{"_id":"0ddb8c61f72dd9fc776ac3043217c0a2","slug":"shops-closed-and-expressed-opposition-hindi-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"दूकानें बंद कर जताया विरोध","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
दूकानें बंद कर जताया विरोध
अमर उजाला ब्यूरो (सोनभद्र)
Updated Wed, 10 Feb 2016 12:50 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
सरकार के नए नियम के खिलाफ मंगलवार को बीज कीटनाशक दवा विक्रेताओं ने
विज्ञापन
कलेक्ट्रेट में प्रदर्शन किया। राष्ट्रव्यापी बंद का समर्थन करते हुए
दूकानें बंद कर सोनभद्र बीज एवं कीटनाशक व्यापारी सेवा समिति के बैनर तले
विक्रेता कलेक्ट्रेट पहुंचे। केंद्र के खिलाफ नारेबाजी की। केंद्रीय कृषि
मंत्री को संबोधित ज्ञापन डीएम को सौंपा।
सोनभद्र बीज एवं कीटनाशक व्यापारी सेवा समिति के अध्यक्ष कमला सिंह ने कहा कि केंद्र सरकार ने पिछले अक्तूबर माह में अनिवार्य वस्तु अधिनियम 1955 की धारा-3 का प्रयोग करते हुए नया कानून बनाया है। इस नए कानून में कीटनाशक एवं खाद-बीज क्रय-विक्रय में लाइसेंसी प्रक्रिया पहले से जटिल कर दिया गया है।
कहा यह नियम लागू हो गया तो देश भर में लाखों व्यापारी बेरोजगार हो जाएंगे। विनोद गुप्ता, फूलचंद सिंह पटेल, अशोक कुशवाहा ने कहा कि उदारीकरण के इस दौर में स्टाक रजिस्टर की अनिवार्यता भी समाप्त होनी चाहिए। इस मौके पर चुलबुल, मुकेश, पंकज, रामपितांबर सिंह, लालजी, सुनील गुप्ता आदि रहे।
सोनभद्र बीज एवं कीटनाशक व्यापारी सेवा समिति के अध्यक्ष कमला सिंह ने कहा कि केंद्र सरकार ने पिछले अक्तूबर माह में अनिवार्य वस्तु अधिनियम 1955 की धारा-3 का प्रयोग करते हुए नया कानून बनाया है। इस नए कानून में कीटनाशक एवं खाद-बीज क्रय-विक्रय में लाइसेंसी प्रक्रिया पहले से जटिल कर दिया गया है।
कहा यह नियम लागू हो गया तो देश भर में लाखों व्यापारी बेरोजगार हो जाएंगे। विनोद गुप्ता, फूलचंद सिंह पटेल, अशोक कुशवाहा ने कहा कि उदारीकरण के इस दौर में स्टाक रजिस्टर की अनिवार्यता भी समाप्त होनी चाहिए। इस मौके पर चुलबुल, मुकेश, पंकज, रामपितांबर सिंह, लालजी, सुनील गुप्ता आदि रहे।