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कृषि कानूनों के विरोध में किसानों का प्रदर्शन
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सुल्तानपुर। अखिल भारतीय किसान संघर्ष समन्वय समिति के बैनर तले किसानों ने शुक्रवार को कृषि कानूनों के विरोध में शहर के तिकोनिया पार्क में प्रदर्शन किया। प्रदर्शन में किसानों की दिल्ली रैली के आंदोलन का समर्थन किया गया। प्रदर्शन के बाद राष्ट्रपति को संबोधित ज्ञापन जिला प्रशासन को दिया गया।
पूर्व निर्धारित कार्यक्रम के अंतर्गत शुक्रवार को शहर के तिकोनिया पार्क में अखिल भारतीय किसान संघर्ष समन्वय समिति के बैनर तले किसानों का जमावड़ा लगा। समिति के जिला संयोजक शारदा प्रसाद पांडेय ने कहा कि किसान पिछले तीन माह से सरकार के किसान विरोधी कानूनों के खिलाफ लगातार संघर्ष कर रहे हैं।
सरकार किसानों की बात सुनने को तैयार ही नहीं है। किसान नेता बाबूराम यादव ने कहा कि सरकार के इन कानूनों का असर दिखना शुरू हो गया है। किसान अपना धान आठ से 10 रुपये प्रति किलो के हिसाब से बेचने को मजबूर हो गया है। व्यापारियों ने आलू का भंडारण शुरू कर दिया है। आज इसकी कीमत 50 रुपये प्रति किलो तक पहुंच गई है।
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राधेश्याम वर्मा ने कहा कि किसानों के जत्थों को दिल्ली पहुंचने से रोकने के लिए जिस तरह के कदम उठा रही है। वह निंदनीय है। रामप्रकाश उर्फ गुड्डू ने कहा कि किसान अपने कदम पीछे नही हटाएंगे। किसान नेता रामप्यारे वर्मा ने कहा कि इन कानूनों के खिलाफ हम अपने जनपद में आंदोलन को विकसित करेंगे।
प्रदर्शन के बाद समिति के एक प्रतिनिधि मंडल ने राष्ट्रपति को संबोधित ज्ञापन जिला प्रशासन को दिया। अखिल भारतीय किसान सभा से मो. सैफ, एसएफआई से विवेक विक्रम सिंह और सौरभ मिश्रा, एआईएसएफ से नोमान खान, डीवाईएफआई से शिवपूजन पांडेय व शशांक पांडेय, खेत मजदूर यूनियन से ओमप्रकाश और लायर्स यूनियन से नरोत्तम शुक्ल ने इस आंदोलन को समर्थन दिया।
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पूर्व निर्धारित कार्यक्रम के अंतर्गत शुक्रवार को शहर के तिकोनिया पार्क में अखिल भारतीय किसान संघर्ष समन्वय समिति के बैनर तले किसानों का जमावड़ा लगा। समिति के जिला संयोजक शारदा प्रसाद पांडेय ने कहा कि किसान पिछले तीन माह से सरकार के किसान विरोधी कानूनों के खिलाफ लगातार संघर्ष कर रहे हैं।
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सरकार किसानों की बात सुनने को तैयार ही नहीं है। किसान नेता बाबूराम यादव ने कहा कि सरकार के इन कानूनों का असर दिखना शुरू हो गया है। किसान अपना धान आठ से 10 रुपये प्रति किलो के हिसाब से बेचने को मजबूर हो गया है। व्यापारियों ने आलू का भंडारण शुरू कर दिया है। आज इसकी कीमत 50 रुपये प्रति किलो तक पहुंच गई है।
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राधेश्याम वर्मा ने कहा कि किसानों के जत्थों को दिल्ली पहुंचने से रोकने के लिए जिस तरह के कदम उठा रही है। वह निंदनीय है। रामप्रकाश उर्फ गुड्डू ने कहा कि किसान अपने कदम पीछे नही हटाएंगे। किसान नेता रामप्यारे वर्मा ने कहा कि इन कानूनों के खिलाफ हम अपने जनपद में आंदोलन को विकसित करेंगे।
प्रदर्शन के बाद समिति के एक प्रतिनिधि मंडल ने राष्ट्रपति को संबोधित ज्ञापन जिला प्रशासन को दिया। अखिल भारतीय किसान सभा से मो. सैफ, एसएफआई से विवेक विक्रम सिंह और सौरभ मिश्रा, एआईएसएफ से नोमान खान, डीवाईएफआई से शिवपूजन पांडेय व शशांक पांडेय, खेत मजदूर यूनियन से ओमप्रकाश और लायर्स यूनियन से नरोत्तम शुक्ल ने इस आंदोलन को समर्थन दिया।