{"_id":"6866cde84020c32c0e0ce3dd","slug":"persistence-is-essential-for-success-sultanpur-news-c-103-1-slp1007-136321-2025-07-04","type":"story","status":"publish","title_hn":"Sultanpur News: कामयाबी के लिए मेहनत के साथ निरंतरता भी जरूरी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Sultanpur News: कामयाबी के लिए मेहनत के साथ निरंतरता भी जरूरी
Fri, 04 Jul 2025 12:07 AM IST
लखनऊ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, सुल्तानपुर
संवाद न्यूज एजेंसी, सुल्तानपुर
Updated Fri, 04 Jul 2025 12:07 AM IST
विज्ञापन
मेधावी छात्रा को मेडल पहनातीं जॉइंट मजिस्ट्रेट गामिनी सिंगला।
- फोटो : मेधावी छात्रा को मेडल पहनातीं जॉइंट मजिस्ट्रेट गामिनी सिंगला।
सुल्तानपुर। कामयाबी के लिए मेहनत के साथ-साथ निरंतरता भी बहुत जरूरी है। जब तक सही लक्ष्य तय कर उसके सापेक्ष मेहनत नहीं होगी, सफलता नहीं मिल सकेगी। ये बातें बृहस्पतिवार को कमला नेहरू संस्थान के फरीदीपुर परिसर में आयोेजित अमर उजाला भविष्य ज्योति कार्यक्रम में बतौर मुख्य अतिथि व जाॅइंट मजिस्ट्रेट गामिनी सिंगला ने मेधावियोें को संबोधित करते हुए कहीं।
अमर उजाला भविष्य ज्योति कार्यक्रम का शुभारंभ मुख्य अतिथि गामिनी सिंगला, डीआईओएस सूर्यप्रकाश सिंह, एडीआईओएस जटा शंकर यादव, प्रो. महेश प्रसाद, केएनआईसीई करौंदिया के प्रधानाचार्य डॉ. एनडी सिंह ने दीप प्रज्ज्वलन कर किया।
गामिनी सिंगला ने कहा कि मैंने भी बीटेक किया था। नौकरी के दौरान ठाना था कि मुझे सिविल सर्विस में जाना है। नौकरी छोड़कर तैयारी शुरू की। पहले प्रयास में सफलता भी नहीं मिली। अपनी पढ़ाई का तरीका बदला, खुद से पढ़ाई के लिए कैलेंडर तैयार किया। दूसरे प्रयास में मुझे सफलता हासिल हुई।
विज्ञापन
उन्होंने कहा कि सफलता के लिए कोई शॉर्टकट नहीं है। कड़ी मेहनत और निरंतरता सबसे महत्वपूर्ण है। कहा कि जितना समय युवा रील देखने में बिता रहे हैं, उतना समय पढ़ाई में लगाएं तो उन्हें कामयाब होने से कोई नहीं रोक सकता।
कार्यक्रम में श्री विश्वनाथ इंंटर कॉलेज कलान, सेंट जेवियर्स सीनियर सेकेंडरी स्कूल, नवयुग इंटरनेशनल स्कूल दोस्तपुर, राज मॉटेंसरी स्कूल सेमरीबाजार, यश कॉन्वेंट स्कूल सौरमऊ, कमला नेहरू बाल शिक्षण संस्थान करौंदिया, कमला नेहरू बाल शिक्षण संस्थान लालडिग्गी, अवध पब्लिक स्कूल सेमरी बाजार के मेधावियों को सम्मानित किया गया। मेधावियों को मुख्य अतिथि गामिनी सिंगला और विशिष्ट अतिथि डीआईओएस सूर्यप्रकाश सिंह ने मेडल व प्रमाण पत्र देकर सम्मानित किया। सम्मान पाकर मेधावियों के चेहरे खिल उठे।
मेधावियों ने किए सवाल तो मिला जिज्ञासाओं का समाधान
कार्यक्रम में शामिल हुए मेधावियों ने मुख्यअतिथि से सवाल पूछकर अपनी जिज्ञासाओं का समाधान किया। मेधावी छात्र अहमद शमीम ने तैयारी के तौर-तरीकों के बारे में सवाल पूछा। जवाब देते हुए आईएएस गामिनी सिंगला ने कहा कि खुद कैलेंडर बनाकर तैयारी करें। जरूरी नहीं है कि एक दिन में ज्यादा पढ़ लें और तीन दिन अंतराल कर दें। श्री विश्वनाथ इंटर कॉलेज की छात्रा अंशिका सिंह ने पूछा कि पढ़ाई और खेल के बीच सामंजस्य कैसे बिठाएं। जवाब में ज्वाइंट मजिस्ट्रेट ने बताया कि सुबह जल्दी उठने का प्रयास करेें ताकि, पढ़ाई और खेल दोनों के लिए समय मिल सके। छात्रा स्नेहा ने सिविल सर्विस की तैयारी कैसे की जाए, इसकी जानकारी चाही। उत्तर देते हुए गामिनी सिंगला ने कहा कि जब किसी लक्ष्य को साधकर सही दिशा में प्रयास किया जाता है, तो सफलता हासिल होती है। स्वयं से ईमानदार रहें, पढ़ाई के साथ-साथ अतिरिक्त गतिविधियों में भी प्रतिभाग करते रहें।
