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104 गांवों में निरक्षर चलाएंगे सरकार
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सीतापुर। विकास के नए आयामों के बीच भले ही निरक्षरों को कमतर करके आंका जाता हो, लेकिन राजनीति की गणित में वे किसी से पीछे नहीं है। अबकी पंचायत चुनाव में 104 निरक्षर प्रधान बने हैं। सबसे ज्यादा सिधौली ब्लॉक में 15 निरक्षर चुने गए हैं। जबकि एलिया में एक भी निरीक्षर चुनाव नहीं जीता है।
पंचायत चुनाव में ताल ठोंकने वाले दावेदारों में शिक्षा को लेकर कोई मानक तय नहीं हैं। ऐसे में बड़ी संख्या में निरक्षरों ने नामांकन किया था। इसके बाद चुनावी गणित बिठाने में भी वह उस्ताद निकले और जिले की 1599 ग्राम पंचायतों में से 104 पर कब्जा कर लिया। कई जगहों पर निरक्षरों की राजनीतिक विरासत की काट उच्च डिग्रीधारक भी नहीं तलाश पाए और चारों खाने चित हो गए।
सबसे अधिक सिधौली ब्लॉक में 15 निरक्षर प्रधान चुने गए हैं। महमूदाबाद में 13 निरक्षर प्रधानों के साथ दूसरे स्थान पर हैं। इसके अलावा में कई ग्राम पंचायतों में निरीक्षर उम्मीदवारों ने अच्छा वोट प्रतिशत हासिल करके बेहतर प्रदर्शन किया है। क्षेत्र पंचायत की 100 से अधिक सीटों पर भी निरक्षरों ने कब्जा किया है।
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लखनऊ विश्वविद्यालय में एंथ्रो यानी मानव विज्ञान का अध्ययन कर रहे अनुराग त्रिवेदी कहते हैं कि पंचायत चुनाव में मुद्दों से कहीं ज्यादा सामाजिक व्यवहार प्रभावी रहता है, जो व्यक्ति एक दूसरे के सुख-दुख में शामिल होने के लिए तत्पर रहता है। यही वजह है कि धीरे-धीरे जनमानस में उसके प्रति विश्वास बढ़ता जाता है। चुनाव में जीत का परचम फहराना विश्वास की सबसे बड़ी गारंटी है।
गांजर के ग्रामीणों को भाए शिक्षित
गांजरी क्षेत्र जिले के अन्य हिस्सों से पिछड़ा है, लेकिन यहां के लोगों की राजनीतिक सूझ बूझ का कोई जवाब नहीं है। पंचायत चुनाव में गांजरी क्षेत्र के मतदाताओं ने पढ़-लिखे उम्मीदवारों को चुनकर गांव की बागडोर सौंपी है। रेउसा में 4, सकरन में 3, लहरपुर में 2 और बेहटा में 6 निरीक्षर ही प्रधान बन पाए हैं। रामपुर मथुरा ग्राम पंचायत के मतदाताओं ने बायोटेक इंजीनियर रवि कुमार को चुनकर प्रधान बनाया है।
एलिया ने बनाया कीर्तिमान
एलिया ब्लॉक के मतदाताओं ने एक भी निरक्षर को प्रधान नहीं चुना है। इस ब्लॉक के मतदाता ने पढ़ लिखे उम्मीदवारों को बागडोर सौंपने में भी अव्वल हैं। एलिया की ग्राम पंचायत क्लार्क नगर से इलाहाबाद विश्वविद्यालय से मॉस कम्युनिकेशन में मास्टर डिग्री धारक शमशेर अली प्रधान चुने गए हैं। ब्लॉक की कई ग्राम पंचायतों के मतदाताओं ने स्नातक और परास्नातक उम्मीदवारों को विजय माला पहनाई है।
ब्लॉकवार चुने गए निरक्षर प्रधान
ब्लॉक प्रधान
सिधौली 15
मिश्रिख 04
रेउसा 04
सकरन 03
