{"_id":"5f00da2d8ebc3e42bb684ce3","slug":"court-set-up-on-notice-of-vikas-dubey-s-surrender-unnao-news-knp5693522127","type":"story","status":"publish","title_hn":"विकास दुबे के आत्मसमर्पण की सूचना पर न्यायालय बना छावनी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
विकास दुबे के आत्मसमर्पण की सूचना पर न्यायालय बना छावनी
विज्ञापन
न्यायालय परिसर में मौजूद पुलिस कर्मियों को दिशा निर्देश देते उत्तरी व दक्षिणी एएसपी विनोद कुमार
- फोटो : UNNAO
अचलगंज(उन्नाव)। कानपुर में सीओ समेत 8 पुलिस कर्मियों पर गोलियां बरसाने वाले अपराधी विकास दुबे के उन्नाव न्यायालय में आत्मसमर्पण करने की सूचना पर पुलिस पूरे दिन अलर्ट रही। सुबह से ही न्यायालय परिसर छावनी में तब्दील हो गया। एएसपी उत्तरी व सीओ सिटी ने सदर कोतवाली पुलिस बल के अलावा स्वाट, सर्विलांस व एलआईयू टीम ने चप्पे-चप्पे पर नजर रखी। कानपुर की स्वाट टीम भी न्यायालय के आसपास संदिग्ध वाहनों पर नजर गड़ाए रही। हालांकि शाम 4 बजे के बाद पुलिस लौट गई। सीओ के अनुसार विकास दुबे व पत्रकार शुभममणि हत्याकांड के आरोपी मुख्य शूटर के न्यायालय में आत्मसमर्पण का इनपुट मिला था।
अपराधी विकास दुबे को पकड़ने के लिए शासन के निर्देश पर पुलिस व अन्य एजेंसिया चप्पा-चप्पा खंगाल रही हैं। उन्नाव जिला कानपुर की सीमा से सटा होने से यहां भी अलर्ट है। पुलिस सूत्रों के अनुसार शनिवार सुबह एसटीएफ लखनऊ से उन्नाव पुलिस को इनपुट मिला कि एनकाउंटर के डर से विकास दुबे उन्नाव न्यायालय में आत्मसमर्पण कर सकता है। इस पर एएसपी उत्तरी विनोद कुमार पांडेय, सीओ सिटी यादवेंद्र यादव, सदर कोतवाल दिनेश चंद्र मिश्र, एलआईयू, स्वाट व सर्विलांस टीम के साथ न्यायालय परिसर पहुंच गए। कुछ पुलिस कर्मी सादी वर्दी में भी न्यायालय परिसर, गेट व आसपास सड़कों पर तैनात कर दिए गए। भारी पुलिस की न्यायालय में मौजूदगी देख वकीलों व वादकारियों में भी काफी चर्चा रही।
सीओ सिटी यादवेंद्र यादव ने बताया कि शुभममणि हत्याकांड के शूटर के शनिवार को न्यायालय में आत्मसमर्पण करने की सूचना मिली थी। जिस पर पुलिस बल को न्यायालय परिसर में तैनात किया गया था। विकास दुबे के आत्मसमर्पण के सवाल पर बताया कि कानपुर की घटना के बाद प्रदेश भर में अलर्ट है। उन्नाव में उसके आने की सूचना पर अलर्ट किया गया है। उसके न्यायालय में समर्पण करने के अंदेशे पर सतर्कता बढ़ाई गई थी।
विज्ञापन
एएसपी विनोद कुमार पांडेय ने बताया कि विकास दुबे को लेकर डीजीपी के निर्देश पर प्रदेश में अलर्ट है। जिले की सीमाओं पर घटना के बाद से लगातार वाहनों को चेक किया जा रहा है। न्यायालय में समर्पण की भी आशंका पर सतर्कता बरती गई।
शहर से एक रिश्तेदार को उठाने की चर्चा
शनिवार सुबह से ही इस बात की जोराें पर चर्चा रही कि अपराधी विकास दुबे का कोई रिश्तेदार शहर के मोहल्ला पीडी नगर में रहता है। शुक्रवार रात एसटीएफ कानपुर व लखनऊ ने पीडीनगर स्थित घर में छापा मारकर उसके रिश्तेदार को उठाया है। शनिवार को उसके घर में ताला लगा रहा। हालांकि इसकी आधिकारिक पुष्टि नहीं हो सकी है।
