सोनभद्र। रॉबर्ट्सगंज के रामलीला मैदान में रविवार को सवर्ण समाज सोनभद्र की ओर से महासम्मेलन का आयोजन किया गया। इसमें आर्थिक आधार पर आरक्षण व्यवस्था लागू करने, यूजीसी की नई नियमावली वापस लेने, एससी-एसटी एक्ट में सुधार करने, सवर्ण आयोग का गठन करने, गौ रक्षा के लिए कानून बनाने, पर्यावरण संरक्षण के लिए कड़े कानून बनाने और ईडब्ल्यूएस में संशोधन करने की मांग की गई। वक्ता विनोद चौबे ने कहा कि आरक्षण का लाभ किस जाति-वर्ग को कितना मिला और वर्तमान में उनकी सामाजिक स्थिति क्या है, इस पर सरकार को श्वेतपत्र जारी करना चाहिए। उन्होंने एससी-एसटी से जुड़े मामलों में जांच के बाद गिरफ्तारी की व्यवस्था किए जाने और कथित दुरुपयोग के मामलों में प्रभावित पक्ष के लिए कानूनी प्रावधान करने की मांग भी उठाई। विजय राम पांडेय और अशोक श्रीवास्तव ने कहा कि आर्थिक आधार पर आरक्षण लागू होने से वास्तविक लोक कल्याणकारी राज्य की अवधारणा मजबूत होगी। संविधान की मूल भावना समानता और समता पर आधारित है। सामाजिक परिस्थितियों में आए बदलाव का समय-समय पर मूल्यांकन किया जाना चाहिए। ओमप्रकाश पाठक और रचना तिवारी, देवेश मिश्रा ने कहा कि सवर्ण समाज शिक्षा, रोजगार और अन्य क्षेत्रों में सामने आ रही समस्याओं को लेकर अपनी बात लोकतांत्रिक तरीके से सरकार तक पहुंचाएगा। आयोजक नितीश पांडेय, विजय विनीत तिवारी ने कहा कि सभी धर्म और जातियों के लोगों का देश में समान सम्मान और अधिकार होना चाहिए। इसी उद्देश्य से समाज की समस्याओं और मांगों को सरकार के समक्ष रखा जा रहा है। इस मौके पर रवि प्रकाश चौबे, रमेश मिश्रा, संतोष सिंह, राहुल सिंह, डॉ. रचना तिवारी, डॉ. अमरनाथ पांडेय, संजीव सिंह, संदीप सिंह चंदेल, देवेश मिश्रा, मुन्ना सिंह, इंद्रसेन सिंह, क्रांति सिंह, अभिषेक मिश्रा, सोहन पाठक, अशोक श्रीवास्तव आदि शामिल रहे।