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बारिश से बढ़ी ठिठुरन, कांपे लोग
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ठंड से बचने के लिए गर्म कपड़े पहनकर जाती युवती। - संवाद
- फोटो : SITAPUR
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सीतापुर। मौसम के रंग रोज बदल रहे हैं। शनिवार को हुई रिमझिम बरसात ने लोगों की दिनचर्या प्रभावित कर दी। करीब एक बजे तक रुक-रुक कर बरसात होती रही। बरसात होने की वजह से धूप नहीं निकली। इससे मौसम में ठिठुरन बनी रही। शाम के समय कोहरा पड़ने से बाजारों में सन्नाटा पसर गया। दिन में न्यूनतम तापमान 12 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया।
पिछले तीन दिनों से मौसम के मिजाज बदल रहा है। शनिवार की शुरुआत घने कोहरे से हुई। लेकिन कोहरा करीब नौ बजे छट गया। उसके बाद बूंदाबांदी का सिलसिला शुरू हुआ। कुछ देर बाद बरसात तेज हो गई। कई बार बूंदाबांदी हल्की हुई तो कई तेज हुई। रिमझिम बरसात करीब एक बजे तक होती रही। सुबह के समय बरसात होने से लोगों की दिनचर्या प्रभावित हुई। बरसात की वजह से दिन में धूप नहीं निकली। इससे दिनभर ठिठुरन बनी रही। लोग दिन में भी अलाव तापते हुए दिखाई दिए।
मौसम विशेषज्ञों ने बताया कि दिन में अधिकतम तापमान 17 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया है। जबकि न्यूनतम तापमान 12 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया है। विशेषज्ञों ने बताया कि कुछ दिनों तक मौसम ऐसा ही रहेगा।
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गेहूं को फायदा, सरसों को नुकसान
बरसात की वजह से एक तो ठिठुरन बढ़ गई। वहीं कुछ फसलों के लिए बरसात फायदेमंद रही तो कुछ के लिए नुकसानदेह साबित हुई है। कृषि विशेषज्ञों ने बताया कि गेहूं फसल के लिए बरसात फायदेमंद है। कोहरा पड़ रहा है। इसलिए कोहरे से फायदा हो रहा है। सरसों की फसल पक कर तैयार हो रही है। बरसात की वजह से फूल गिरने की आशंका बन गई है। इससे बरसात सरसों फसल के लिए नुकसानदेह साबित हुई है।
बरसात से बढ़ी फिसलन
शनिवार को बरसात होने से फिसलन बढ़ गई। शहर के कई मोहल्लों में संपर्क मार्गों पर कीचड़ होने से लोगों को आवागमन में काफी दिक्कतें आईं। शहर के विकास नगर कॉलोनी को जाने वाले मार्ग पर कीचड़ उत्पन्न हो गया। यह मार्ग पहले से ही काफी खराब था। वहीं कीचड़ होने की वजह से लोग बहुत ही संभलकर आवागमन करते हुए दिखाई दिए। इसी तरह शहर के कई मोहल्लों में कीचड़ की वजह से लोग परेशान दिखाई दिए।
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पिछले तीन दिनों से मौसम के मिजाज बदल रहा है। शनिवार की शुरुआत घने कोहरे से हुई। लेकिन कोहरा करीब नौ बजे छट गया। उसके बाद बूंदाबांदी का सिलसिला शुरू हुआ। कुछ देर बाद बरसात तेज हो गई। कई बार बूंदाबांदी हल्की हुई तो कई तेज हुई। रिमझिम बरसात करीब एक बजे तक होती रही। सुबह के समय बरसात होने से लोगों की दिनचर्या प्रभावित हुई। बरसात की वजह से दिन में धूप नहीं निकली। इससे दिनभर ठिठुरन बनी रही। लोग दिन में भी अलाव तापते हुए दिखाई दिए।
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मौसम विशेषज्ञों ने बताया कि दिन में अधिकतम तापमान 17 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया है। जबकि न्यूनतम तापमान 12 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया है। विशेषज्ञों ने बताया कि कुछ दिनों तक मौसम ऐसा ही रहेगा।
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गेहूं को फायदा, सरसों को नुकसान
बरसात की वजह से एक तो ठिठुरन बढ़ गई। वहीं कुछ फसलों के लिए बरसात फायदेमंद रही तो कुछ के लिए नुकसानदेह साबित हुई है। कृषि विशेषज्ञों ने बताया कि गेहूं फसल के लिए बरसात फायदेमंद है। कोहरा पड़ रहा है। इसलिए कोहरे से फायदा हो रहा है। सरसों की फसल पक कर तैयार हो रही है। बरसात की वजह से फूल गिरने की आशंका बन गई है। इससे बरसात सरसों फसल के लिए नुकसानदेह साबित हुई है।
बरसात से बढ़ी फिसलन
शनिवार को बरसात होने से फिसलन बढ़ गई। शहर के कई मोहल्लों में संपर्क मार्गों पर कीचड़ होने से लोगों को आवागमन में काफी दिक्कतें आईं। शहर के विकास नगर कॉलोनी को जाने वाले मार्ग पर कीचड़ उत्पन्न हो गया। यह मार्ग पहले से ही काफी खराब था। वहीं कीचड़ होने की वजह से लोग बहुत ही संभलकर आवागमन करते हुए दिखाई दिए। इसी तरह शहर के कई मोहल्लों में कीचड़ की वजह से लोग परेशान दिखाई दिए।