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Siddharthnagar News: शब्बेदारी में शोगवारों ने किया नौहा मातम
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शब्बेदारी में शोगवारों ने किया नौहा मातम
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-डुमरियागंज क्षेत्र के हल्लौर कस्बे के नवबहार गंज मोहल्ले में आयोजित हुआ शब्बेदारी का कार्यक्रम
संवाद न्यूज़ एजेंसी
सिद्धार्थनगर। डुमरियागंज तहसील क्षेत्र के कस्बा हल्लौर के नवबहारगंज मोहल्ले में बृहस्पतिवार की रात नफीस हल्लौरी और उनके ब्रदर्स द्वारा शब्बेदारी का कार्यक्रम आयोजित किया गया, जिसमें मर्सिया मजलिस आयोजित हुई और अंजुमनों के मातमी दस्ते ने सारी रात नौहा मातम करके कर्बला के शहीदों को याद किया। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में लोग शामिल हुए।
मजलिस को जाकिर जमाल हैदर रिजवी ने कहा कि हजरत इमाम हुसैन की शहादत के बाद उनके हक सच्चाई, इंसाफ और मानवता के पैगाम और उद्देश्य को दुनिया तक उनकी बहन जैनब ने न सिर्फ पहुंचाया, बल्कि उनके परिजनों और कुनबे की पूरी देखभाल और जिम्मेदारियां को निभाया।
जमाल हैदर ने कहा कि इस्लाम पर इमाम हुसैन की बहन जैनब का बड़ा एहसान है। मजलिस के बाद नौहा मातम शुरू हुआ। सबसे पहले मेजबान अंजुमन की तरफ से बिहार के सिवान से आए मशहूर नौहाखा अली वजीर औन ने कई दर्द भरे नौहे पढ़ें। जिस पर मातम किया गया। इसके बाद कार्यक्रम में अंजुमन फरोग मातम और अंजुमन गुलदस्ता मातम के मातमी दस्ते ने नौहा मातम किया।
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इस दौरान अजीम हल्लौरी, ताकीब रिजवी, जमाल हैदर, नफीस हल्लौरी, जलाल हैदर, बेताब हल्लौरी, हसन जमाल, फरहान कदर आदि मौजूद रहे। संवाद
संवाद न्यूज़ एजेंसी
सिद्धार्थनगर। डुमरियागंज तहसील क्षेत्र के कस्बा हल्लौर के नवबहारगंज मोहल्ले में बृहस्पतिवार की रात नफीस हल्लौरी और उनके ब्रदर्स द्वारा शब्बेदारी का कार्यक्रम आयोजित किया गया, जिसमें मर्सिया मजलिस आयोजित हुई और अंजुमनों के मातमी दस्ते ने सारी रात नौहा मातम करके कर्बला के शहीदों को याद किया। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में लोग शामिल हुए।
मजलिस को जाकिर जमाल हैदर रिजवी ने कहा कि हजरत इमाम हुसैन की शहादत के बाद उनके हक सच्चाई, इंसाफ और मानवता के पैगाम और उद्देश्य को दुनिया तक उनकी बहन जैनब ने न सिर्फ पहुंचाया, बल्कि उनके परिजनों और कुनबे की पूरी देखभाल और जिम्मेदारियां को निभाया।
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जमाल हैदर ने कहा कि इस्लाम पर इमाम हुसैन की बहन जैनब का बड़ा एहसान है। मजलिस के बाद नौहा मातम शुरू हुआ। सबसे पहले मेजबान अंजुमन की तरफ से बिहार के सिवान से आए मशहूर नौहाखा अली वजीर औन ने कई दर्द भरे नौहे पढ़ें। जिस पर मातम किया गया। इसके बाद कार्यक्रम में अंजुमन फरोग मातम और अंजुमन गुलदस्ता मातम के मातमी दस्ते ने नौहा मातम किया।
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इस दौरान अजीम हल्लौरी, ताकीब रिजवी, जमाल हैदर, नफीस हल्लौरी, जलाल हैदर, बेताब हल्लौरी, हसन जमाल, फरहान कदर आदि मौजूद रहे। संवाद