कॅरिअर पर करें फोेकस
आईएएस गामिनी सिंगला ने कहा कि कॅरिअर को लेकर विशेष फोकस रखने की जरूरत है। जिस क्षेत्र में मन लगे, उसमें कॅरिअर बनाने को लेकर तैयारी करें। अभिभावकों की भी जिम्मेदारी है कि बच्चों के मन की बात कोे समझें। उनके रूचि के अनुरूप कॅरिअर चुनने में मार्गदर्शन करें।
मेहनत से ही मिलेगी सफलता
जिला विद्यालय निरीक्षक सूर्यप्रकाश सिंह ने कहा कि कड़ी मेहनत से ही सफलता मिल सकती है। इस बात को विद्यार्थियों को समझना होगा। शिक्षकों का टेस्ट लेने की जरूरत नहीं है। शिक्षक अपने विषयों में अधिक जानकार हैं। विद्यार्थियों को उनसे हर समय कुछ न कुछ सीखने को ही मिलेगा।
अपनाएं पंचसूत्र
सह जिला विद्यालय निरीक्षक जटाशंकर यादव ने कहा कि सफलता हासिल करने के लिए पंचसूत्र अपनाएं। अनुशासन, समय प्रबंधन, कड़ी मेहनत, पक्का इरादा व लक्ष्य के प्रति समर्पण को अपनाकर हम बड़ी से बड़ी चुनौती से निपट सकते हैं।
अभिभावक समझें जिम्मेदारी
कमला नेहरू संस्थान के फार्मेसी संकाय निदेशक प्रो. महेश प्रसाद ने कहा कि विद्यार्थियों का कॅरिअर अधिकांश अभिभावक तय करते हैं। अभिभावकों को समझना होगा कि उनकी भूमिका क्या है। जबरदस्ती किसी बच्चे पर अपनी पसंद नहीं थोपनी चाहिए।
लक्ष्य के लिए जरूरी है एकाग्रता
कमला नेहरू संस्थान के इंजीनियरिंग विभाग के असिस्टेंट प्रो. डॉ. राघवेंद्र त्रिपाठी ने कहा कि लक्ष्य हासिल करने के लिए विद्यार्थियों में एकाग्रता बहुत जरूरी है। पढ़ाई के दौरान विद्यार्थियों को एकाग्र होकर विषयों को पढ़ना होगा ताकि भविष्य में इसकी समझ बनी रहे।
इनका रहा सहयोग
अमर उजाला भविष्य ज्योति कार्यक्रम में नवयुग इंटरनेशनल स्कूल दोस्तपुर व सेंट जेवियर्स सीनियर सेकेंडरी स्कूल सुल्तानपुर मुख्य प्रायोजक रहे। श्री विश्वनाथ इंटर कॉलेज कलान, यश कॉन्वेंट स्कूल, राज मांटेसरी इंटर कॉलेज सेमरीबाजार, संकट मोचन इंटर कॉलेज, एसराज ज्वैल्स, चाचा नेहरू इंटर कॉलेज कूरेभार और संतोष सिंह दुवारा सह प्रायोजक की भूमिका में रहे।
विज्ञापन
अमर उजाला भविष्य ज्योति कार्यक्रम का शुभारंभ मुख्य अतिथि गामिनी सिंगला, डीआईओएस सूर्यप्रकाश सिंह, एडीआईओएस जटा शंकर यादव, प्रो. महेश प्रसाद, केएनआईसीई करौंदिया के प्रधानाचार्य डॉ. एनडी सिंह ने दीप प्रज्ज्वलन कर किया।
विज्ञापन
गामिनी सिंगला ने कहा कि मैंने भी बीटेक किया था। नौकरी के दौरान ठाना था कि मुझे सिविल सर्विस में जाना है। नौकरी छोड़कर तैयारी शुरू की। पहले प्रयास में सफलता भी नहीं मिली। अपनी पढ़ाई का तरीका बदला, खुद से पढ़ाई के लिए कैलेंडर तैयार किया। दूसरे प्रयास में मुझे सफलता हासिल हुई।
विज्ञापन
उन्होंने कहा कि सफलता के लिए कोई शॉर्टकट नहीं है। कड़ी मेहनत और निरंतरता सबसे महत्वपूर्ण है। कहा कि जितना समय युवा रील देखने में बिता रहे हैं, उतना समय पढ़ाई में लगाएं तो उन्हें कामयाब होने से कोई नहीं रोक सकता।
