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चौकीदारों का कलेक्ट्रेट पर धरना
अमर उजाला ब्यूरो/सिद्धार्थनगर
Updated Wed, 30 Dec 2015 11:47 PM IST
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ग्रामीण चौकीदार संघ ने मंगलवार को अपनी मांगों के समर्थन में कलक्ट्रेट परिसर में धरना दिया। चौकीदारों ने मुख्यमंत्री को संबोधित ज्ञापन जिलाधिकारी डॉ. सुरेंद्र कुमार को सौंपकर लंबित समस्याओं को दूर करने की मांग उठाई है।
जिलाध्यक्ष हरीराम यादव ने कहा कि आजादी के इतने वर्षों बाद भी चौकीदारों की दशा दयनीय है। देश के अधिकतर राज्यों में चौकीदारों की स्थाई नियुक्ति कर दी गई है लेकिन उत्तर प्रदेश में निर्धारित न्यूनतम मजदूरी से भी कम मजदूरी चौकीदारों को मिलती है।
इसके चलते परिवारों के पालन पोषण व जीवन-यापन का संकट बना हुआ है। लगातार धरना-प्रदर्शन व आंदोलन के बाद भी चौकीदारों की जायज मांगों को शासन नजरंदाज कर रही है। उन्होंने कहा कि चौकीदारों को चतुर्थ श्रेणी राज्य कर्मचारी घोषित करते हुए अविलंब इस आशय का शासनादेश जारी किया जाए।
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चौकीदारों का नाम बदलकर क्राइम कंट्रोलर या ग्रामीण पुलिस किया जाए। सभी चौकीदारों को लोहिया आवास दिलाने के साथ-साथ साल में दो बार जिला मुख्यालय पर प्रशिक्षण दिलाया जाए। इसके अलावा उन्हें पुलिस के जवानों की तरह शस्त्र, वर्दी व ऊनी वस्त्र दिया जाए। इस दौरान रामानंद मौर्या, मुनीराम, पिंगल, मुराली, महेश मिश्रा, हरीराम यादव आदि मौजूद रहे।
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जिलाध्यक्ष हरीराम यादव ने कहा कि आजादी के इतने वर्षों बाद भी चौकीदारों की दशा दयनीय है। देश के अधिकतर राज्यों में चौकीदारों की स्थाई नियुक्ति कर दी गई है लेकिन उत्तर प्रदेश में निर्धारित न्यूनतम मजदूरी से भी कम मजदूरी चौकीदारों को मिलती है।
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इसके चलते परिवारों के पालन पोषण व जीवन-यापन का संकट बना हुआ है। लगातार धरना-प्रदर्शन व आंदोलन के बाद भी चौकीदारों की जायज मांगों को शासन नजरंदाज कर रही है। उन्होंने कहा कि चौकीदारों को चतुर्थ श्रेणी राज्य कर्मचारी घोषित करते हुए अविलंब इस आशय का शासनादेश जारी किया जाए।
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चौकीदारों का नाम बदलकर क्राइम कंट्रोलर या ग्रामीण पुलिस किया जाए। सभी चौकीदारों को लोहिया आवास दिलाने के साथ-साथ साल में दो बार जिला मुख्यालय पर प्रशिक्षण दिलाया जाए। इसके अलावा उन्हें पुलिस के जवानों की तरह शस्त्र, वर्दी व ऊनी वस्त्र दिया जाए। इस दौरान रामानंद मौर्या, मुनीराम, पिंगल, मुराली, महेश मिश्रा, हरीराम यादव आदि मौजूद रहे।