{"_id":"63b0427af3417c239b33a902","slug":"votes-cast-on-the-prime-minister-s-post-in-butbedhwa-will-be-counted-again-sonbhadra-news-vns691320498","type":"story","status":"publish","title_hn":"Sonebhadra News: फिर से गिने जाएंगे बुटबेढ़वा में प्रधान पद पर पड़े वोट","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Sonebhadra News: फिर से गिने जाएंगे बुटबेढ़वा में प्रधान पद पर पड़े वोट
विज्ञापन
बूटबेड़वा गांव के ग्राम प्रधान पद की रिकाउंटिंग की मांग को लेकर दाखिल की गई याचिका पर एसडीएम दुद्धी की कोर्ट ने अहम फैसला सुनाया है। कोर्ट ने मामले की सुनवाई करते हुए दोबारा मतगणना का आदेश दिया है। फैसले के अनुसार 20 जनवरी को रिकाउंटिंग की जानी है।
वादी सरोज रानी ने विपक्षी वर्तमान प्रधान तारा देवी के खिलाफ उप जिलाधिकारी दुद्धी की अदालत में वाद दाखिल किया था। उनका कहना था कि 29 अप्रैल 2021 में ग्राम पंचायत चुनाव हुआ और 2 मई को मतगणना हुई। उसे 475 एवं प्रतिवादी तारा देवी को 501 मत प्राप्त होना दिखाकर विपक्षी को 26 मतों से विजयी घोषित कर दिया गया। मतगणना के दौरान पीठासीन अधिकारी ने बताया गया कि कुल 1955 मत पड़े हैं, लेकिन मतगणना कर्मियों द्वारा 1921 मतों की ही गिनती की गई, जिसमें 1792 वैध और 129 मत अवैध बताया गया। शेष मतों की कोई जानकारी नहीं दी गयी।
जिससे वादी को न्यायालय की शरण लेनी पड़ी। लगभग डेढ़ वर्ष तक चली अदालत की सुनवाई के बाद न्यायालय उप जिलाधिकारी ने वादी के विद्वान अधिवक्ता मनोज मिश्रा की तर्कसंगत बहस सुनने, पर्याप्त साक्ष्यों आलोक में बूटबेड़वा ग्राम प्रधान पद की रिकाउंटिंग कराने के आदेश पारित किया है। कोर्ट ने तहसीलदार दुद्धी एवं बीडीओ दुद्धी के देखरेख में वीडियोग्राफी के साथ 20 जनवरी को ब्लॉक दुद्धी में रिकाउंटिंग कराने के आदेश जारी दिया है।
विज्ञापन
विज्ञापन
वादी सरोज रानी ने विपक्षी वर्तमान प्रधान तारा देवी के खिलाफ उप जिलाधिकारी दुद्धी की अदालत में वाद दाखिल किया था। उनका कहना था कि 29 अप्रैल 2021 में ग्राम पंचायत चुनाव हुआ और 2 मई को मतगणना हुई। उसे 475 एवं प्रतिवादी तारा देवी को 501 मत प्राप्त होना दिखाकर विपक्षी को 26 मतों से विजयी घोषित कर दिया गया। मतगणना के दौरान पीठासीन अधिकारी ने बताया गया कि कुल 1955 मत पड़े हैं, लेकिन मतगणना कर्मियों द्वारा 1921 मतों की ही गिनती की गई, जिसमें 1792 वैध और 129 मत अवैध बताया गया। शेष मतों की कोई जानकारी नहीं दी गयी।
विज्ञापन
जिससे वादी को न्यायालय की शरण लेनी पड़ी। लगभग डेढ़ वर्ष तक चली अदालत की सुनवाई के बाद न्यायालय उप जिलाधिकारी ने वादी के विद्वान अधिवक्ता मनोज मिश्रा की तर्कसंगत बहस सुनने, पर्याप्त साक्ष्यों आलोक में बूटबेड़वा ग्राम प्रधान पद की रिकाउंटिंग कराने के आदेश पारित किया है। कोर्ट ने तहसीलदार दुद्धी एवं बीडीओ दुद्धी के देखरेख में वीडियोग्राफी के साथ 20 जनवरी को ब्लॉक दुद्धी में रिकाउंटिंग कराने के आदेश जारी दिया है।
विज्ञापन