर कसबा के मोह्ला पीरजादगान स्थित मखदुम शाहसफी के सलाना उर्स के दूसरे दिन बुधवार को दरगाह में आयोजित कुलशरीफ के बाद सज्जादा नशीन रहे नूर मियॉ की मजार पर महफिल का आयोजन किया गया। मशहूर कव्वालों में पीर की शान में नजरानें अकीदत पेश किए। तिलावतें पाक के मजार का गुस्ल सम्पन्न हुआ। आए हुए मुरीदों ने शिरकत की और गुस्ल का पानी लिया। मगरीब की नमाज के बाद सज्जादा नशी समदी मोहम्मद फारूकी के आवास पर फातेहा पढ़ा गया। जिसमें मुरीदों की भारी भीड़ रही। शाह सफी के उर्स के अंतिम दिन कार्यक्रम में आवास पर ही आयोजित मजलिस कों बिहार मधुबनी सें आए मौलाना आरिफ इकबाल मिस्बाही ने संबोधित कर करबला के तपते रेगिस्तान पर शहीद इमाम हुसैन सहित 72 शाहदातों पर रोशनी डाली। इस मौके पर समदी मियां व उनके छोटे भाई अफजाल मियां नें दुआएं की व मजलिस में आए हुए मेहमानों का शुक्रिया अदा किया।
विज्ञापन