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Sitapur News: जंगली जानवर ने गाय को बनाया निवाला
Sun, 27 Jul 2025 12:13 AM IST
लखनऊ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, सीतापुर
संवाद न्यूज एजेंसी, सीतापुर
Updated Sun, 27 Jul 2025 12:13 AM IST
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झरेखापुर (सीतापुर)। सीतापुर वन रेंज के सिहानीपारा में एक जंगली जानवर ने गाय पर हमला कर उसे अपना निवाला बना लिया। गाय को मारकर जंगली जानवर करीब 200 मीटर दूर गन्ने के खेत तक खींच ले गया। सुबह घर के बाहर बंधी गाय न देख ग्रामीणों ने उसकी तलाश शुरू की। इस दौरान गन्ने के खेत में गाय का क्षत-विक्षत शव मिलने से दहशत फैल गई। ।
ग्रामीणों के मुताबिक गाय के शव का आधा हिस्सा हमलावर जानवर खा गया। दावा किया कि यह हमलावर जानवर बाघ अथवा तेंदुआ हो सकता है। वन विभाग की टीम ने शनिवार को कॉम्बिग की और ग्रामीणों को सतर्क रहने की सलाह दी है। डिप्टी रेंजर के मुताबिक मौके पर मिले पग चिन्ह स्पष्ट नहीं हैं। इसलिए यह पुष्टि नहीं हो पा रही है कि हमला किस जानवर ने किया है।
सिहानीपारा निवासी रामसेवक अर्कवंशी गांव के बाहर पड़े छप्पर में अपने मवेशियों के साथ रहता है। गत शुक्रवार की सुबह उसकी एक गाय खूंटे से गायब थी। यह देख उसने काफी खोजबीन की, लेकिन गाय का कुछ पता नहीं चला। शाम को फिर तलाश करने पर पड़ोस के गन्ने के खेत में गाय का क्षत-विक्षत शव मिला। ग्रामीणों का कहना है कि गाय पर हमला कर गला काटकर मारने और फिर 200 मीटर तक खींच ले जाने का काम बाघ या तेंदुआ ही कर सकता है। कोई छोटा जंगली जानवर ऐसा नहीं कर सकता है।
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घटना के बाद से ग्रामीण दहशत में हैं। वन विभाग की टीम ने शनिवार सुबह मौके पर पहुंचकर पूरे इलाके में तलाशी अभियान शुरू किया। इस दौरान खेत में कुछ पग चिन्ह भी मिले, लेकिन बारिश होने के कारण यह पूरी तरह स्पष्ट नहीं थे। डिप्टी रेंजर मुशीर अहमद ने बताया कि गाय का शव पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया है। साथ ही ग्रामीणों को सतर्कता बरतने की सलाह भी दी गई है।
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ग्रामीणों के मुताबिक गाय के शव का आधा हिस्सा हमलावर जानवर खा गया। दावा किया कि यह हमलावर जानवर बाघ अथवा तेंदुआ हो सकता है। वन विभाग की टीम ने शनिवार को कॉम्बिग की और ग्रामीणों को सतर्क रहने की सलाह दी है। डिप्टी रेंजर के मुताबिक मौके पर मिले पग चिन्ह स्पष्ट नहीं हैं। इसलिए यह पुष्टि नहीं हो पा रही है कि हमला किस जानवर ने किया है।
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सिहानीपारा निवासी रामसेवक अर्कवंशी गांव के बाहर पड़े छप्पर में अपने मवेशियों के साथ रहता है। गत शुक्रवार की सुबह उसकी एक गाय खूंटे से गायब थी। यह देख उसने काफी खोजबीन की, लेकिन गाय का कुछ पता नहीं चला। शाम को फिर तलाश करने पर पड़ोस के गन्ने के खेत में गाय का क्षत-विक्षत शव मिला। ग्रामीणों का कहना है कि गाय पर हमला कर गला काटकर मारने और फिर 200 मीटर तक खींच ले जाने का काम बाघ या तेंदुआ ही कर सकता है। कोई छोटा जंगली जानवर ऐसा नहीं कर सकता है।
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घटना के बाद से ग्रामीण दहशत में हैं। वन विभाग की टीम ने शनिवार सुबह मौके पर पहुंचकर पूरे इलाके में तलाशी अभियान शुरू किया। इस दौरान खेत में कुछ पग चिन्ह भी मिले, लेकिन बारिश होने के कारण यह पूरी तरह स्पष्ट नहीं थे। डिप्टी रेंजर मुशीर अहमद ने बताया कि गाय का शव पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया है। साथ ही ग्रामीणों को सतर्कता बरतने की सलाह भी दी गई है।