कार्यक्रम में श्री विश्वनाथ इंंटर कॉलेज कलान, सेंट जेवियर्स सीनियर सेकेंडरी स्कूल, नवयुग इंटरनेशनल स्कूल दोस्तपुर, राज मॉटेंसरी स्कूल सेमरीबाजार, यश कॉन्वेंट स्कूल सौरमऊ, कमला नेहरू बाल शिक्षण संस्थान करौंदिया, कमला नेहरू बाल शिक्षण संस्थान लालडिग्गी, अवध पब्लिक स्कूल सेमरी बाजार के मेधावियों को सम्मानित किया गया। मेधावियों को मुख्य अतिथि गामिनी सिंगला और विशिष्ट अतिथि डीआईओएस सूर्यप्रकाश सिंह ने मेडल व प्रमाण पत्र देकर सम्मानित किया। सम्मान पाकर मेधावियों के चेहरे खिल उठे।
मेधावियों ने किए सवाल तो मिला जिज्ञासाओं का समाधान
कार्यक्रम में शामिल हुए मेधावियों ने मुख्यअतिथि से सवाल पूछकर अपनी जिज्ञासाओं का समाधान किया। मेधावी छात्र अहमद शमीम ने तैयारी के तौर-तरीकों के बारे में सवाल पूछा। जवाब देते हुए आईएएस गामिनी सिंगला ने कहा कि खुद कैलेंडर बनाकर तैयारी करें। जरूरी नहीं है कि एक दिन में ज्यादा पढ़ लें और तीन दिन अंतराल कर दें। श्री विश्वनाथ इंटर कॉलेज की छात्रा अंशिका सिंह ने पूछा कि पढ़ाई और खेल के बीच सामंजस्य कैसे बिठाएं। जवाब में ज्वाइंट मजिस्ट्रेट ने बताया कि सुबह जल्दी उठने का प्रयास करेें ताकि, पढ़ाई और खेल दोनों के लिए समय मिल सके। छात्रा स्नेहा ने सिविल सर्विस की तैयारी कैसे की जाए, इसकी जानकारी चाही। उत्तर देते हुए गामिनी सिंगला ने कहा कि जब किसी लक्ष्य को साधकर सही दिशा में प्रयास किया जाता है, तो सफलता हासिल होती है। स्वयं से ईमानदार रहें, पढ़ाई के साथ-साथ अतिरिक्त गतिविधियों में भी प्रतिभाग करते रहें।
कॅरिअर पर करें फोेकस
आईएएस गामिनी सिंगला ने कहा कि कॅरिअर को लेकर विशेष फोकस रखने की जरूरत है। जिस क्षेत्र में मन लगे, उसमें कॅरिअर बनाने को लेकर तैयारी करें। अभिभावकों की भी जिम्मेदारी है कि बच्चों के मन की बात कोे समझें। उनके रूचि के अनुरूप कॅरिअर चुनने में मार्गदर्शन करें।
मेहनत से ही मिलेगी सफलता
जिला विद्यालय निरीक्षक सूर्यप्रकाश सिंह ने कहा कि कड़ी मेहनत से ही सफलता मिल सकती है। इस बात को विद्यार्थियों को समझना होगा। शिक्षकों का टेस्ट लेने की जरूरत नहीं है। शिक्षक अपने विषयों में अधिक जानकार हैं। विद्यार्थियों को उनसे हर समय कुछ न कुछ सीखने को ही मिलेगा।
अपनाएं पंचसूत्र
सह जिला विद्यालय निरीक्षक जटाशंकर यादव ने कहा कि सफलता हासिल करने के लिए पंचसूत्र अपनाएं। अनुशासन, समय प्रबंधन, कड़ी मेहनत, पक्का इरादा व लक्ष्य के प्रति समर्पण को अपनाकर हम बड़ी से बड़ी चुनौती से निपट सकते हैं।
अभिभावक समझें जिम्मेदारी
कमला नेहरू संस्थान के फार्मेसी संकाय निदेशक प्रो. महेश प्रसाद ने कहा कि विद्यार्थियों का कॅरिअर अधिकांश अभिभावक तय करते हैं। अभिभावकों को समझना होगा कि उनकी भूमिका क्या है। जबरदस्ती किसी बच्चे पर अपनी पसंद नहीं थोपनी चाहिए।
लक्ष्य के लिए जरूरी है एकाग्रता
कमला नेहरू संस्थान के इंजीनियरिंग विभाग के असिस्टेंट प्रो. डॉ. राघवेंद्र त्रिपाठी ने कहा कि लक्ष्य हासिल करने के लिए विद्यार्थियों में एकाग्रता बहुत जरूरी है। पढ़ाई के दौरान विद्यार्थियों को एकाग्र होकर विषयों को पढ़ना होगा ताकि भविष्य में इसकी समझ बनी रहे।
इनका रहा सहयोग
अमर उजाला भविष्य ज्योति कार्यक्रम में नवयुग इंटरनेशनल स्कूल दोस्तपुर व सेंट जेवियर्स सीनियर सेकेंडरी स्कूल सुल्तानपुर मुख्य प्रायोजक रहे। श्री विश्वनाथ इंटर कॉलेज कलान, यश कॉन्वेंट स्कूल, राज मांटेसरी इंटर कॉलेज सेमरीबाजार, संकट मोचन इंटर कॉलेज, एसराज ज्वैल्स, चाचा नेहरू इंटर कॉलेज कूरेभार और संतोष सिंह दुवारा सह प्रायोजक की भूमिका में रहे।