यूपी मंत्रिमंडल विस्तार: संजय गोंड भी योगी कैबिनेट में शामिल, अपने राजनीतिक गुरु के बेटे को हराकर बने थे विधायक
यूपी सरकार का मंत्रिमंडल विस्तार रविवार शाम किया गया। यह लंबे समय से प्रतीक्षित था। प्रदेश सरकार के होने वाले कैबिनेट विस्तार में सोनभद्र के भी एक विधायक को जगह दी गई। इसके तहत ओबरा विधायक संजय गोंड को योगी कैबिनेट में मंत्री बनाया गया।
विस्तार
यूपी विधानसभा चुनाव को ध्यान में रखते हुए रविवार शाम योगी मंत्रिमंडल का विस्तार किया। इस दौरान ओबरा विधायक संजीव सिंह उर्फ संजय गोंड को भी कैबिनेट में जब दी गई। दरअसल, चार महीने बाद होने वाले यूपी विधानसभा चुनाव को देखते हुए मंत्रिमंडल विस्तार को काफी अहम माना जा रहा है। यह लंबे समय से प्रतीक्षित था। कयास लगाए जा रहे थे कि यूपी के मंत्रिमंडल में भी जातीय गणित को ध्यान में रखकर किया जाएगा।
यही वजह है कि सोनभद्र के ओबरा से विधायक संजीव सिंह उर्फ संजय गोंड को मंत्री बनाने की चर्चा तेज थी। संजय गोंड अनुसूचित जनजाति से आते हैं, अपनी सादगी के लिए चर्चित रहते हैं। माना जा रहा है कि सोनभद्र, मिर्जापुर, चंदौली समेत कई जिलों में अच्छी तादाद में मौजूद गोंड जाति को साधने के लिए भाजपा ने उन्हें मंत्री बनाया है। इससे पहले इस समुदाय के विजय सिंह गोंड भी सपा सरकार में मंत्री रह चुके हैं।
अपने राजनीतिक गुरु के बेटे को हराकर पहली बार बने विधायक
अपने राजनीतिक गुरु और पूर्व मंत्री विजय सिंह गोंड़ के बेटे को चुनाव हराकर वर्ष 2017 में पहली बार विधायक बने संजीव \ गोंड़ अनुसूचित जनजाति से भाजपा के एकमात्र विधायक हैं। बता दें कि वर्ष 2017 में यूपी विधानसभा की दो सीटें अनुसूचित जनजाति के लिए आरक्षित हुई थीं।
यह दोनों सीटें सोनभद्र के हिस्से आई थी। इसमें ओबरा से भाजपा ने संजीव \ गोंड़ को प्रत्याशी बनाया था, जबकि दूसरी दुद्धी सीट अपना दल-एस के पाले में दे दी गई थी। पार्टी के भरोसे पर खरा उतरते हुए संजीव सिंह गोंड़ ने दिग्गज आदिवासी नेता व पूर्व मंत्री विजय सिंह गोंड़ के पुत्र वीरेंद्र सिंह को हराकर चुनाव जीता था। इससे पहले वह वनाधिकार समिति के अध्यक्ष भी रहे।
सोनभद्र में भाजपाई उत्साहित
ओबरा विधायक के मंत्री बनने के बाद जिले के भाजपाई उत्साहित हैं। चार भाइयों में दूसरे नंबर पर संजीव सिंह गोंड़ की पत्नी लीला देवी भी चोपन से ब्लॉक प्रमुख चुनी गई हैं। उनके तीन बेटे हैं, जो पढ़ाई कर रहे हैं। ओबरा विधायक ने कहा कि वह समर्पित भाव से पार्टी के सिपाही के तौर पर काम करते रहे हैं। आगे भी पार्टी कोई जिम्मेदारी देती है तो पूरी निष्ठा से उसका पालन किया जाएगा।