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लगातार दूसरे दिन किया पांच हजार मेगावाट से अधिक विद्युत उत्पादन
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पारे में उछाल के साथ ही बिजली की बढ़ी मांग के बीच उप्र राज्य विद्युत उत्पादन निगम की इकाइयों का श्रेष्ठ प्रदर्शन जारी है। रविवार को पीक ऑवर के दौरान निगम की इकाइयों ने लगातार दूसरे दिन पांच हजार मेगावाट से अधिक विद्युत उत्पादन करने में सफलता हासिल की है।
गर्मी के रौद्र रुख अख्तियार करते ही प्रदेश में बिजली की मांग पिछले कई दिनों से 21 हजार मेगावाट से अधिक बनी हुई है। ऐसे में सिस्टम कंट्रोल के निर्देश पर सुचारु विद्युत आपूर्ति के मद्देनजर निगम की सबसे बड़ी अनपरा सहित अन्य इकाइयों को भी लगातार फुल लोड पर चलाया जा रहा है। नतीजतन दो दिनों से लगातार निगम की इकाइयों से पांच हजार मेगावाट से अधिक विद्युत उत्पादन किया जा रहा है। रविवार रात 7.30 बजे पीक आवर के दौरान निगम की सभी इकाइयों से 5185 मेगावाट विद्युत उत्पादन किया गया। इसमें अनपरा परियोजना से 2516, पारीछा से 916, हरदुआगंज से 982 और ओबरा परियोजना से 771 मेगावाट विद्युत उत्पादन किया गया। एक दिन पूर्व भी पीक आवर में निगम की इकाइयों से 5169 मेगावाट विद्युत उत्पादन किया गया था। रिकार्ड उत्पादन से पावर कारपोरेशन को विद्युत आपूर्ति करने में काफी राहत मिल रही है। हालांकि इसके बाद भी यूपीपीसीएल को बिजली का आयात करना पड़ रहा है।
22 हजार मेगावाट के करीब पहुंची बिजली की मांग
प्रदेश में बिजली की मांग में वृद्घि का क्रम लगातार जारी है। सोमवार को सूबे में बिजली की अधिकतम मांग 22 हजार मेगावाट के करीब पहुंच गई। इस दौरान न्यूनतम मांग में भी बढोतरी दर्ज की गई। यूपीएसएलडीसी के आंकडो के अनुसार रविवार रात 8.27 बजे प्रदेश में बिजली की मांग 21764 मेगावाट पहुंच गई। यह वर्तमान सत्र का सर्वाधिक है। इस दौरान न्यूनतम मांग भी उच्चतम स्तर पर 13992 मेगावाट दर्ज किया गया। तपिश व लू का प्रकोप बढ जाने से बिजली की मांग में और वृद्घि की संभावना जताई जा रही है। बिजली की मांग में लगातार उछाल के कारण आयात करने के बाद भी प्रदेश के कई इलाकों में आपात कटौती की जा रही है।
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गर्मी के रौद्र रुख अख्तियार करते ही प्रदेश में बिजली की मांग पिछले कई दिनों से 21 हजार मेगावाट से अधिक बनी हुई है। ऐसे में सिस्टम कंट्रोल के निर्देश पर सुचारु विद्युत आपूर्ति के मद्देनजर निगम की सबसे बड़ी अनपरा सहित अन्य इकाइयों को भी लगातार फुल लोड पर चलाया जा रहा है। नतीजतन दो दिनों से लगातार निगम की इकाइयों से पांच हजार मेगावाट से अधिक विद्युत उत्पादन किया जा रहा है। रविवार रात 7.30 बजे पीक आवर के दौरान निगम की सभी इकाइयों से 5185 मेगावाट विद्युत उत्पादन किया गया। इसमें अनपरा परियोजना से 2516, पारीछा से 916, हरदुआगंज से 982 और ओबरा परियोजना से 771 मेगावाट विद्युत उत्पादन किया गया। एक दिन पूर्व भी पीक आवर में निगम की इकाइयों से 5169 मेगावाट विद्युत उत्पादन किया गया था। रिकार्ड उत्पादन से पावर कारपोरेशन को विद्युत आपूर्ति करने में काफी राहत मिल रही है। हालांकि इसके बाद भी यूपीपीसीएल को बिजली का आयात करना पड़ रहा है।
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22 हजार मेगावाट के करीब पहुंची बिजली की मांग
प्रदेश में बिजली की मांग में वृद्घि का क्रम लगातार जारी है। सोमवार को सूबे में बिजली की अधिकतम मांग 22 हजार मेगावाट के करीब पहुंच गई। इस दौरान न्यूनतम मांग में भी बढोतरी दर्ज की गई। यूपीएसएलडीसी के आंकडो के अनुसार रविवार रात 8.27 बजे प्रदेश में बिजली की मांग 21764 मेगावाट पहुंच गई। यह वर्तमान सत्र का सर्वाधिक है। इस दौरान न्यूनतम मांग भी उच्चतम स्तर पर 13992 मेगावाट दर्ज किया गया। तपिश व लू का प्रकोप बढ जाने से बिजली की मांग में और वृद्घि की संभावना जताई जा रही है। बिजली की मांग में लगातार उछाल के कारण आयात करने के बाद भी प्रदेश के कई इलाकों में आपात कटौती की जा रही है।
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