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सोनभद्र: मासूम बच्ची समेत दो लोगों की पानी में डूबने से मौत, परिजन बोले- समय पर मिल जाता उपचार तो बच जाती जान

Sat, 19 Mar 2022 10:33 AM IST
प्रशांत कुमार संवाद न्यूज एजेंसी, सोनभद्र।
संवाद न्यूज एजेंसी, सोनभद्र। Published by: प्रशांत कुमार Updated Sat, 19 Mar 2022 10:33 AM IST
सार

बभनी थाना क्षेत्र के चौना और करकच्छी गांव में शुक्रवार को मासूम बच्ची समेत दो लोगों की पानी में डूबने से मौत हो गई।
 

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Two people including an innocent girl died due to drowning in water
सांकेतिक तस्वीर - फोटो : सोशल मीडिया

विस्तार

सोनभद्र में बभनी थाना क्षेत्र के चौना और करकच्छी गांव में शुक्रवार को मासूम बच्ची समेत दो लोगों की पानी में डूबने से मौत हो गई। बच्ची की मौत पर परिजनों ने सीएचसी बभनी में जमकर हंगामा किया। उनका आरोप था कि स्वास्थ्य कर्मी डीजे की धुन पर नाचते रहे और बच्ची तड़पती रही। समय से उपचार न होने पर बच्ची की मौत हो गई। उन्होंने सीएमओ से मामले की जांच कराकर कार्रवाई की मांग की है। सूचना पर पहुंची पुलिस ने शव को अपने कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र दुद्धी भेज दिया।

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जानकारी के अनुसार चौना निवासी शिवकुमार 26 पुत्र रामजीत शुक्रवार को होली खेलने के बाद रात में लगभग आठ बजे घर लौटा। घर आने के बाद वह सीधे कुंए पर स्नान करने गया। स्नान करने के लिए वह कुएं से पानी भरने लगा। पानी भरते समय उसका पैर फिसल गया और वह कुएं में गिर गया। आवाज सुनकर घर के लोग दौड़कर कुएं के पास आये। चीखने चिल्लाने की आवाज सुनकर आसपास के लोग इकट्ठा हो गये और उसे किसी तरह कुएं से बाहर निकाले। कुएं से बाहर निकालते इसके पहले वह दम तोड चुका था।
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उधर करकच्छी गांव में तीन साल की मासूम बच्ची सुमन पुत्री श्याम लाल अपने घर के पास खेल रही थी। वहीं घर के बगल में नहर थी। बच्ची खेलते खेलते नहर में जा गिरी। जब लोगों ने उसे देखा तो दौड़कर उसे बाहर निकाला और तत्काल उसे सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र बभनी ले आये। डॉक्टर ने बच्ची को देखा और मृत घोषित कर दिया।
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परिजनों ने आरोप लगाया कि अस्पताल आने तक बच्ची जिंदा थी और अस्पताल में डीजे बज रहा था सभी कर्मचारी डीजे में मस्त थे। अगर समय से बच्ची को उपचार मिल जाता तो जान बच सकती थी। डॉक्टर अरविंद कुमार ने कहा कि बच्ची को देखने में कोई लापरवाही नहीं की गई है। अस्पताल पहुंचने से बच्ची की मौत हो चुकी थी। बच्ची की मौत की खबर सुनते ही पिता श्याम लाल और माता बबिता देवी का रो-रोकर बुरा हाल हो गया। सूचना पर पहुंचे प्रभारी निरीक्षक मनोज कुमार सिंह शव को अपने कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र दुद्धी भेज दिया। घटना की सूचना क्षेत्रीय लेखपाल को भी दे दी गई है।

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