पुलिस ने करौंदी गांव में दी दबिश
शुक्रवार रात को अचलगंज पुलिस ने करौंदी गांव में रहने वाले विकास दुबे के रिश्तेदार के घर पर दबिश दी। यहां पुलिस को ताला लगा मिला। पुलिस ने अंदर जाकर देखा तो वहां कोई नहीं मिला। ग्रामीणों ने बताया कि काफी समय से यह परिवार शहर में रह रहा है। ग्रामीणों ने पुलिस को बताया कि विकास की बहन की शादी करौंदी गांव में हुई थी। वर्ष 2001 में राज्यमंत्री संतोष शुक्ल की हत्या के बाद भी स्थानीय पुलिस ने रिश्तेदार के घर दबिश दी थी पर यहां कोई नहीं मिला था। एक दशक से विकास का यहां आना नहीं हुआ।
विज्ञापन
अपराधी विकास दुबे को पकड़ने के लिए शासन के निर्देश पर पुलिस व अन्य एजेंसिया चप्पा-चप्पा खंगाल रही हैं। उन्नाव जिला कानपुर की सीमा से सटा होने से यहां भी अलर्ट है। पुलिस सूत्रों के अनुसार शनिवार सुबह एसटीएफ लखनऊ से उन्नाव पुलिस को इनपुट मिला कि एनकाउंटर के डर से विकास दुबे उन्नाव न्यायालय में आत्मसमर्पण कर सकता है। इस पर एएसपी उत्तरी विनोद कुमार पांडेय, सीओ सिटी यादवेंद्र यादव, सदर कोतवाल दिनेश चंद्र मिश्र, एलआईयू, स्वाट व सर्विलांस टीम के साथ न्यायालय परिसर पहुंच गए। कुछ पुलिस कर्मी सादी वर्दी में भी न्यायालय परिसर, गेट व आसपास सड़कों पर तैनात कर दिए गए। भारी पुलिस की न्यायालय में मौजूदगी देख वकीलों व वादकारियों में भी काफी चर्चा रही।
विज्ञापन
सीओ सिटी यादवेंद्र यादव ने बताया कि शुभममणि हत्याकांड के शूटर के शनिवार को न्यायालय में आत्मसमर्पण करने की सूचना मिली थी। जिस पर पुलिस बल को न्यायालय परिसर में तैनात किया गया था। विकास दुबे के आत्मसमर्पण के सवाल पर बताया कि कानपुर की घटना के बाद प्रदेश भर में अलर्ट है। उन्नाव में उसके आने की सूचना पर अलर्ट किया गया है। उसके न्यायालय में समर्पण करने के अंदेशे पर सतर्कता बढ़ाई गई थी।
विज्ञापन
एएसपी विनोद कुमार पांडेय ने बताया कि विकास दुबे को लेकर डीजीपी के निर्देश पर प्रदेश में अलर्ट है। जिले की सीमाओं पर घटना के बाद से लगातार वाहनों को चेक किया जा रहा है। न्यायालय में समर्पण की भी आशंका पर सतर्कता बरती गई।
शहर से एक रिश्तेदार को उठाने की चर्चा
शनिवार सुबह से ही इस बात की जोराें पर चर्चा रही कि अपराधी विकास दुबे का कोई रिश्तेदार शहर के मोहल्ला पीडी नगर में रहता है। शुक्रवार रात एसटीएफ कानपुर व लखनऊ ने पीडीनगर स्थित घर में छापा मारकर उसके रिश्तेदार को उठाया है। शनिवार को उसके घर में ताला लगा रहा। हालांकि इसकी आधिकारिक पुष्टि नहीं हो सकी है।
पुलिस ने करौंदी गांव में दी दबिश
शुक्रवार रात को अचलगंज पुलिस ने करौंदी गांव में रहने वाले विकास दुबे के रिश्तेदार के घर पर दबिश दी। यहां पुलिस को ताला लगा मिला। पुलिस ने अंदर जाकर देखा तो वहां कोई नहीं मिला। ग्रामीणों ने बताया कि काफी समय से यह परिवार शहर में रह रहा है। ग्रामीणों ने पुलिस को बताया कि विकास की बहन की शादी करौंदी गांव में हुई थी। वर्ष 2001 में राज्यमंत्री संतोष शुक्ल की हत्या के बाद भी स्थानीय पुलिस ने रिश्तेदार के घर दबिश दी थी पर यहां कोई नहीं मिला था। एक दशक से विकास का यहां आना नहीं हुआ।