रामपुर मथुरा 04
बेहटा 06
ऐलिया 00
हरगांव 01
लहरपुर 02
खैराबाद 04
बिसवां 09
मछरेहटा 03
कसमंडा 05
पहला 11
महमूदाबाद 13
परसेंडी 01
महोली 02
पिसावां 05
गोंदलामऊ 05
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पंचायत चुनाव में ताल ठोंकने वाले दावेदारों में शिक्षा को लेकर कोई मानक तय नहीं हैं। ऐसे में बड़ी संख्या में निरक्षरों ने नामांकन किया था। इसके बाद चुनावी गणित बिठाने में भी वह उस्ताद निकले और जिले की 1599 ग्राम पंचायतों में से 104 पर कब्जा कर लिया। कई जगहों पर निरक्षरों की राजनीतिक विरासत की काट उच्च डिग्रीधारक भी नहीं तलाश पाए और चारों खाने चित हो गए।
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सबसे अधिक सिधौली ब्लॉक में 15 निरक्षर प्रधान चुने गए हैं। महमूदाबाद में 13 निरक्षर प्रधानों के साथ दूसरे स्थान पर हैं। इसके अलावा में कई ग्राम पंचायतों में निरीक्षर उम्मीदवारों ने अच्छा वोट प्रतिशत हासिल करके बेहतर प्रदर्शन किया है। क्षेत्र पंचायत की 100 से अधिक सीटों पर भी निरक्षरों ने कब्जा किया है।
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लखनऊ विश्वविद्यालय में एंथ्रो यानी मानव विज्ञान का अध्ययन कर रहे अनुराग त्रिवेदी कहते हैं कि पंचायत चुनाव में मुद्दों से कहीं ज्यादा सामाजिक व्यवहार प्रभावी रहता है, जो व्यक्ति एक दूसरे के सुख-दुख में शामिल होने के लिए तत्पर रहता है। यही वजह है कि धीरे-धीरे जनमानस में उसके प्रति विश्वास बढ़ता जाता है। चुनाव में जीत का परचम फहराना विश्वास की सबसे बड़ी गारंटी है।
गांजर के ग्रामीणों को भाए शिक्षित
गांजरी क्षेत्र जिले के अन्य हिस्सों से पिछड़ा है, लेकिन यहां के लोगों की राजनीतिक सूझ बूझ का कोई जवाब नहीं है। पंचायत चुनाव में गांजरी क्षेत्र के मतदाताओं ने पढ़-लिखे उम्मीदवारों को चुनकर गांव की बागडोर सौंपी है। रेउसा में 4, सकरन में 3, लहरपुर में 2 और बेहटा में 6 निरीक्षर ही प्रधान बन पाए हैं। रामपुर मथुरा ग्राम पंचायत के मतदाताओं ने बायोटेक इंजीनियर रवि कुमार को चुनकर प्रधान बनाया है।
एलिया ने बनाया कीर्तिमान
एलिया ब्लॉक के मतदाताओं ने एक भी निरक्षर को प्रधान नहीं चुना है। इस ब्लॉक के मतदाता ने पढ़ लिखे उम्मीदवारों को बागडोर सौंपने में भी अव्वल हैं। एलिया की ग्राम पंचायत क्लार्क नगर से इलाहाबाद विश्वविद्यालय से मॉस कम्युनिकेशन में मास्टर डिग्री धारक शमशेर अली प्रधान चुने गए हैं। ब्लॉक की कई ग्राम पंचायतों के मतदाताओं ने स्नातक और परास्नातक उम्मीदवारों को विजय माला पहनाई है।
ब्लॉकवार चुने गए निरक्षर प्रधान
ब्लॉक प्रधान
सिधौली 15
मिश्रिख 04
रेउसा 04
सकरन 03
रामपुर मथुरा 04
बेहटा 06
ऐलिया 00
हरगांव 01
लहरपुर 02
खैराबाद 04
बिसवां 09
मछरेहटा 03
कसमंडा 05
पहला 11
महमूदाबाद 13
परसेंडी 01
महोली 02
पिसावां 05
गोंदलामऊ 05