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Sitapur News: गलन से सुन्न हो रहे हाथ-पैर
Sun, 14 Jan 2024 01:02 PM IST
लखनऊ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, सीतापुर
संवाद न्यूज एजेंसी, सीतापुर
Updated Sun, 14 Jan 2024 01:02 PM IST
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सीतापुर। कोहरा, गलन व बर्फीली हवा का प्रकोप लगातार बना हुआ है। शनिवार को भी सर्दी के तेवर बेहद तल्ख रहे। गलन इस कदर कि लोगों के हाथ-पैर सुन्न हो रहे हैं। भीषण ठंड के आगे धूप बेअसर रही। राहत के लिए दिनभर लोग हीटर व अलाव के आसपास सिमटे नजर आए। दिन का न्यूनतम तापमान पांच डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। पारे में उतार-चढ़ाव के साथ कोहरे व गलन का असर अभी बना रहेगा।
पहाड़ों पर बर्फबारी के असर से जिले में सर्दी लगातार कहर बरपा रही है। शनिवार को सुबह घने कोहरे से लिपटी रही। ठंडी हवाओं से लोग ठिठुरने को मजबूर हो गए। कोहरे से दृश्यता घटने के कारण हाईवे पर वाहनों की आवाजाही बेहद कम रही।
हाईवे पर जो वाहन निकल रहे थे, हेडलाइट जलाने के बाद भी धीमी गति से चलते दिखाई दिए। दोपहर एक बजे तक सूर्यदेव ने दर्शन नहीं दिए। फिर सूरज ने हाजिरी लगाई पर छह किमी प्रति घंटे की गति से चलने वाली शीतलहर के आगे धूप बेअसर रही। गलन की वजह से पूरे दिन लोगों के हाथ-पैर सुन्न होते रहे। शाम होते-होते फिर से मौसम सर्द हो गया। कड़ाके की ठंड देख लोग घरों में दुबक गए।
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मौसम विशेषज्ञों के अनुसार शनिवार को अधिकतम तापमान 17 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान पांच डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। शीतलहर से अभी राहत मिलने की संभावना नहीं है। तापमान में उतार-चढ़ाव के बीच गलन बनी रहेगी। कोहरे के प्रकोप से भी फिलहाल राहत मिलने के आसार नहीं हैं।
सर्दी में कारोबार हो रहा प्रभावित
जिले में पड़ रही कड़ाके की सर्दी से कारोबार प्रभावित हो रहा है। शहर की बाजार में ग्राहकों की बेहद कम आवाजाही हो रही है। दुकानदार भी देरी से दुकान खोल रहे हैं और शाम को जल्द बंद कर देते हैं। व्यवसायी संजय ने बताया कि भीषण ठंड के कारण कारोबार 50 फीसदी तक घट गया है। अब सहालग शुरू होने व मौसम में थोड़ा सुधार होने पर ही बाजार में रौनक आने की उम्मीद है।
मारूबेहड़ चौराहे पर अलाव जलवाने की मांग
सीतापुर। रेउसा क्षेत्र के मारूबेहड़ चौराहे पर भीषण ठंड में भी अलाव नहीं जलवाया जा रहा है। इससे राहगीरों व स्थानीय निवासियों को ठिठुरना पड़ रहा है। लोग कूड़ा जलाकर सर्दी से बचाव कर रहे हैं। पूर्व क्षेत्र पंचायत सदस्य तेज प्रताप सिंह, डाॅ. उमाकांत पांडेय, धर्मेंद्र पांडेय, अनुज अवस्थी, लल्लन मिश्र आदि ने बताया कि बाढ़ प्रभावित क्षेत्र के मारूबेहड़ चौराहे पर रोजाना हजारों लोगो का आना-जाना होता है। लोगों ने अलाव जलवाने की मांग की है।
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पहाड़ों पर बर्फबारी के असर से जिले में सर्दी लगातार कहर बरपा रही है। शनिवार को सुबह घने कोहरे से लिपटी रही। ठंडी हवाओं से लोग ठिठुरने को मजबूर हो गए। कोहरे से दृश्यता घटने के कारण हाईवे पर वाहनों की आवाजाही बेहद कम रही।
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हाईवे पर जो वाहन निकल रहे थे, हेडलाइट जलाने के बाद भी धीमी गति से चलते दिखाई दिए। दोपहर एक बजे तक सूर्यदेव ने दर्शन नहीं दिए। फिर सूरज ने हाजिरी लगाई पर छह किमी प्रति घंटे की गति से चलने वाली शीतलहर के आगे धूप बेअसर रही। गलन की वजह से पूरे दिन लोगों के हाथ-पैर सुन्न होते रहे। शाम होते-होते फिर से मौसम सर्द हो गया। कड़ाके की ठंड देख लोग घरों में दुबक गए।
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मौसम विशेषज्ञों के अनुसार शनिवार को अधिकतम तापमान 17 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान पांच डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। शीतलहर से अभी राहत मिलने की संभावना नहीं है। तापमान में उतार-चढ़ाव के बीच गलन बनी रहेगी। कोहरे के प्रकोप से भी फिलहाल राहत मिलने के आसार नहीं हैं।
सर्दी में कारोबार हो रहा प्रभावित
जिले में पड़ रही कड़ाके की सर्दी से कारोबार प्रभावित हो रहा है। शहर की बाजार में ग्राहकों की बेहद कम आवाजाही हो रही है। दुकानदार भी देरी से दुकान खोल रहे हैं और शाम को जल्द बंद कर देते हैं। व्यवसायी संजय ने बताया कि भीषण ठंड के कारण कारोबार 50 फीसदी तक घट गया है। अब सहालग शुरू होने व मौसम में थोड़ा सुधार होने पर ही बाजार में रौनक आने की उम्मीद है।
मारूबेहड़ चौराहे पर अलाव जलवाने की मांग
सीतापुर। रेउसा क्षेत्र के मारूबेहड़ चौराहे पर भीषण ठंड में भी अलाव नहीं जलवाया जा रहा है। इससे राहगीरों व स्थानीय निवासियों को ठिठुरना पड़ रहा है। लोग कूड़ा जलाकर सर्दी से बचाव कर रहे हैं। पूर्व क्षेत्र पंचायत सदस्य तेज प्रताप सिंह, डाॅ. उमाकांत पांडेय, धर्मेंद्र पांडेय, अनुज अवस्थी, लल्लन मिश्र आदि ने बताया कि बाढ़ प्रभावित क्षेत्र के मारूबेहड़ चौराहे पर रोजाना हजारों लोगो का आना-जाना होता है। लोगों ने अलाव जलवाने की मांग की है।