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Sitapur News: लश्करपुर की जर्जर सड़क बनी तालाब, निकलना दूभर
Mon, 05 Jan 2026 12:19 AM IST
लखनऊ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, सीतापुर
संवाद न्यूज एजेंसी, सीतापुर
Updated Mon, 05 Jan 2026 12:19 AM IST
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बदहाल पड़ी सड़क।
सीतापुर। बिसवां के लश्करपुर गांव की मुख्य सड़क बदहाल है। इसमें गहरे गड्ढे हो गए हैं। घरों का पानी सड़क पर भरा रहता है। पानी की वजह से गड्ढे नजर नहीं आते हैं और राहगीर इसमें गिरकर चोटिल होते हैं। करीब 15 गांवों की 20 हजार आबादी को आवागमन में दिक्कतें उठानी पड़ रही हैं। ग्रामीणों ने खस्ताहाल सड़क के जीर्णोद्धार की मांग की है।
यह सड़क पक्का तालाब से गौरिया होते हुए लश्करपुर गांव से निकलकर बिसवां-लहरपुर मुख्य मार्ग को जोड़ती है। कई वर्षों से सड़क जर्जर हालत में है। इसमें जगह-जगह गड्ढे हो गए हैं। लश्करपुर गांव के अंदर सड़क पर घरों का पानी बहने से जलभराव बना रहता है। लश्करपुर के रामगोपाल, वारिश और अतीक ने बताया कि वह गांव के बाहर पुल पर ठेला लगाकर परिवार की जीविका चलाते हैं।
रोजाना ठेला लेकर गंदे पानी में चप्पल-जूते उतारकर निकलना पड़ता है। यह उनकी दिनचर्या का हिस्सा बन गया है। सर्वेश वर्मा ने बताया कि छात्रों, बुजुर्गों व महिलाओं को आवागमन में सबसे ज्यादा परेशानी होती है। अक्सर फिसलने से लोग चोटिल हो जाते हैं। पैदल निकल रहे लोगों पर वाहनों के गुजरने से गंदा पानी उछलकर गिरने से उनके कपड़े खराब हो जाते हैं। विनय त्रिपाठी, रामजीवन, पुष्कर, जितेंद्र, उमाशंकर, ब्रजेश मौर्या, गोविंद आदि ने सड़क का जीर्णोद्धार कराए जाने की मांग की है।
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यह सड़क पक्का तालाब से गौरिया होते हुए लश्करपुर गांव से निकलकर बिसवां-लहरपुर मुख्य मार्ग को जोड़ती है। कई वर्षों से सड़क जर्जर हालत में है। इसमें जगह-जगह गड्ढे हो गए हैं। लश्करपुर गांव के अंदर सड़क पर घरों का पानी बहने से जलभराव बना रहता है। लश्करपुर के रामगोपाल, वारिश और अतीक ने बताया कि वह गांव के बाहर पुल पर ठेला लगाकर परिवार की जीविका चलाते हैं।
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रोजाना ठेला लेकर गंदे पानी में चप्पल-जूते उतारकर निकलना पड़ता है। यह उनकी दिनचर्या का हिस्सा बन गया है। सर्वेश वर्मा ने बताया कि छात्रों, बुजुर्गों व महिलाओं को आवागमन में सबसे ज्यादा परेशानी होती है। अक्सर फिसलने से लोग चोटिल हो जाते हैं। पैदल निकल रहे लोगों पर वाहनों के गुजरने से गंदा पानी उछलकर गिरने से उनके कपड़े खराब हो जाते हैं। विनय त्रिपाठी, रामजीवन, पुष्कर, जितेंद्र, उमाशंकर, ब्रजेश मौर्या, गोविंद आदि ने सड़क का जीर्णोद्धार कराए जाने की मांग की है।
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